हिंदुस्तान

मनीलॉन्ड्रिंग मामले को सत्येंद्र जैन ने दूसरी अदालत में ट्रांसफर करने की मांग की

नई दिल्ली (छत्तीसगढ़ दर्पण)। आदमी पार्टी के नेता सत्येंद्र जैन ने कथित भ्रष्टाचार और धनशोधन के मामले में सीबीआई और ईडी द्वारा उनके खिलाफ दर्ज किए गए दो मामलों को दूसरे न्यायाधीश को स्थानांतरित करने की मांग को लेकर दिल्ली की एक अदालत का दरवाजा खटखटाया है। जैन ने मंगलवार को दोनों मामलों की सुनवाई कर रहे विशेष न्यायाधीश विकास ढुल को बताया कि उन्होंने प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश के समक्ष मामलों के स्थानांतरण के लिए आवेदन दायर किया है। 

प्रधान जिला न्यायाधीश ने केंद्रीय अन्वेषण ब्यूरो (सीबीआई) द्वारा दर्ज किए गए भ्रष्टाचार के मामले में चार मई तक कार्यवाही पर रोक लगा दी थी। अब प्रधान न्यायाधीश उसी दिन जैन के आवेदन पर दलीलें सुनेंगे। जबकि वह 13 अप्रैल को प्रवर्तन निदेशालय द्वारा दर्ज धनशोधन मामले में इसी तरह की याचिका पर सुनवाई कर सकते हैं। प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश की अदालत में सुनवाई से पहले सत्येंद्र जैन विशेष न्यायाधीश ढुल से 'उक्त स्थानांतरण आवेदनों पर निर्णय होने तक सुनवाई स्थगित करने का अनुरोध किया है। अदालत के सवाल पर ईडी के विशेष लोक अभियोजक ने धनशोधन मामले में आवेदन की अग्रिम प्रति प्राप्त होने की पुष्टि की है. इसके बाद अदालत ने कार्यवाही स्थगित कर दी। अरविंद केजरीवाल सरकार में मंत्री रहे आप नेता सत्येंद्र जैन ने अक्टूबर 2022 में सुप्रीम कोर्ट में एक याचिका दायर की थी. छह माह पूर्व जैन ने दिल्ली हाईकोर्ट में याचिका दायर कर निचली अदालत के उस फैसले को चुनौती दी थी, जिसके तहत मनी लॉन्ड्रिंग का केस दूसरी अदालत में स्थानांतरित किया जा रहा था।सुप्रीम कोर्ट में उन्होंने याचिका इसलिए लगाई थी कि दिल्ली हाईकोर्ट ने निचली अदालत के खिलाफ दायर उनकी याचिका को खारिज कर दिया था।  उनकी याचिका पर 11 अक्टूबर 2022 को सुप्रीम कोर्ट ने ईडी से जवाब तलब किया था। यहां पर इस बात का जिक्र करना जरूरी है कि सत्येंद्र जैन मनी लॉन्ड्रिंग मामले में ईडी की रडार पर हैं।  

 

 

Leave Your Comment

Click to reload image