छत्तीसगढ़ - Newsportal | Chhattisgarh Darpan Media Group

छत्तीसगढ़

मोदीजी के जीवन पर आधारित फिल्म देखने पहुंचे मुख्यमंत्री साय, प्रदेश अध्यक्ष देव सहित मंत्रीगण

मुख्यमंत्री विष्णु देव साय, भाजपा प्रदेश अध्यक्ष किरण देव, प्रदेश संगठन महामंत्री पवन साय, सहित प्रदेश सरकार के सभी मंत्री, भाजपा पदाधिकारी व कार्यकर्ता प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जी के जीवन पर आधारित ‘चलो जीते हैं‘सत्य का सिनेमा* डॉक्यूमेंट्री फिल्म एक मॉल में देखने पहुंचे। इस दौरान मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने पत्रकारों से चर्चा करते हुए कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जी के जीवन से जुड़ी इस फिल्म के प्रसंग हमें प्रेरणा देने वाले हैं। यह फिल्म सत्य का सिनेमा है जो हमें समाज से जोड़ता है। उन्होंने कहा कि इस फिल्म को ज्यादा से ज्यादा कार्यकर्ताओं और आमजनों को देखना चाहिए। यह फिल्म प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जी के व्यक्तित्व को और करीब से जानने का मौका देता है। 


मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने कहा कि इस फिल्म के माध्यम से हमें प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जी के जीवन यात्रा उनके संघर्ष और जीवंत घटनाओं को देखने का यह सुनहरा अवसर है। भाजपा के सभी कार्यकर्ता सहित आम जन इस फिल्म को अवश्य देखें क्योंकि फिल्म में वास्तविकता का झलक दिखाई गई है।
और भी

मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय ने श्रद्धेय शांताराम सर्राफ को अर्पित की श्रद्धांजलि

 मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय आज राजधानी रायपुर स्थित इंदिरा गांधी कृषि विश्वविद्यालय के सभागार में आयोजित शांता राम सर्राफ जी की श्रद्धांजलि सभा में सम्मिलित हुए। मुख्यमंत्री श्री साय ने शांता राम सर्राफ जी के छायाचित्र पर पुष्पांजलि अर्पित कर उन्हें श्रद्धांजलि दी। उन्होंने ईश्वर से प्रार्थना की कि दिवंगत आत्मा को अपने श्रीचरणों में स्थान दें तथा शोकाकुल परिजनों को दुःख को  सहन करने की शक्ति प्रदान करे।


इस अवसर पर विधानसभा अध्यक्ष डॉ. रमन सिंह, पूर्व राज्यपाल श्री रमेश बैस, उपमुख्यमंत्रीद्वय श्री अरुण साव एवं श्री विजय शर्मा, कैबिनेट मंत्री श्री केदार कश्यप, श्री लखनलाल देवांगन, श्री दयालदास बघेल, श्री श्याम बिहारी जायसवाल, श्री गजेन्द्र यादव, श्री टंकराम वर्मा, श्रीमती लक्ष्मी रजवाड़े सहित अन्य गणमान्यजन बड़ी संख्या में उपस्थित थे।
और भी

एनएचएम कर्मचारियों को धमकी सरकार की अलोकतांत्रिक चरित्र - दीपक बैज

एनएचएम कर्मचारियों को बर्खास्तगी की धमकी देना तथा नई भर्ती शुरू करने की घोषणा सरकार का अलोकतांत्रिक चरित्र है। प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष दीपक बैज ने कहा कि 2023 के विधानसभा चुनाव में भाजपा ने मोदी की गारंटी में एनएचएम कर्मचारियों से नियमितीकरण का वादा किया था, कर्मचारी उसी गारंटी को पूरा करने की मांग को लेकर हड़ताल में है तो सरकार उनको धमका रही है। अब तो डबल इंजन की सरकार है, केंद्र सरकार ने भी कह दिया है राज्य चाहे तो एनएचएम कर्मचारियों को नियमित कर सकती है, फिर सरकार अपना वादा नहीं निभा रही है।


प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष दीपक बैज ने कहा कि भाजपा एनएचएम कर्मचारियों से धोखा कर रही है। उनकी मांग जायज है, यह एनआरएचएम कर्मचारियों का हक है, सरकार तत्काल उसे पूरा करें और आंदोलन को समाप्त कराये। केंद्र की सरकार ने यह स्पष्ट किया है कि स्वास्थ्य राज्य सूची का विषय है, राज्य सरकार चाहे तो एनएचएम कर्मचारियों की मांग पर निर्णय ले सकती है, फिर स्वास्थ्य मंत्री का केंद्र को पत्र लिखने का बहाना करना एनएचएम कर्मचारियों के साथ धोखा है।  

प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष दीपक बैज ने कहा कि भाजपा ने विधानसभा चुनाव के दौरान मोदी की गांरटी के नाम पर एनआरएचएम कर्मचारियों से वादा किया था सरकार बनने के तत्काल बाद पूरा किया जायेगा। आज सरकार बने 21 महीना से अधिक समय हो गया है और मोदी की गारंटी अधूरी है अब एनआरएचएम के कर्मचारी जब भाजपा को उनकी वादा याद दिला रहे हैं अपनी मांगों को पूरा करने के लिए आंदोलन कर रहे हैं तो सरकार उन्हें नौकरी से बर्खास्त करने एवं वेतन काटने की तानाशाही फरमान जारी करें। डर भय पैदा करके आंदोलन को कुचलना चाहती है लेकिन एनआरएचएम के कर्मचारी डरेंगे नहीं कांग्रेस पार्टी उनके साथ खड़ी हुई है।

प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष दीपक बैज ने कहा कि भाजपा सरकार लोकतंत्र के विरोधी है लोकतंत्र के मिले अधिकारों के तहत एनआरएचएम के कर्मचारी अपनी मांगों को लेकर आंदोलन कर रहे भाजपा सरकार उनकी सुनने के बजाय तानाशाही रवैया अपना कर आंदोलन का दमन करना चाहती है लोकतंत्र की हत्या करना चाहती है, हिटलरशाही नीति अपना रही है, यह बर्दाश्त नहीं किया जायेगा तत्काल एनआरएचएम कर्मचारियों की मांगों को पूरा किया जाए।
और भी

पीएम सूर्यघर से सूरज देगा बिजली, बदलेगा जिंदगी का हर कोना

 देश को ऊर्जा आत्मनिर्भर बनाने और हर घर तक स्वच्छ, सस्ती एवं निरंतर बिजली पहुँचाने के उद्देश्य से प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी ने प्रधानमंत्री सूर्यघर मुफ्त बिजली योजना शुरू की गई है। यह महत्वाकांक्षी योजना न केवल नागरिकों को बिजली बिल से हमेशा के लिए राहत दिला रही है, बल्कि परिवारों को आत्मनिर्भर बनाते हुए पर्यावरण संरक्षण में भी क्रांतिकारी योगदान दे रही है। छत्तीसगढ़ में इस योजना का क्रियान्वयन मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय के मार्गदर्शन में अत्यंत प्रभावी और संवेदनशील ढंग से किया जा रहा है। मुख्यमंत्री के नेतृत्व में प्रदेश में सौर ऊर्जा को अपनाने की गति तेज हुई है। 


देश की “पावर कैपिटल” कहलाने वाले कोरबा जिले में प्रधानमंत्री सूर्यघर योजना का प्रभाव विशेष महत्व रखता है। यहाँ अनेक परिवार इस योजना का लाभ उठाकर हर महीने बचत कर रहे हैं और बिजली बिल आने जाने के झमेले से मुक्त हो रहे हैं। इन्हीं में से एक प्रेरक उदाहरण हैं नकटीखार, कोरबा निवासी रंजीत कुमार है, जिन्होंने अपने परिवार के जीवन में ऊर्जा क्रांति का मार्ग प्रशस्त किया है।

श्री रंजीत कुमार जो एसईसीएल, कुसमुंडा में डंपर ऑपरेटर के रूप में कार्यरत हैं, मेहनतकश व्यक्ति हैं।  हर महीने आने वाला बिजली बिल, परिवार की रोजमर्रा की जरूरतें और बच्चों की पढ़ाई के खर्चों के बीच बिजली बिल अक्सर उनके बजट को बिगाड़ देते थे। यही कारण था कि जब प्रधानमंत्री सूर्यघर योजना की जानकारी मिली तो उन्होंने तुरंत आवेदन कर इसका लाभ उठाने का निश्चय किया। दो माह पहले आवेदन करके उन्होंने अपने घर की छत पर सोलर पैनल सिस्टम लगवाया। जिसकी कुल लागत लगभग 2 लाख 10 हजार रुपए रही, 78 हजार रुपए केंद्र सरकार की सब्सिडी पहले ही मिल चुकी है। शेष राशि में उन्होंने सस्ती व आसान दर पर लोन लेकर तथा कुछ नकद भुगतान देकर किया। सिर्फ कुछ हफ्तों में ही यह निवेश उनके जीवन के लिए सबसे बड़ा वरदान साबित हुआ। पहले जहां उनके घर का बिजली बिल हर महीने एक हजारों रुपए तक पहुँच जाया करता था, वहीं अब सौर ऊर्जा से चल रहे घर का मासिक बिल मात्र 130 रुपए आ रहा है।

