उपराष्ट्रपति ने स्वर्ण मंदिर को महान गुरुओं की अद्भुत आध्यात्मिक परंपरा का चमकता हुआ प्रतीक बताया
नई दिल्ली (छत्तीसगढ़ दर्पण)। उपराष्ट्रपति जगदीप धनखड़ पंजाब राज्य के अपने पहले दौरे पर एक दिन के लिए पहुंचे। यहां उन्होंने स्वर्ण मंदिर में शांति, भक्ति और सेवा की भावना को एक अविस्मरणीय अनुभव बताया। विजिटर्स बुक में अपनी टिप्पणी लिखते करते हुए, उन्होंने गुरुओं को समृद्ध श्रद्धांजलि अर्पित की और लिखा कि श्री हरमंदिर साहिब युगों से प्रेम, मानवता, करुणा और भाईचारे का संदेश देते रहे हैं।
अपनी यात्रा के दौरान, उपराष्ट्रपति ने स्वर्ण मंदिर में लंगर ग्रहण किया और अपने परिवार के सदस्यों के साथ सेवा में भी भाग लिया। इसके बाद उन्होंने जलियांवाला बाग का दौरा किया और शहीदों को पुष्पांजलि अर्पित की। इसे राष्ट्रीय महत्व का स्मारक बताते हुए उन्होंने कहा कि यह शहीदों के बलिदान की याद दिलाता है जिनके हम सदा ऋणी हैं।
श्री धनखड़ ने यह भी कहा कि शहीदों को सबसे अच्छी श्रद्धांजलि एक समृद्ध, समावेशी और आत्मनिर्भर भारत का निर्माण करना है जिसकी उन्होंने कल्पना की थी। उपराष्ट्रपति और उनके परिवार ने श्री दुर्गियाना मंदिर और श्री राम तीरथ में दर्शन कर पूजा-अर्चना की।

