महिला आयोग के पहल पर समाज की मुख्य धारा शामिल हुआ बहिष्कृत परिवार…
रायपुर (छत्तीसगढ़ दर्पण)। विगत 13 जून को महिला आयोग की अध्यक्ष डॉ किरणमयी नायक ने दुर्ग जिले के महिलाओं द्वारा प्रस्तुत आवेदनों की सुनवाई की थी।सुनवाई के दौरान प्रस्तुत एक प्रकरण में आवेदिका ने आवेदन प्रस्तुत किया था की उन्होंने अंतर्जातीय विवाह किया है।इसके कारण उन्हें और उनके परिवार को समाज से बहिष्कृत कर दिया गया था। समाज द्वारा उनसे समय समय पर राशि भी ली गई है। प्रकरण की सुनवाई के बाद अध्यक्ष डॉ नायक ने प्रकरण के निराकरण के लिए समिति बनाने के निर्देश दिए। आवेदिका के गाँव में आयोग द्वारा नियुक्त समिति के प्रभारीगणो के द्वारा आवेदिका की समस्या का अंतिम समाधान किया गया। महिला आयोग द्वारा समाज में मिलाने आवेदिका एवं उनके परिवार वालों को आयोग की सुनवाई में दुर्ग जिले के ग्राम बोड़ेगाव में प्रक्रिया को पूर्ण करने हेतु प्रभारीगणो की उपस्तिथि में बैठक संपूर्ण हुआ। जिसमें आयोग द्वारा नंदिनी थाना के कॉन्स्टेबल की भी उपस्थिति रही। महिला एवं उनके परिवार को समाज के मुख्य धारा में सम्मिलित किया गया।आवेदिका की संतुष्टि पर आज इस प्रकरण को नस्तीबद्ध किया गया।