प्रधानमंत्री सूर्यघर योजना केवल परिवारों की आर्थिक स्थिति सुधारने तक सीमित नहीं है, बल्कि यह प्रकृति और पर्यावरण की भी बड़ी मित्र है। सौर ऊर्जा से न केवल कोयला और डीज़ल जैसे पारंपरिक ईंधनों पर निर्भरता कम होती है, बल्कि वायु प्रदूषण में भी भारी कमी आती है। कोरबा जैसे औद्योगिक जिले में, जहाँ कोयला आधारित बिजली उत्पादन बड़े पैमाने पर होता है, वहां सौर ऊर्जा का बढ़ता उपयोग पर्यावरण संरक्षण में ऐतिहासिक योगदान है। परिवारों को बिजली बिल से मुक्तिमिल रही है, घरों में रोशनी और उपकरणों का संचालन संभव हो रहा है, लोग ऊर्जा आत्मनिर्भरता की ओर बढ़ रहे हैं।

श्री कुमार और उनके परिवार ने बताया “अब हमें बिजली बिल की चिंता नहीं रहती। सौर पैनल ने हमारी जिंदगी आसान बना दी है। बच्चों की पढ़ाई बाधित नहीं होती और घर के उपकरण भी बिना रुकावट चलते हैं। 
आज उनका घर न केवल रोशन है बल्कि ऊर्जा बचत और पर्यावरण संरक्षण की दिशा में एक आदर्श भी बन गया है। प्रधानमंत्री सूर्यघर योजना के सशक्त क्रियान्वयन से आमजन का जीवन बदल रहा है। यह योजना उन हजारों परिवारों के लिए प्रेरणा है, जो अब तक बिजली का स्थाई उपाय ढूंढ रहें थे। पीएम सूर्यघर योजना ने उन्हें आत्मनिर्भरता, आर्थिक मजबूती और स्वच्छ ऊर्जा की राह दिखाई है।
और भी

करोड़ों रूपए की जीएसटी चोरी का खुलासा: 170 से अधिक बोगस फर्म बनाकर की जीएसटी चोरी

राज्य जीएसटी विभाग ने जीएसटी एनालिटिक्स और इंटेलिजेंस नेटवर्क तथा जीएसटी प्राईम पोर्टल का उपयोग करके बोगस फर्म और बोगस बिल तैयार करने वाले सिंडिकेट का पता लगाया है। इसका मास्टर माइंड मो. फरहान सोरठिया है, जो जीएसटी के कर सलाहकार के रूप में कार्य करता था। इस सिंडिकेट के कारण राज्य को प्रतिमाह करोड़ों रूपये के कर राजस्व का नुकसान होता था।

राज्य जीएसटी की बी.आई.यू. टीम इस प्रकरण पर एक माह से कार्य कर रही थी। मास्टर माइंड मो. फरहान सोरठिया के ऑफिस में 12 सितंबर को जांच की गयी। जांच के दौरान यहां से 172 फर्मों के बारे में जानकारियां मिली। फरहान ने अपने 5 ऑफिस स्टॉफ को फर्मों का पंजीयन कराने, रिटर्न फाईल करने और ई-वे बिल तैयार करने के लिये रखा था। इसके अलावा मास्टर माइंड के आफिस से बोगस पंजीयन के लिये किरायानामा, सहमति पत्र, एफिडेविट तैयार करने के भी साक्ष्य मिले हैं।
26 बोगस फर्मों से ही 822 करोड़ का ई-वे बिल जनरेट किया गया, जबकि रिटर्न में 106 करोड रूपये का ही टर्नओव्हर दिखाया गया है। केवल इन फर्मों से ही राज्य को 100 करोड़ रूपये के जीएसटी का नुकसान होने का प्रारंभिक आंकलन है। यहां से प्राप्त दस्तावेजों के अनुसार राज्य के भीतर और पंजाब, असम, मणिपुर, ओडिसा में भी पंजीयन लिया गया है। पंजीयन के लिए बोगस दस्तावेज जैसे किरायानामा एवं सहमति पत्र भी तैयार किये जाते थे। इन फर्मों के माध्यम से बोगस सप्लाई बिल और ई-वे बिल जारी किए जा रहे थे।
मो. फरहान के बोगस फर्मों से संबंधित दस्तावेज छुपाये जाने की सूचना पर विभाग ने 17 सितंबर को फरहान के चाचा मो. अब्दुल लतीफ सोरठिया के आवास में सर्च (जांच) किया गया। वहां अधिकारियों को 1 करोड़ 64 लाख रूपये के नोट और 400 ग्राम सोने के 4 बिस्किट मिले। विभाग के अधिकारियों ने इसे जब्त कर के आयकर विभाग को सूचना दे दी है।
जीएसटी अधिकारियों द्वारा इन फर्मों से करोड़ों रूपए के जीएसटी फ्रॉड की राशि की गणना की जा रही है। इस प्रकरण में कई ब्रोकर, स्क्रैप डीलर और इनपुट टैक्स क्रेडिट के लाभ लेने वाली कम्पनियाँ भी विभाग के जांच के दायरे में है। राज्य कर विभाग द्वारा मामले की गहन जांच की जा रही है और आगे की विधिक कार्यवाही प्रगति पर है।
और भी

राजिम – रायपुर के बीच नई मेमू ट्रेन सेवा का शुभारंभ मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय जी द्वारा हरी झंडी दिखाकर रवाना किया गया ।

 भारतीय रेल छत्तीसगढ़ में रेल सेवाओं और अवसंरचना के उन्नयन के लिए प्रतिबद्ध है । वर्तमान में छत्तीसगढ़ राज्य में रेलवे की यात्री सुविधाएं प्रगति पर हैं । आपको यह जानकर हर्ष होगा कि छत्तीसगढ़ के लिए बेहतर रेल कनेक्टिविटी हेतु, माननीय श्री विष्णु देव साय जी, मुख्यमंत्री  –छत्तीसगढ़ शासन द्वारा आज दिनांक 18 सितंबर 2025 को राजिम – रायपुर नई मेमू ट्रेन  रेल सेवा का हरी झंडी दिखाकर शुभारंभ किया गया । राज्य में रेल परिवहन को और मजबूत करेंगी, जिससे यात्री एवं माल परिवहन के बढ़ने से रेल राजस्व में बढ़ोतरी होगी। यह गाड़ियां चलने से 03 ट्रेनों की सुविधा राजिम से रायपुर के बीच उपलब्ध रहेगी। राजिम से रायपुर के बीच किराया मात्र 15 रुपए होगा।


             इस अवसर पर राजिम रेलवे स्टेशन पर माननीय मंत्री - वन एवं जलवायु परिवर्तन, परिवहन, सहकारिता, संसदीय कार्य श्री केदार कश्यप जी, माननीय मंत्री – खाद्य, नागरिक आपूर्ति एवं उपभोक्ता संरक्षण श्री दयाल दास बघेल जी, माननीय सांसद - रायपुर श्री बृजमोहन अग्रवाल जी, माननीया सांसद - महासमुंद श्रीमती रूप कुमारी चौधरी जी, माननीय विधायक - राजिम श्री रोहित साहू जी, माननीय विधायक - अभनपुर श्री इंद्र कुमार साहू जी, माननीय अध्यक्ष - जिला पंचायत रायपुर श्री नवीन कुमार अग्रवाल जी, माननीय अध्यक्ष - जिला पंचायत गरियाबंद श्री गौरी शंकर कश्यप जी, माननीया अध्यक्षा - नगर पालिका गोबरा नवापारा श्रीमती ओम कुमारी संजय साहू जी, माननीय अध्यक्ष - नगर पंचायत राजिम श्री महेश यादव जी,सहित अन्य सांसद व विधायक जनप्रतिनिधिगण, दक्षिण पूर्व मध्य रेलवे  महाप्रबंधक श्री तरुण प्रकाश जी, मंडल रेल प्रबंधक रायपुर श्री दयानंद जी,  वरिष्ठ मंडल वाणिज्य प्रबंधक श्री अवधेश कुमार त्रिवेदी जी  सहित रेलवे अन्य  अधिकारीगण एवं कर्मचारीगण उपस्थित रहे ।

            राजिम रेलवे स्टेशन पर इस मेमू ट्रेन के शुभारंभ के अवसर पर छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय जी ने प्रदेशवासियों को बधाई देते हुए कहा कि इस सेवा से प्रदेशवासियों को अभनपुर मार्ग से होते हुवे राजधानी रायपुर रेल मार्ग से  आने- जाने में आसानी एवं समय बचत होगी । इस नई मेमू ट्रेन सेवा के लिए उन्होंने प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी जी और केंद्रीय रेल मंत्री श्री अश्विनी वैष्णव जी का छत्तीसगढ़ के निवासियों की ओर से आभार प्रगट किया । उन्होंने छत्तीसगढ़ में चल रही रेल परियोजनाओं तथा अमृत भारत स्टेशन योजना का भी उल्लेख किया तथा उन्होंने  कहा कि राजिम से रायपुर तक की यात्रा और सुगम हो जाएगी, जिससे व्यापार, शिक्षा, पर्यटन और स्थानीय रोजगार को बढ़ावा मिलेगा एवं रायपुर से राजिम के पवित्र स्थलों तक आसान पहुँच होगी ।

