कर्नाटक में लिंगायत संत की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत
नई दिल्ली (छत्तीसगढ़ दर्पण)। कर्नाटक के रामनगर में लिंगायत संत की मौत का एक मामला सामने आया है। पुलिस ने घटना की जानकारी दी है। पुलिस ने बताया कि कंचुगल बंदेमठ के एक लिंगायत संत अपने मठ में मृत पाए गए हैं। संत की मौत की किस वजह से हुई इसका पता अभी नहीं चल सका है। हालांकि, पुलिस का कहना है कि संत को ब्लैकमेल किया जा रहा था। फिलहाल मामले की जांच की जा रही है।
कुदुर पुलिस ने जानकारी देते हुए संत का शव 24 अक्टूबर को मठ के पूजाघर में मिला है। पुलिस ने अप्राकृतिक मौत का केस दर्ज कर लिया है। मृतक संत का नाम बसवलिंगेश्वर स्वामी था और वह कंचुगल मठ के प्रमुख संत थे। पुलिस स्वामी के पुराने रिकार्ड खंगाल रही है। पुलिस को संत का शव पंखे पर लगे फंदे से लटका मिला है।
जानकारी के मुताबिरक, बसवलिंगेश्वर स्वामी बीते 25 सालों से कंचुगल मठ के मठाधीश थे। उन्होंने 1997 में इसकी जिम्मेदारी संभाली थी। बताया जा रहा है कि सोमवार को काफी देर तक बसवलिंगेश्वर ने अपने कमरे का दरवाजा नहीं खोला। वह फोन का जवाब भी नहीं दे रहे थे। इसके बाद कमरे का दरवाजा तोड़ा गया। कमरे के अंदर का नजारा देखकर हर कोई हैरान था। संत का शव पंखे में लगे फंदे से लटक रहा था। मामले की जानकारी फौरन पुलिस को दी गई। फिलहाल पुलिस मामले की तफ्तीश में जुट गई है।

