पारंपरिक खेलों के आयोजन से भावी पीढ़ी को पारंपरिक खेलों को मिल रही जानकारी : बेनहूर रावतिया
बीजापुर (छत्तीसगढ़ दर्पण)। नगरपालिका बीजापुर क्षेत्र में छत्तीसगढिया ओलंपिक में खिलाडिय़ों को उत्साहवर्धन करते हुए नगरपालिका के अध्यक्ष बेनहूर रावतिया ने छत्तीसगढिय़ा ओलंपिक के आयोजन पर मुख्यमंत्री भूपेश बघेल को धन्यवाद ज्ञापित करते हुए कहा कि अपनी परंपरा व संस्कृति को जीवंत बनाए रखने के लिए मुख्यमंत्री भूपेश बघेल की ओर से अभिनव पहल की जा रही है। जिसमें लोगों में उत्साह का माहौल है। वहीं भावी पीढ़ी को हम अपने परंपरागत खेलो से अवगत करा सकेंगे। छत्तीसगढ़ की विभिन्न परंपरागत खेलो के आयोजन से लोगों में उत्साह का संचार हो रहा है। महिलाएं भी सभी खेलों में अपना दम-खम दिखा रही है।
छत्तीसगढ़ सरकार की ओर से आयोजित छत्तीसगढिय़ा ओलंपिक का आयोजन ग्रामीण व शहरी क्षेत्रों में देखा जा रहा है। जिसमें लोग बढ़-चढ़कर हिस्सा ले रहे हैं। आज कोकड़ापारा स्टैडियम में अध्यक्ष बेनहूर रावतिया ने खिलाडिय़ों का उत्साहवर्धन किया। 11 अक्टूबर तक राजीव युवा मितान क्लब स्तर पर आयोजित होगी। उसके बाद जोन स्तरीय आयोजन जिसमें 8 क्लब मिलाकर एक जोन होगा। जोन स्तरीय आयोजन के पश्चात विकासखंड, विकासखंड के बाद जिला स्तर, जिला स्तर के बाद संभाग व राज्य स्तरीय खेल का आयोजन होगा। जिसमें कुल 14 पारंपरिक खेलों का आयोजन किया जाएगा जिसमें एकल व दलीय खेल शामिल है। जिसमें गिल्ली डण्डा ,पिट्टूल, संखली, लंगड़ी दौड, कबड्डी, खो-खो, रस्साकसी, जाटी (कंचा ), बिल्लस फुगड़ी, गेड़ी दौड़, भंवरा, 100 मीटर दौड, लम्बी कूद, इस प्रतियोगिता में महिला व पुरूष दोनों वर्ग के प्रतिभागी शामिल होंगे जिसके लिए तीन आयु समूह निर्धारित की गई है, जिसमें सभी वर्ग के लोग अपनी सहभागिता दे रहे हैं। ग्रामीण क्षेत्रों में भी क्लब स्तर पर खेल का आयोजन हो रहा है। जिसमें चेरपाल, पदेड़ा, दुगोली में महिलाओं द्वारा उत्कृष्ट खेल का प्रदर्शन की जा रही है।