           राजिम - रायपुर के मध्य मेमू ट्रेन सेवा की शुरुआत से स्थानीय निवासियों को लाभ मीलेगा । यह नई राजिम-रायपुर मेमू ट्रेन, जो 2025 में अभनपुर-राजिम विस्तार के हिस्से के रूप में शुरू की गई है । रायपुर-राजिम क्षेत्र के लगभग 25 लाख लोगों को बेहतर रेल कनेक्टिविटी प्रदान करके सीधे लाभ पहुँचायेगी । दैनिक यात्रियों के लिए यह तेज और किफायती यात्रा प्रदान करती है, जिससे भीड़भाड़ वाली बसों पर निर्भरता कम होगी और प्रति यात्रा 30-45 मिनट की बचत भी होगी, जो कार्य या परिवार के लिए अधिक समय बचत में बदल जाती है । इस रेल सेवा से तीर्थयात्रियों और पर्यटकों को सबसे अधिक लाभ मिलेगा: रायपुर से राजिम के पवित्र स्थलों तक आसान पहुँच से सहूलियत होगी, खासकर कुंभ मेला जैसे त्योहारों के दौरान, जब भीड़ बढ़ जाती है। पर्यावरणीय दृष्टि से, सड़क से रेल परिवहन में बदलाव ईंधन खपत और प्रदूषण को कम करता है, जो छत्तीसगढ़ के हरित पहलों का समर्थन करता है । समग्र रूप से, यह राजमार्गों पर भीड़ कम करेगा, सुरक्षा बढ़ेगी (कम दुर्घटनाएँ), और ग्रामीण आध्यात्मिक केंद्रों को शहरी क्षेत्रों से जोड़कर क्षेत्रीय विकास को प्रोत्साहित करेगा ।

समय सारिणी - 

           गाड़ी संख्या 06767 राजिम - रायपुर मेमू पैसेंजर स्पेशल ट्रेन रेल सेवा का हरी झंडी दिखाकर शुभारंभ किया गया । इस गाड़ी में 08 कोच रहेगें । गाड़ी संख्या 06767 राजिम - रायपुर मेमू पैसेंजर स्पेशल ट्रेन का परिचालन एक फेरे के साथ किया गया । राजिम- रायपुर-राजिम मेमू पैसेंजर का नियमित परिचालन दिनांक 19 सितम्बर 2025 से किया जायेगा जिसका गाड़ी संख्या एवं समय सारणी इस प्रकार है – 

 गाड़ी संख्या 68766/68767  रायपुर – राजिम- रायपुर  मेमू पैसेंजर समय सारणी

                 गाड़ी संख्या 68766 रायपुर - राजिम  मेमू पैसेंजर  रायपुर स्टेशन से सुबह 4.45 मिनट को रवाना हो कर, 05:03- 05:05 बजे मंदिर हसौद, 05:15 - 05:16 बजे सी.बी.डी (पीएच) , 05:30 - 05:32 बजे केंद्री , 05:43 - 05:45  बजे अभनपुर , 05:56 - 05:57  बजे मानिक चौरी हॉल्ट, 06.20 बजे राजिम पहुचेगी । इसी तरह गाड़ी संख्या 68767 राजिम - रायपुर मेमू पैसेंजर राजिम रेलवे स्टेशन से सुबह 06.45 बजे  रवाना हो कर , 06:59 - 07:00 बजे  मानिक चौरी हॉल्ट , 07:13 - 07:15 बजे  अभनपुर ,07:26 - 07:28 बजे केंद्री , 07:41 - 07:42 बजे  सी.बी.डी (पीएच)  , 07:53 - 07:55 बजे  मंदिर हसौद , 08:20 बजे  रायपुर पहुचेगी ।

गाड़ी संख्या 68760/68761 रायपुर - अभनपुर –रायपुर मेमू पैसेंजर ट्रेन का राजिम तक विस्तार –
                       गाड़ी संख्या 68760/68761 रायपुर – अभनपुर- रायपुर मेमू पैसेंजर का परिचालन रायपुर - अभनपुर स्टेशनों के मध्य तक किया जा  रहा था । अब इस गाड़ी संख्या का विस्तार राजिम स्टेशन तक किया जायेगा ।  जिसका समय सारणी इस प्रकार से है-  
                गाड़ी संख्या 68760 रायपुर - अभनपुर मेमू ( वर्तमान ) का परिचालन समय सारणी रायपुर स्टेशन से 09:00 बजे को रवाना हो कर  09:18 - 09:20 बजे मंदिर हसौद ,09:32 - 09:33 बजे सी.बी.डी (पीएच), 09:50 - 09:52 बजे केंद्री ,10:10 बजे अभनपुर ।   इसी गाड़ी संख्या 68760 रायपुर - अभनपुर मेमू (विस्तार) का परिचालन राजिम तक विस्तार किया जा रहा है जिसका समय सारणी - रायपुर स्टेशन से 09:00 बजे को रवाना हो कर , 09:18 - 09:20 बजे मंदिर हसौद , 09:30 - 09:31 बजे सी.बी.डी (पीएच) , 09:45 - 09:47 बजे केंद्री , 09:58 - 10:00 बजे अभनपुर,10:11-10:12 बजे मानिक चौरी हॉल्ट , 10:35 बजे राजिम पहुचेगी ।

       गाड़ी संख्या 68761 अभनपुर – रायपुर  मेमू ( वर्तमान ) का परिचालन समय सारणी अभनपुर स्टेशन से 10:20 बजे को रवाना हो कर , 10:28 - 10:30 बजे केंद्री, 10:42 - 10:43 बजे सी.बी.डी (पीएच) , 11:00 - 11:02 बजे मंदिर हसौद, 11:45 बजे रायपुर । गाड़ी संख्या 68761 राजिम - रायपुर मेमू (विस्तार ) का परिचालन  विस्तार  किया जा रहा है जिसका समय सारणी - राजिम स्टेशन से 11:10 बजे को रवाना हो कर, 11:24 - 11:25 मानिक चौरी हॉल्ट, 11:38 - 11:40 अभनपुर स्टेशन,  11:51 - 11:53 बजे केंद्री, 12:06 -12:07 बजे सी.बी.डी (पीएच) , 12:18 - 12:20 बजे मंदिर हसौद, 12:45 बजे रायपुर पहुचेगी ।

गाड़ी संख्या 68762/68763 रायपुर – अभनपुर-रायपुर मेमू पैसेंजर ट्रेन का राजिम तक विस्तार –
             गाड़ी संख्या 68762 रायपुर - अभनपुर मेमू ( वर्तमान ) का परिचालन समय सारणी रायपुर स्टेशन से 16:20 बजे को रवाना हो कर , 16:38 - 16:40 बजे मंदिर हसौद , 16:52 - 16:53 बजे सी.बी.डी (पीएच) , 17:10 - 17:12 बजे केंद्री , 17:30 बजे अभनपुर  । गाड़ी संख्या 68762 रायपुर – राजिम  मेमू ( विस्तार ) का परिचालन समय सारणी रायपुर स्टेशन से 16:20 बजे को रवाना हो कर , 16:38 - 16:40 बजे मंदिर हसौद , 16:50 - 16:52 बजे सी.बी.डी (पीएच) , 17:05 - 17:07 बजे केंद्री , 17:18 – 17:20 बजे अभनपुर , 17:31 – 17:32 बजे मानिक चौरी हॉल्ट , 18:00 बजे राजिम पहुचेगी ।

               गाड़ी संख्या 68763  अभनपुर - रायपुर मेमू ( वर्तमान ) का परिचालन समय सारणी अभनपुर स्टेशन से 18:10 बजे को रवाना हो कर , 18:18 - 18:20 बजे केंद्री , 18:32 - 18:33 बजे सी.बी.डी (पीएच) , 18:45 - 18:47 बजे मंदिर हसौद , 19:20 बजे रायपुर  पहुचेगी ।  गाड़ी संख्या 68763 राजिम - रायपुर मेमू ( विस्तार ) का परिचालन समय सारणी राजिम स्टेशन से 18:30 बजे को रवाना हो कर , 18:44 - 18:45 बजे मानिक चौरी हॉल्ट , 18:58 - 19:00 बजे अभनपुर , 19:11 -  19:13 बजे केंद्री , 19:26 - 19:27 बजे सी.बी.डी (पीएच) , 19:38 - 19:40 बजे मंदिर हसौद , 20:15 बजे रायपुर  पहुचेगी ।
और भी

’स्वच्छता ही सेवा’ और ‘अंगीकार-2025’ अभियान, प्रधानमंत्री स्वनिधि योजना 2.0 एवं लोक कल्याण मेला का किया राज्य स्तरीय शुभारंभ

 मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय आज नगरीय प्रशासन एवं विकास विभाग के स्वच्छता, आवास और लोक कल्याण उत्सव में शामिल हुए। उन्होंने राजधानी रायपुर के पंडित जवाहर लाल नेहरू शासकीय चिकित्सा महाविद्यालय के श्री अटल बिहारी बाजपेयी सभागार में आयोजित कार्यक्रम में ’स्वच्छता ही सेवा’ और ‘अंगीकार-2025’ अभियान तथा प्रधानमंत्री स्वनिधि योजना 2.0 एवं लोक कल्याण मेला का राज्य स्तरीय शुभारंभ किया। उन्होंने विभिन्न नगरीय निकायों में प्रधानमंत्री आवास योजना (शहरी) के 11 हजार लाभार्थियों को गृहप्रवेश भी कराया। उप मुख्यमंत्री तथा नगरीय प्रशासन एवं विकास मंत्री श्री अरुण साव, सांसद श्री बृजमोहन अग्रवाल, विधायकद्वय श्री राजेश मूणत और श्री सुनील सोनी तथा रायपुर नगर निगम की महापौर श्रीमती मीनल चौबे भी कार्यक्रम में शामिल हुईं।  


मुख्यमंत्री श्री साय और अन्य अतिथियों ने कार्यक्रम में राज्य स्तरीय स्वच्छता सुपर लीग के टूल-किट का विमोचन किया। उन्होंने प्रधानमंत्री आवास योजना (शहरी) 2.0 के अंतर्गत हितग्राहियों को उनके स्वीकृत आवासों के भवन निर्माण अनुज्ञा पत्र तथा पीएम स्वनिधि के लाभार्थियों को चेक वितरित किए। उन्होंने रायपुर नगर निगम के दिवंगत कर्मियों के परिजनों को अनुकंपा नियुक्ति पत्र भी दिए। मुख्यमंत्री ने कार्यक्रम में मौजूद सभी लोगों को स्वच्छता की शपथ भी दिलाई। उन्होंने रायपुर नगर निगम और अन्य नगरीय निकायों में स्वच्छता को समर्पित डोर-टू-डोर कचरा कलेक्शन वाहनों को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया।

मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने कार्यक्रम में विश्वकर्मा जयंती और प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी को जन्मदिन की बधाई देते हुए कहा कि देश को स्वच्छता और स्वास्थ्य के प्रति जागरूक करने में प्रधानमंत्री श्री मोदी ने बड़ा काम किया है। स्वच्छता अब लोगों की आदत में शुमार हो गया है। उन्होंने कहा कि घर के अंदर और बाहर साफ-सफाई केवल महिलाओं का ही दायित्व नहीं है, बल्कि यह पुरूषों का भी काम है। उन्होंने देश में स्वच्छता को इस मुकाम तक पहुंचाने के लिए प्रधानमंत्री को धन्यवाद दिया। 

मुख्यमंत्री ने कहा कि स्वच्छ सर्वेक्षण-2024-25 में छत्तीसगढ़ को सात राष्ट्रीय पुरस्कार मिले हैं। बीस हजार से कम आबादी वाले देश के 100 सबसे स्वच्छ शहरों में अकेले छत्तीसगढ़ के 58 शहर शामिल हैं। उन्होंने इस उपलब्धि के लिए नगरीय निकायों में काम कर रहे स्वच्छता दीदियों, सफाई कर्मियों और वहां के नागरिकों को धन्यवाद देते हुए रैंकिंग में आगे और भी सुधार करने को कहा। उन्होंने कहा कि हम विकसित छत्तीसगढ़ और विकसित भारत बनाने के लिए अपने विजन डॉक्युमेंट-2047 के अनुरूप काम कर रहे हैं। 

उप मुख्यमंत्री श्री अरुण साव ने अपने संबोधन में कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी ने पिछले 11 वर्षों में देश के एक-एक व्यक्ति की चिंता की है। ‘सबका साथ सबका विकास’ के ध्येय पर चलते हुए देश को आगे बढ़ाने का काम कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री आवास योजना (शहरी) 2.0 में ‘अंगीकार-2025’ अभियान के तहत हर पात्र परिवार तक आवास पहुंचाने का काम किया जा रहा है। इसके लिए 4 सितम्बर से 31 अक्टूबर तक यह विशेष अभियान संचालित है। स्ट्रीट वेंडर्स को आगे बढ़ाने और उनके कल्याण के लिए भारत सरकार प्रधानमंत्री स्वनिधि योजना 2.0 लेकर आई है। आज से पूरे प्रदेश में यह लागू हो रहा है। उन्होंने कहा कि आज से प्रारंभ हो रहे स्वच्छता ही सेवा अभियान से हर व्यक्ति को जोड़कर स्वच्छता को जन आंदोलन बनाया जाएगा। श्री साव ने कहा कि मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय के नेतृत्व में हम राज्य के सभी शहरों को स्वच्छ, सुंदर और सुविधापूर्ण बनाने के लिए काम कर रहे हैं। हर शहर में नागरिकों के लिए सुविधाएं बढ़ा रहे हैं।

नगरीय प्रशासन विभाग के सचिव डॉ. बसवराजु एस. ने कार्यक्रम में अपने स्वागत भाषण में आज से प्रारंभ हो रहे अभियानों और योजनाओं की जानकारी दी। उन्होंने बताया कि आज से शुरू हो रहा स्वच्छता पखवाड़ा इस बार ‘स्वच्छोत्सव’ के रूप में मनाया जा रहा है। पखवाड़े के दौरान सभी नगरीय निकायों में गंदगी के ब्लैक-स्पॉट्स को चिन्हांकित कर साफ-सफाई का अभियान चलाया जाएगा। नगरीय प्रशासन एवं विकास विभाग के संचालक श्री आर. एक्का, रायपुर नगर निगम के आयुक्त श्री विश्वदीप और राज्य शहरी विकास अभिकरण (SUDA) के सीईओ श्री शशांक पाण्डेय सहित नगरीय प्रशासन और सुडा के वरिष्ठ अधिकारी, रायपुर नगर निगम के एमआईसी सदस्य, पार्षदगण और विभिन्न योजनाओं के हितग्राही बड़ी संख्या में कार्यक्रम में मौजूद थे।
और भी

मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय ने प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी के जन्मदिवस पर ‘स्वच्छता ही सेवा पखवाड़ा 2025’ का किया शुभारंभ

मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने आज प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी के जन्मदिवस के अवसर पर राजधानी रायपुर स्थित पंडित जवाहरलाल नेहरू मेडिकल कॉलेज परिसर में “स्वच्छता ही सेवा 2025 पखवाड़ा” का शुभारंभ किया। इस अवसर पर उन्होंने रायपुर नगर निगम और अन्य नगरीय निकायों की स्वच्छता को समर्पित डोर-टू-डोर कचरा कलेक्शन वाहनों को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया।


मुख्यमंत्री श्री साय ने स्वयं हाथ में झाड़ू लेकर परिसर की सफाई की और स्वच्छता का संदेश आमजन तक पहुँचाया। उन्होंने कहा कि अपने आसपास का वातावरण स्वच्छ रखना हम सभी की सामूहिक जिम्मेदारी है। स्वच्छता ही सेवा पखवाड़े के दौरान प्रदेशभर में विविध कार्यक्रम आयोजित होंगे और इसमें सभी नागरिकों की सक्रिय भागीदारी आवश्यक है। मुख्यमंत्री ने विशेष रूप से युवाओं को इस अभियान से जुड़ने का आह्वान करते हुए कहा कि स्वच्छता के प्रति जागरूकता और स्वप्रेरणा से जुड़ाव समाज में सकारात्मक बदलाव लाएगा।

प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी के संकल्प को याद करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री सदैव स्वच्छता की बात करते हैं और उन्होंने देश को स्वच्छ बनाने का बड़ा लक्ष्य रखा है। हमें इसे आगे बढ़ाने के लिए अपनी जिम्मेदारी प्राथमिकता से निभानी चाहिए।

मुख्यमंत्री ने विभिन्न स्टालों का किया अवलोकन

शुभारंभ कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री श्री साय ने नगरीय प्रशासन विभाग द्वारा लगाए गए विभिन्न स्टालों का अवलोकन किया। उन्होंने स्व-सहायता समूह की महिलाओं से चर्चा कर उनके आजीविका मूलक कार्यों और गतिविधियों की जानकारी ली। मुख्यमंत्री ने प्रधानमंत्री आवास योजना (शहरी) 2.0, सीएसपीडीसीएल, क्रेडा की पीएम सूर्यघर मुफ्त बिजली योजना, कचरा संग्रहण एवं उसके प्रबंधन की प्रक्रिया संबंधी मॉडल तथा स्व-सहायता समूह द्वारा निर्मित उत्पादों के स्टालों का भी अवलोकन किया। 

कार्यक्रम में मुख्यमंत्री ने “खुशियों का ठेला” के अंतर्गत महिला वेंडर्स को भी प्रोत्साहित किया और उन्हें ऑनलाइन लेन-देन की सुविधा उपलब्ध कराने के लिए यूपीआई साउंड बॉक्स डिवाइस प्रदान किया।

इस अवसर पर उप मुख्यमंत्री श्री अरुण साव, सांसद श्री बृजमोहन अग्रवाल, विधायक श्री राजेश मूणत, विधायक श्री सुनील सोनी, महापौर श्रीमती मीनल चौबे सहित बड़ी संख्या में गणमान्य नागरिक उपस्थित थे।
और भी

श्रम की सार्थकता और सृजन की भावना को समाज में प्रतिष्ठित करने का श्रेय भगवान विश्वकर्मा को - मुख्यमंत्री विष्णु देव साय

मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने आज राजधानी रायपुर स्थित मुख्यमंत्री निवास में भगवान विश्वकर्मा की विधि-विधान से पूजा-अर्चना की। इस अवसर पर केंद्रीय महिला एवं बाल विकास मंत्री श्रीमती अन्नपूर्णा देवी, प्रदेश की महिला एवं बाल विकास मंत्री श्रीमती लक्ष्मी राजवाड़े तथा छत्तीसगढ़ राज्य बाल अधिकार संरक्षण आयोग की अध्यक्ष श्रीमती वर्णिका शर्मा उपस्थित थीं।


मुख्यमंत्री श्री साय ने संसार के प्रथम वास्तुकार एवं सृजन-निर्माण के देवता भगवान विश्वकर्मा को नमन करते हुए प्रदेशवासियों को शुभकामनाएँ दीं। उन्होंने कहा कि छत्तीसगढ़ के श्रमवीर प्रदेश की प्रगति और निर्माण के वास्तविक आधारस्तंभ हैं। श्रम की सार्थकता और सृजन की भावना को समाज में प्रतिष्ठित करने का श्रेय भगवान विश्वकर्मा को जाता है। विश्वकर्मा जयंती का यह अवसर हम सभी को समर्पण और ईमानदारी से कार्य करने की प्रेरणा देता है।
और भी

मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय से केंद्रीय महिला एवं बाल विकास मंत्री श्रीमती अन्नपूर्णा देवी ने की सौजन्य भेंट

 मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय से आज राजधानी रायपुर स्थित मुख्यमंत्री निवास में केंद्रीय महिला एवं बाल विकास मंत्री श्रीमती अन्नपूर्णा देवी ने सौजन्य भेंट की। 


मुख्यमंत्री श्री साय ने केंद्रीय महिला एवं बाल विकास मंत्री श्रीमती अन्नपूर्णा देवी से छत्तीसगढ़ में महिला सशक्तिकरण तथा बच्चों के पोषण और शिक्षा से संबंधित चल रहे प्रयासों की जानकारी साझा की। उन्होंने आशा व्यक्त की कि केंद्र एवं राज्य सरकार मिलकर इन क्षेत्रों में और अधिक प्रभावी कार्य करेंगे।

इस अवसर पर प्रदेश की महिला एवं बाल विकास मंत्री श्रीमती लक्ष्मी राजवाड़े, छत्तीसगढ़ राज्य बाल अधिकार संरक्षण आयोग की अध्यक्ष श्रीमती वर्णिका शर्मा उपस्थित थीं।
और भी

विश्वकर्मा जयंती पर विशेष लेख : छत्तीसगढ़ भवन एवं अन्य सन्निर्माण कर्मकार कल्याण मंडल अंतर्गत अब तक 8.39 लाख निर्माण श्रमिक लाभान्वित

मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय के नेतृत्व में छत्तीसगढ़ सरकार द्वारा श्रमिकों एवं उनके परिजनों की बेहतरी के लिए कई योजनाएं संचालित की जा रही है। इन योजनाओं के माध्यम से श्रमिकों की सामाजिक एवं आर्थिक स्थिति के उत्थान के लिए लगातार उन्हें आर्थिक मदद दी जा रही है। इसी सिलसिले में छत्तीसगढ़ भवन एवं अन्य सन्निर्माण कर्मकार कल्याण मंडल अंतर्गत पंजीयन एवं लाभांवित श्रम विभाग द्वारा 01 जनवरी, 2024 से 15 सितम्बर, 2025 तक लगभग 7.3 लाख निर्माण श्रमिकों का पंजीयन किया गया है तथा वर्ष 2024 से 15 सितम्बर 2025 तक संचालित योजनाओं के माध्यम से लगभग 8.39 लाख श्रमिकों को लाभांवित हुए हैं, जिस पर लगभग 535.62 करोड़ रूपए व्यय किया गया है।

उल्लेखनीय है कि असंगठित श्रमिकों के लिए मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय के नेतृत्व और श्रम मंत्री श्री लखनलाल देवांगन के मार्गदर्शन में एक नई पहल शुरू की गई है। असंगठित श्रमिकों एवं उनके परिवारों के समग्र विकास के लिए अम्ब्रेला योजना ‘अटल श्रम सशक्तिकरण योजना‘ प्रारंभ की गई है। प्रवासी श्रमिक साथियों को सहयोग एवं मार्गदर्शन प्रदाय करने हेतु प्रथम चरण में 5 राज्य क्रमशः उत्तर प्रदेश, तेलंगाना, उड़ीसा, गुजरात एवं महाराष्ट्र में जहां अधिक संख्या में श्रमिक प्रवास करते हैं, वहां ‘मोर चिन्हारी भवन’ बनाया जाएगा। इसके अलावा श्रमिकों को कैशलेस इलाज की सुविधा उपलब्ध कराने 106 निजी चिकित्सालयों से अनुबंध किया गया है। इससे उन्हें हृदय रोग, किडनी रोग, मस्तिष्क रोग, जटिल सर्जरी आदि के लिए सुपर स्पेशिलिटी अस्पताल में उपचार सुविधा मिलेगी।

इसी तरह राज्य शासन द्वारा श्रम विभाग की ‘अम्ब्रेला योजना अटल श्रम सशक्तिकरण योजना‘ के नाम से शुरू की गई है। इससे श्रमिकों तथा उनके परिवारों को एक ही स्थान पर सरकार के सभी योजनाओं का लाभ मिलेगा, इसके लिए ‘श्रमेव जयते‘ पोर्टल बनाया गया है। पंजीकृत श्रमिकों के द्वारा आर्थिक गतिविधि के लिए बैंक से लिए जाने वाले ऋण पर लगने वाले ब्याज में अनुदान देने के लिए जल्द ही नई योजना शुरू की जा रही है ताकि आत्म निर्भर बनते हुए स्वयं मालिक बनने की दिशा में बढ़ सकें। इसके अलावा असंगठित श्रमिकों के कल्याण हेतु संचालित योजनाओं के बेहतर क्रियान्वयन एवं सतत् निगरानी हेतु राज्य के प्रत्येक संभाग में संभाग स्तरीय श्रम कल्याण कार्यालय के स्थापना की जा रही है। 

श्रम विभाग द्वारा मुख्यमंत्री श्रम संसाधन केन्द्र श्रमिकों की समस्याओं का शीघ्र निराकरण एवं सहायता हेतु राज्य के प्रत्येक जिले में जिला स्तरीय तथा समस्त विकासखंडों में मुख्यमंत्री श्रम संसाधन केन्द्र संचालित किया जा रहा है। मुख्यमंत्री श्रम संसाधन केन्द्र योजना अंतर्गत 01 जनवरी, 2024 से 15 सितम्बर, 2025 तक 94,300 निर्माण श्रमिकों को पंजीयन/नवीनीकरण/योजनाओं के आवेदन में सहयोग प्रदान किया गया है।
छत्तीसगढ़ भवन एवं अन्य सन्निर्माण कर्मकार कल्याण मंडल अंतर्गत निर्माण श्रमिकों के पंजीयन हेतु स्व-घोषणा प्रमाण पत्र छत्तीसगढ़ भवन एवं अन्य सन्निर्माण कर्मकार कल्याण मंडल अंतर्गत निर्माण श्रमिकों के पंजीयन की प्रक्रिया सरल करते हुये, ठेकेदार अथवा नियोजक के अधीन कार्य करने संबंधी नियोजक से नियोजन प्रमाण पत्र के स्थान पर श्रमिकों से ही निर्माण कार्य में नियोजित होने संबंधी स्वघोषणा पत्र का प्रावधान किया गया है। उक्त सरलीकरण करने से श्रमिकों को पंजीयन कराने में सुविधा हुई है।

मुख्यमंत्री निर्माण श्रमिक आवास सहायता योजना छत्तीसगढ़ भवन एवं अन्य सन्निर्माण कर्मकार कल्याण मंडल अंतर्गत निर्माण श्रमिकों के स्वयं के आवास क्रय एवं आवास निर्माण हेतु 01 लाख रूपये एकमुश्त अनुदान सहायता राशि प्रदाय किया जा रहा है। 01 जनवरी, 2024 से 15 सितम्बर, 2025 तक 1042 निर्माण श्रमिकों को नवीन आवास क्रय/आवास निर्माण हेतु अनुदान सहायता राशि प्रदाय किया जा चुका है।
मुख्यमंत्री नोनी बाबू मेधावी शिक्षा सहायता योजना छत्तीसगढ़ भवन एवं अन्य सन्निर्माण कर्मकार कल्याण मंडल द्वारा संचालित उक्त योजनांतर्गत कक्षा 10वीं एवं कक्षा 12वीं में 75 प्रतिशत या उससे अधिक प्रतिशत प्राप्त करने वाले विद्यार्थियों एवं छत्तीसगढ़ बोर्ड के मेरिट के प्रथम 10 में स्थान प्राप्त करने पर प्रत्येक श्रमिक बच्चों को राशि रूपये 01 लाख प्रोत्साहन राशि तथा रूपये 01 लाख दोपहिया वाहन क्रय करने हेतु प्रदाय किया गया है। 01 जनवरी, 2024 से 15 सितम्बर, 2025 तक निर्माण श्रमिक के 7478 पुत्र/पुत्रियों को 10 करोड़ 14 लाख 49 हजार 614 रूपए प्रदान किया गया है।

प्रसूति सहायता योजना 01 जनवरी, 2024 से 15 सितम्बर, 2025 तक छत्तीसगढ़ भवन एवं अन्य सन्निर्माण कर्मकार कल्याण मंडल द्वारा संचालित ‘मिनीमाता महतारी जतन योजना’ अंतर्गत 65 हजार 010 महिला निर्माण श्रमिकों को लाभांवित किया गया है।शहीद वीरनारायण सिंह श्रम अन्न योजना उक्त योजना अंतर्गत पंजीकृत निर्माण, असंगठित एवं संगठित श्रमिकों को 05 रूपए में गरम एवं पौष्टिक भोजन प्रदाय किया जा रहा है। 31 दिसम्बर 2023 की स्थिति में 29 भोजन केन्द्र संचालित थे, जो कि वर्तमान में बढ़कर 17 जिलों में 37 भोजन केन्द्र हो गये हैं। 01 जनवरी, 2024 से 15 सितम्बर, 2025 विभाग द्वारा 11,35,362 यूनिट भोजन (मिल) पंजीकृत संगठित एवं असंगठित श्रमिकों को प्रदाय किया जा चुका है, जिसमें छत्तीसगढ़ भवन एवं अन्य सन्निर्माण कर्मकार कल्याण मण्डल द्वारा राशि रूपये रूपये 52,865,395 व्यय हुआ है।

मुख्यमंत्री निर्माण श्रमिक मृत्यु एवं दिव्यांग सहायता योजना सामान्य मृत्यु होने पर उसके उत्तराधिकारी को एक लाख रूपए की राशि, कार्य स्थल पर दुर्घटना से मृत्यु होने पर उसके उत्तराधिकारी को 5 लाख रूपए की राशि तथा कार्य स्थल पर दुर्घटना से स्थायी दिव्यांगता होने पर श्रमिक को ढ़ाई लाख रूपए की राशि दिए जाने का प्रावधान है। जिसके तहत् 01 जनवरी, 2024 से 15 सितम्बर, 2025 तक कुल 3658 निर्माण श्रमिकों के आश्रितों को लाभांवित किया गया है।
मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने 17 सितंबर 2024 को डी०बी०टी० के माध्यम से राशि का हस्तांतरण किया था। श्रम विभाग द्वारा प्रदेश स्तरीय श्रमिक सम्मेलन आयोजित कर छत्तीसगढ़ भवन एवं अन्य सन्निर्माण कर्मकार कल्याण मण्डल अंतर्गत संचालित विभिन्न योजनाओं के तहत् पंजीकृत निर्माण श्रमिकों को केन्द्रीकृत डी.बी.टी. के माध्यम से लाभांवित करना प्रारंभ कर दिया गया है।
छत्तीसगढ़ भवन एवं अन्य सन्निर्माण कर्मकार कल्याण मंडल द्वारा पंजीकृत निर्माण श्रमिकों को 17 सितम्बर, 2024 से अब तक 16 योजनाओं में 6 लाख 48 हजार 633 पंजीकृत निर्माण श्रमिकों को 327 करोड़ 13 लाख 53 हजार 108 रूपए से लाभांवित किया गया।

और भी

दूरदर्शन ने समाज को वैचारिक रूप से समृद्ध करने और संस्कारों को संवारने में निभाई महत्वपूर्ण भूमिका : मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय

 मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय राजधानी रायपुर स्थित दूरदर्शन केंद्र में आयोजित दूरदर्शन के 66वें स्थापना दिवस कार्यक्रम में शामिल हुए और दूरदर्शन परिवार, अधिकारियों, कर्मचारियों एवं दर्शकों को शुभकामनाएँ दीं। उन्होंने दीप प्रज्ज्वलित कर कार्यक्रम का शुभारंभ किया और इस ऐतिहासिक यात्रा से जुड़ी अपनी स्मृतियाँ साझा कीं। इस दौरान मुख्यमंत्री ने दूरदर्शन के कलाकारों द्वारा प्रस्तुत छत्तीसगढ़ी लोकनृत्य, गीत तथा शास्त्रीय संगीत और नृत्य की मनमोहक प्रस्तुतियों का आनंद लिया। मुख्यमंत्री के समक्ष कलाकारों ने गौर नृत्य, बांस गीत, जवारा नृत्य, सुआ नृत्य और गौरी-गौरा जैसे लोकनृत्य प्रस्तुत किए।


मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि दूरदर्शन ने मनोरंजन के साथ-साथ हमें वैचारिक रूप से समृद्ध करने और संस्कारित करने में भी बड़ी भूमिका निभाई है। उन्होंने 1982 में एशियाई खेलों के रंगीन प्रसारण, रामायण और महाभारत जैसे धारावाहिकों का उल्लेख करते हुए कहा कि उस दौर में दूरदर्शन का जादू ऐसा था कि प्रसारण के समय सड़कों पर सन्नाटा छा जाता था।

मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि “मिले सुर मेरा तुम्हारा” जैसे गीतों के माध्यम से दूरदर्शन ने देश की एकता और सांस्कृतिक एकरूपता का संदेश दिया। समाचारों की गरिमा और भाषा की शुचिता बनाए रखने में दूरदर्शन की परंपरा सदैव सराहनीय रही है। 

मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि दूरदर्शन के प्रादेशिक केंद्रों ने स्थानीय कलाकारों और प्रतिभाओं को राष्ट्रीय मंच प्रदान किया है। रायपुर दूरदर्शन ने अपने लोकप्रिय कार्यक्रमों और विशेषकर “हमर चिन्हारी” के माध्यम से छत्तीसगढ़ की सांस्कृतिक धरोहर को देश-दुनिया तक पहुँचाया है।

मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि कृषि दर्शन, महिलाओं से जुड़े कार्यक्रमों और युवाओं के लिए प्रस्तुत विशेष सामग्री के माध्यम से दूरदर्शन ने समाज के हर वर्ग को जोड़ा है। उन्होंने अपनी मुख्यमंत्री पद की जिम्मेदारी सँभालने के बाद “अपनी बात” कार्यक्रम में दिए गए साक्षात्कार को याद करते हुए कहा कि दूरदर्शन हमेशा स्पष्टता से और विस्तारपूर्वक अपनी बात रखने का पर्याप्त अवसर देता है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि हमारी सरकार की जनकल्याणकारी योजनाओं का लाभ लाखों हितग्राहियों को मिल रहा है और दूरदर्शन के द्वारा समाज में आने वाले सकारात्मक बदलावों को प्रमुखता से प्रदर्शित किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि जब किसी एक व्यक्ति की सफलता की कहानी दूरदर्शन पर प्रसारित होती है, तो वह लाखों लोगों के जीवन को बदलने का सशक्त आधार बनती है।

मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने दूरदर्शन परिवार को पुनः स्थापना दिवस की हार्दिक बधाई देते हुए आशा व्यक्त की कि दूरदर्शन इसी प्रकार आम जनता का मनोरंजन, संस्कार और जागरूकता का प्रमुख माध्यम बना रहेगा।

संस्कृति एवं पर्यटन मंत्री श्री राजेश अग्रवाल ने कहा कि दूरदर्शन ने छत्तीसगढ़ की कला, संस्कृति और परंपराओं को राष्ट्रीय और अंतर्राष्ट्रीय मंच तक पहुँचाने में महत्वपूर्ण योगदान दिया है। उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि आने वाले समय में भी दूरदर्शन प्रदेश की सांस्कृतिक धरोहर को और अधिक सशक्त रूप से दुनिया के सामने प्रस्तुत करेगा।

इस अवसर पर रायपुर दूरदर्शन केंद्र के उप महानिदेशक श्री संजय कुमार मिश्र सहित अन्य अधिकारी एवं कर्मचारीगण उपस्थित थे।
और भी

मुख्यमंत्री श्री साय से ग्रैंडमास्टर प्रवीण महादेव थिप्से ने की सौजन्य भेंट

मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय से विगत दिवस राजधानी रायपुर स्थित मुख्यमंत्री निवास में भारत के अंतर्राष्ट्रीय शतरंज खिलाड़ी एवं ग्रैंडमास्टर प्रवीण महादेव थिप्से ने सौजन्य भेंट की। मुख्यमंत्री श्री साय ने श्री थिप्से की खेल प्रतिभा और उपलब्धियों की सराहना करते हुए उनकी प्रशंसा की। इस अवसर पर छत्तीसगढ़ ओलंपिक संघ के महासचिव श्री विक्रम सिसोदिया सहित संघ के अन्य पदाधिकारी  उपस्थित थे।


उल्लेखनीय है कि प्रवीण महादेव थिप्से शतरंज में ग्रैंडमास्टर की उपाधि प्राप्त करने वाले खिलाड़ी हैं और राष्ट्रमंडल शतरंज चैंपियनशिप जीतने वाले पहले भारतीय भी हैं। उन्हें अर्जुन पुरस्कार से भी सम्मानित किया गया है।
और भी

वंचित वर्ग के उत्थान और जनसुविधाओं के विस्तार के लिए सरकार निरंतर प्रतिबद्ध – मुख्यमंत्री विष्णु देव साय

गंगरेल बांध डुबान क्षेत्र की मछुआ सहकारी समितियों को पुनः मछली पालन का हक मिलने पर प्रभावित समितियों के सदस्यों ने विगत दिवस मुख्यमंत्री निवास पहुँचकर मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय का आभार जताते हुए अभिनंदन किया। इस अवसर पर गंगरेल डुबान क्षेत्र के तीन जिलों—धमतरी, कांकेर और बालोद की 11 मछुआ सहकारी समितियों के सदस्यगण उपस्थित रहे।


मुख्यमंत्री श्री साय ने इस मौके पर ग्रामीणों की मांग पर डुबान क्षेत्र में जनसुविधा हेतु एक एम्बुलेंस उपलब्ध कराने और राष्ट्रीय बैंक की शाखा शीघ्र खोले जाने का आश्वासन दिया। उन्होंने कहा कि गरीबों और वंचितों के उत्थान के लिए हमारी सरकार लगातार प्रयासरत है। विभिन्न शासकीय योजनाओं एवं कार्यक्रमों के माध्यम से आम जनता को उनका अधिकार दिलाने की दिशा में ठोस कदम उठाए जा रहे हैं, जिससे स्थानीय स्तर पर ही स्वरोजगार के अवसर उपलब्ध हों और लोग सीधे लाभान्वित हो सकें।

मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में हमारी सरकार ने स्वच्छ भारत मिशन के तहत घर-घर में शौचालय निर्माण को बढ़ावा देकर बेटियों और महिलाओं को सम्मान दिलाने का कार्य किया है। आज स्वच्छ भारत मिशन एक जन आंदोलन का रूप ले चुका है। इसी प्रकार प्रधानमंत्री जनधन योजना के माध्यम से आम नागरिकों को बैंकिंग प्रणाली से जोड़ा गया है और विभिन्न योजनाओं का लाभ अब सीधे डीबीटी के माध्यम से हितग्राहियों तक पहुँच रहा है। इस व्यवस्था ने बिचौलियों की भूमिका समाप्त की है और भ्रष्टाचार पर प्रभावी अंकुश लगाया है।

उन्होंने कहा कि राज्य सरकार ने महिला स्व-सहायता समूहों को पुनः रेडी-टू-ईट कार्य का जिम्मा सौंपा है, जिससे महिलाओं को आर्थिक सशक्तिकरण के अवसर प्राप्त हो रहे हैं। मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रत्येक वर्ग के उत्थान और सम्मान के लिए हमारी सरकार सतत कार्य कर रही है।

इस अवसर पर धमतरी महापौर श्री रामू रोहरा एवं पूर्व महिला आयोग अध्यक्ष श्रीमती हर्षिता पांडेय उपस्थित थीं। कार्यक्रम में गंगरेल बांध डुबान क्षेत्र की 11 मछुआ समितियों में ग्राम उरपुरी, तेलगुड़ा, मोगरागहन, कोलियारी पुराना, कोलियारी नया, गंगरेल, फुटहामुड़ा, तुमाबुजुर्ग, अलोरी, भिलाई एवं देवीनवागांव के सदस्यगण सहित अन्य गणमान्य नागरिक बड़ी संख्या में उपस्थित थे।
और भी

बस्तर व सरगुजा क्षेत्र में बाढ़ प्रभावितों के लिए गुजरात भाजपा इकाई ने भेजी राहत सामग्री

बस्तर व सरगुजा में अतिवृष्टि एवं बाढ़ से प्रभावित परिवारों को राहत सामग्री पहुँचाने के लिए भाजपा कार्यकर्ताओं द्वारा लगातार प्रयास किए जा रहे हैं। छत्तीसगढ़ के बस्तर व सरगुजा संभाग में आई बाढ़ के लिए गुजरात की भाजपा प्रदेश इकाई ने भी मदद का हाथ बढ़ाया है।


भाजपा की गुजरात प्रदेश इकाई द्वारा भेजी गई राहत सामग्री की पहली खेप सोमवार को रायपुर पहुँची जिसे बस्तर व सरगुजा सम्भाग के बाढ़ पीड़ित क्षेत्रों के लिए भाजपा प्रदेश संगठन महामंत्री पवन साय, कैबिनेट मंत्री टंकराम वर्मा ने रवाना किया। इस दौरान भाजपा प्रदेश महामंत्री नवीन मार्कंडेय, प्रदेश उपाध्यक्ष जगन्नाथ पाणिग्रही, प्रदेश कोषाध्यक्ष राम गर्ग, प्रदेश मंत्री जयंती पटेल, भाजपा प्रदेश उपाध्यक्ष जगन्नाथ पाणिग्रही,  प्रदेश कार्यालय मंत्री अशोक बजाज, प्रदेश सह कार्यालय मंत्री प्रीतेश गांधी, पाठ्य पुस्तक निगम अध्यक्ष राजा पांडे, प्रदेश सोशल मीडिया संयोजक मितुल कोठारी, वरिष्ठ भाजपा नेता सुरेंद्र पाटनी सहित भाजपा कार्यकर्ता एवं पदाधिकारी मौजूद थे।
और भी

नई उद्योग नीति में बस्तर संभाग पर विशेष तौर पर फोकस : मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय

मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने आज कांकेर जिले के नरहरपुर में आदिवासी समाज द्वारा आयोजित ठाकुर जोहारनी कार्यक्रम में शामिल हुए। इस अवसर पर उनके साथ झारखंड के पूर्व मुख्यमंत्री श्री अर्जुन मुंडा भी उपस्थित थे।


मुख्यमंत्री श्री साय ने ठाकुर जोहारनी कार्यक्रम में आदिवासी समाज के ईष्ट आराध्य देवी-देवताओं की पूजा-अर्चना कर प्रदेशवासियों की सुख-समृद्धि और खुशहाली की कामना की। मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि नई उद्योग नीति में आदिवासी विकास को प्राथमिकता देते हुए बस्तर सहित सरगुजा को विशेष तौर पर फोकस किया गया है, ताकि यहां के निवासियों को रोजगार और स्वरोजगार से जोड़कर उन्हें अधिकतम लाभ दिलाया जा सके। ब्लॉक मुख्यालय नरहरपुर के उन्मुक्त खेल मैदान में आयोजित इस कार्यक्रम में मुख्यमंत्री श्री साय ने आदिवासी समाज के ईष्ट देवी-देवताओं का जयघोष करते हुए उपस्थित लोगों को ठाकुर जोहारनी और नवाखाई की बधाई दी। उन्होंने कहा कि आदिवासी समाज की यह अनूठी परंपरा आगे भी जीवित रहनी चाहिए और समाज की एकजुटता हमेशा बनी रहनी चाहिए।

मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि छत्तीसगढ़ के युवा आगे बढ़ें, सुशिक्षित बनें, इसके लिए पूरे प्रदेश में नई शिक्षा नीति लागू की गई है। उन्होंने बताया कि आईआईटी, आईआईएम, ट्रिपल आईआईटी जैसी राष्ट्रीय स्तर की उच्च शिक्षण संस्थाएं प्रदेश में संचालित हैं, जिससे गुणवत्तापूर्ण और रोजगारपरक शिक्षा उपलब्ध हो सके। इसी तरह प्रयास और एकलव्य जैसे श्रेष्ठ संस्थानों के माध्यम से भी लगातार सुधार के प्रयास हो रहे हैं। दिल्ली में ट्राइबल यूथ हॉस्टल संचालित है और प्रदेशभर में नालंदा परिसर स्थापित किए जा रहे हैं।

मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि सुरक्षा बलों को माओवाद के विरुद्ध अभियान में लगातार बड़ी सफलताएँ मिल रही हैं। उन्होंने 31 मार्च 2026 तक माओवाद के खात्मे का संकल्प दोहराया। उन्होंने यह भी बताया कि प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी की मंशानुरूप, राष्ट्रीय डेयरी विकास बोर्ड के सहयोग से पशुपालन, मुर्गीपालन जैसी रोजगारमूलक गतिविधियों से लोगों को जोड़ने का कार्य प्रदेश सरकार कर रही है। उन्होंने कहा कि तेंदूपत्ता संग्राहकों के पारिश्रमिक में वृद्धि, चरणपादुका वितरण, रामलला दर्शन योजना सहित ग्राम पंचायतों में पारदर्शिता और सुगमता लाने के लिए अटल डिजिटल सेवा केंद्र स्थापित किए जा रहे हैं। केंद्र सरकार की पीएम जनमन योजना और धरती आबा ग्राम उत्कर्ष अभियान के माध्यम से आदिवासियों के सतत् और समग्र विकास को अमलीजामा पहनाया जा रहा है।

विशिष्ट अतिथि के रूप में उपस्थित झारखंड के पूर्व मुख्यमंत्री श्री अर्जुन मुंडा ने कार्यक्रम को संबोधित करते हुए कहा कि यह हमारा उत्सव का कार्यक्रम है। जल, जंगल, जमीन और अपनी परंपराओं, लोकनृत्य, गीत, मांदर और मृदंग के साथ जीने वाले आदिवासियों की अपनी विशिष्ट पहचान है। उन्होंने कहा कि अपनी जड़ों को मजबूत करते हुए स्वास्थ्य, शिक्षा और अधिकारों के प्रति सजग रहना नितांत आवश्यक है। 

कार्यक्रम को सांसद श्री भोजराज नाग, कांकेर विधायक श्री आशाराम नेताम और केशकाल विधायक श्री नीलकंठ टेकाम सहित गोंडवाना समाज के संभागीय अध्यक्ष श्री सुमेर सिंह नाग, जिला अध्यक्ष श्री राजेश भास्कर तथा श्री राजाराम तोड़ेम ने भी संबोधित किया।

इस अवसर पर मुख्यमंत्री श्री साय ने नरहरपुर क्षेत्र के लिए अनेक घोषणाएँ भी कीं। इनमें 30 करोड़ की लागत से बागोड़ एनीकट का निर्माण, नरहरपुर में 132 केवी विद्युत सब स्टेशन स्थापना हेतु 30 करोड़ रुपये, नरहरपुर में मावा मोदोल लाइब्रेरी के लिए 20 लाख रुपये, ग्राम ढोढ़रापहार में गोंडवाना सामुदायिक भवन निर्माण हेतु 20 लाख रुपये, नरहरपुर में मोबाइल टॉवर की स्थापना, नरहरपुर में सर्वसुविधायुक्त विश्राम गृह निर्माण के लिए 80 लाख रुपये और नरहरपुर विकासखंड के गोंडवाना समाज के सभी 12 मुड़ा क्षेत्रों में 12 टीन शेड निर्माण हेतु 10–10 लाख रुपये के मान से कुल 1 करोड़ 20 लाख रुपये स्वीकृत करने की घोषणा शामिल हैं। इसके अतिरिक्त ग्राम धनेसरा में गोंडवाना समाज द्वारा संचालित जंगोरायतार इंग्लिश मीडियम स्कूल हेतु आवश्यक सहयोग की घोषणा भी की गई।

कार्यक्रम में वन मंत्री श्री केदार कश्यप, कांकेर लोकसभा क्षेत्र के सांसद श्री भोजराज नाग, कांकेर विधायक श्री आशाराम नेताम, अंतागढ़ विधायक श्री विक्रम उसेंडी, केशकाल विधायक श्री नीलकंठ टेकाम, प्रदेश मछुआ कल्याण बोर्ड के अध्यक्ष श्री भरत मटियारा, नगरपालिका परिषद कांकेर के अध्यक्ष श्री अरुण कौशिक, कलेक्टर श्री निलेशकुमार महादेव क्षीरसागर, जिला पंचायत के सीईओ श्री हरेश मंडावी और समाज के प्रमुखजन सहित बड़ी संख्या में ग्रामीणजन उपस्थित थे।
और भी

मंत्री लक्ष्मी राजवाड़े ने ली विभागीय समीक्षा बैठक

महिला एवं बाल विकास तथा समाज कल्याण मंत्री श्रीमती लक्ष्मी राजवाड़े ने बलरामपुर जिले के संयुक्त जिला कार्यालय सभाकक्ष में विभागीय समीक्षा बैठक ली। बैठक में उन्होंने महिला एवं बाल विकास और समाज कल्याण विभाग द्वारा संचालित योजनाओं की गहन समीक्षा कर अधिकारियों को जमीनी स्तर पर प्रभावी क्रियान्वयन और सतत मॉनिटरिंग सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।


मंत्री श्रीमती राजवाड़े ने प्रधानमंत्री मातृत्व वंदना योजना का व्यापक प्रचार-प्रसार करने पर बल देते हुए कहा कि पात्र हितग्राहियों को योजनाओं का लाभ समय पर और पारदर्शिता के साथ मिले। मुख्यमंत्री कन्या विवाह योजना अंतर्गत जरूरतमंद परिवारों को प्राथमिकता से लाभान्वित करने के निर्देश दिए। उन्होंने बाल विवाह रोकथाम की दिशा में गंभीर पहल करने पर जोर देते हुए कहा कि किशोरी बालिकाओं को बाल विवाह के दुष्परिणामों की जानकारी देकर जागरूक बनाया जाए, ताकि राज्य को बाल विवाह मुक्त बनाने का लक्ष्य हासिल हो सके।

बैठक में आंगनबाड़ी केंद्रों के संचालन को लेकर मंत्री श्रीमती राजवाड़े ने कहा कि केंद्र नियमित समय पर खुलें, बच्चों की उपस्थिति और पोषण आहार की गुणवत्ता पर विशेष ध्यान दिया जाए। उन्होंने केंद्रों की साफ-सफाई, अध्यापन व्यवस्था और पोषण वाटिका व रेडी-टू-ईट वितरण की भी समीक्षा की। कुपोषण उन्मूलन पर विशेष जोर देते हुए मंत्री ने एनआरसी सेंटरों के सुचारू संचालन और कुपोषित बच्चों को नियमित आहार उपलब्ध कराने के निर्देश दिए।

मंत्री श्रीमती राजवाड़े ने प्रधानमंत्री जनमन अंतर्गत निर्माणाधीन आंगनबाड़ी भवनों की गुणवत्ता सुनिश्चित कर कार्य शीघ्र पूर्ण करने, रिक्त पदों पर भर्ती प्रक्रिया पारदर्शी तरीके से संचालित करने और आंगनबाड़ी केंद्रों की नियमित मॉनिटरिंग करने को कहा।

महिलाओं के सशक्तिकरण पर बल देते हुए श्रीमती राजवाड़े ने सक्षम योजना की समीक्षा कर महिलाओं को स्वरोजगार एवं उद्यमिता से जोड़ने के निर्देश दिए। साथ ही घरेलू हिंसा की रोकथाम के लिए ग्राम पंचायत स्तर पर जनजागरूकता बढ़ाने की बात कही।

बैठक में महतारी वंदन योजना, चाइल्डलाइन, किशोर न्याय बोर्ड, बाल कल्याण समिति, सखी वन स्टॉप सेंटर सहित विभागीय कार्यक्रमों की प्रगति की समीक्षा की गई। समाज कल्याण विभाग की समीक्षा के दौरान मंत्री ने पेंशन योजनाओं के हितग्राहियों को समय पर लाभ दिलाने और विभाग में रिक्त पदों को शीघ्र भरने के निर्देश भी दिए।

बैठक में समाज कल्याण विभाग की संचालक श्रीमती रोक्तिमा यादव, बलरामपुर कलेक्टर श्री राजेन्द्र कटारा, पुलिस अधीक्षक श्री वैभव बैंकर रमनलाल, महिला एवं बाल विकास विभाग अधिकारी श्रीमती विस्मिता पाटले, प्रभारी उप संचालक समाज कल्याण विभाग सुश्री स्टेला खलखो सहित वरिष्ठ अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित रहे।
और भी

मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय से 26 अग्निवीरों ने की सौजन्य मुलाकात

मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय से आज बलरामपुर जिले के चयनित 26 अग्निवीरों ने सौजन्य मुलाकात की। मुख्यमंत्री ने सभी युवाओं का उत्साहवर्धन करते हुए कहा कि यह उपलब्धि न केवल उनके परिवार, गांव और जिले के लिए गौरव की बात है, बल्कि पूरे छत्तीसगढ़ राज्य के लिए गर्व का विषय है।


मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि अग्निवीर योजना युवाओं को सेना में शामिल होकर देशसेवा का सुनहरा अवसर प्रदान कर रही है। उन्होंने चयनित युवाओं को बधाई देते हुए कहा कि अनुशासन, कर्तव्यनिष्ठा और देशप्रेम की भावना से ही सफलता की नई ऊँचाइयाँ प्राप्त की जा सकती हैं। मुख्यमंत्री ने विश्वास व्यक्त किया कि सेना में शामिल होकर ये युवा सीमाओं की रक्षा करेंगे और आने वाली पीढ़ियों के लिए प्रेरणा बनेंगे।

इस अवसर पर बलरामपुर जिले के चयनित अग्निवीरों में पिंकू पैकरा, जिन्दल, विकाश पैकरा, प्रकाश सिंह, खेल साय, आर्यन, देव नंन्दन पन्ना, नरेन्द्र यादव, रंजीत केरकेट्टा, रमेश पैकरा, प्रियांशु, सनोज, निकिता नरसिंह, शशि किरण, सोहन लाल, महेन्द्र पैकरा, मिथलेश पैकरा, छोंटू, बज्जू पैकरा, पंकज, विवेक पैकरा, विधायक पैकरा, किशुन पैकरा, सोभनाथ पैकरा, अमित कुजूर और एंजेल लकड़ा शामिल रहे।

मुख्यमंत्री ने अतिथि शिक्षक श्री सुदर्शन यादव और उनकी टीम के निःशुल्क सेना भर्ती प्रशिक्षण के उल्लेखनीय प्रयासों की भी सराहना की। उनके प्रशिक्षण से लाभान्वित 30 युवाओं में से 26 युवा अग्निवीर भर्ती में चयनित हुए हैं।
और भी