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दुर्ग जिले में अब तक 160.9 मि.मी. औसत वर्षा दर्ज

  जिले में 01 जून से 15 जुलाई तक 160.9 मिमी औसत वर्षा दर्ज की गई है। कार्यालय कलेक्टर भू अभिलेख शाखा से प्राप्त जानकारी के अनुसार 1 जून से अब तक सर्वाधिक वर्षा 286.2 मिमी पाटन तहसील में तथा न्यूनतम 93.4 मिमी बोरी तहसील में दर्ज की गई है। इसके अलावा तहसील दुर्ग में 110.0 मिमी, तहसील धमधा में 126.3 मिमी, तहसील भिलाई 3 में 150.8 मिमी और तहसील अहिवारा में 197.9 मिमी वर्षा दर्ज की गई है। 15 जुलाई को तहसील दुर्ग में 1.0 मिमी, तहसील धमधा में 2.6 मिमी, तहसील पाटन में 3.2 मिमी, तहसील बोरी में 13.0 मिमी, तहसील भिलाई 3 में 9.2 मिमी एवं तहसील अहिवारा में 6.3 मिमी वर्षा दर्ज की गई है।

 

 

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बस्तर संभाग को मलेरिया मुक्त करने हरसंभव प्रयास किया जाएगा : जायसवाल

 छत्तीसगढ़ शासन के स्वास्थ्य मंत्री श्याम बिहारी जायसवाल ने बीजापुर जिले के अपने एक दिवसीय प्रवास के दौरान बीजापुर जिला सहित बस्तर संभाग के स्वास्थ्य विभाग के कार्यो की विस्तृत समीक्षा की इस दौरान पूर्व मंत्री महेश गागड़ा, अपर मुख्य सचिव स्वास्थ्य मनोज पिंगुआ, स्वास्थ्य संचालक ऋतुराज रघुवंशी, मिशन संचालक राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन जगदीश सोनकर, कलेक्टर अनुराग पाण्डेय, सीईओ जिला पंचायत हेमंत रमेश नंदनवार एवं जनप्रतिनिधिगण उपस्थित थे।

मलेरिया मुक्त छत्तीसगढ़ अभियान के तहत सभी आवासीय स्कूल, पोटाकेबिन, छात्रावास, आश्रम, एकलव्य विद्यालय सहित नवोदय एवं समस्त आवासीय संस्थाओं में शीघ्रतापूर्ण शतप्रतिशत मलेरिया जांच के निर्देश दिए। पाजिटिव्ह प्रकरणों में विद्यार्थियों का अस्पताल में बेहतर ईलाज कराने के निर्देश दिए एवं उनके पालकों को समझाइस देकर मलेरिया के सभी डोज को पूरा करने के लिए जागरूकता लाने को कहा। बरसात के मौसम में मलेरिया, डायरिया और जल जनित बीमारियों के व्यापक रूप से संक्रमण को रोकना अनिवार्य है। जिसके लिए व्यापक स्तर पर कार्य करने, आवासीय स्कूलों में पानी का जमाव न हो, मच्छरदानी का नियमित और अनिवार्य उपयोग सहित दवाईयों का छिड़काव करने के निर्देश दिए। मलेरिया, डायरिया एवं मौसमी बीमारियों के रोकथाम हेतु सभी आवश्यक उपाय अमल में लाने के निर्देश संभाग के सभी सीएमएचओ, सिविल सर्जन एवं डीपीएम को दिए।

 
 
 

बस्तर संभाग के सभी ब्लॉकों में माइकोस्कोप की होगी व्यवस्था-  मलेरिया जांच एवं रिपोर्ट में तत्परता लाने के लिए बस्तर संभाग के सभी ब्लॉक मुख्यालयों में माइक्रोस्कोप की व्यवस्था की जाएगी जिसमें मलेरिया की स्लाईड की जांच की जा सके। इस व्यवस्था से मलेरिया का रिपोर्ट त्वरित मिलने से मरीज को बेहतर उपचार समय पर उपलब्ध होगा। जिससे किसी भी प्रकार की अनहोनी को टाला जा सकेगा।

 
 
 

पोर्टल के माध्यम से मलेरिया परीक्षण की गतिविधियों का राज्य स्तर पर होगा मॉनिटरिंग-  स्वास्थ्य मंत्री श्री जायसवाल ने बस्तर संभाग के सभी जिलों द्वारा मलेरिया की जांच एवं उपचार संबंधित पोर्टल बनाने के निर्देश दिए ताकि राज्य स्तर पर मॉनिटरिंग हो सके।

 

 

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फसल बीमा 31 जुलाई तक

 राज्य शासन कृषि एवं जैव प्रौद्योगिकी विभाग द्वारा उद्यानिकी फसलों में मौसम आधारित खरीफ मौसम में फसल बीमा कराने हेतु 31 जुलाई 2024 तक समय सीमा तय किया गया है। उद्यानिकी फसलों की खेती कर रहे किसानों को विपरीत मौसम जैसे कम तापमान, अधिक तापमान, बीमारी अनुकूल मौसम कीट व्याधियों का प्रकोप लगातार अवर्षा की स्थिति निर्मित होना, ओला वृष्टि आदि होने वाले नुकसान से बचाने पुर्नगठित मौसम आधारित फसल बीमा लागू की गई है। खरीफ वर्ष 2024 में दुर्ग जिले अन्तर्गत बीमा कराने वाले कृषकों को निम्नांकित अधिसूचित फसल के अनुसार निर्धारित कुल बीमित राशि का अधिकतम 5 प्रतिशत अथवा वास्तविक प्रीमियम जो भी कम हो राशि कृषक अंश के रूप में ऋणि एवं अऋणि दोनों प्रकार के कृषकों को जमा करने होंगे। अऋणि कृषक फसल लगाने का स्वघोषित प्रमाण पत्र, नक्शा खसरा, आधार कार्ड, अपने बैंक पासबुक की छाया प्रति जिसमें आईएफसी कोड इत्यादि का उल्लेख हो, जमा कर बीमा करा सकते है।

योजना के अंतर्गत ऋणी कृषकों के लिये विकल्प चयन के आधार पर क्रियान्वित होगी। ऋणी कृषक जो योजना में शामिल नहीं होना चाहते, उन्हें भारत सरकार द्वारा जारी चयन प्रपत्र अनुसार हस्ताक्षरित घोषणा पत्र बीमा आवेदन की अंतिम तिथि के 07 दिवस पूर्व तक सबंधित वित्तीय संस्थान में अनिवार्य रूप से जमा करना होगा। निर्धारित समय-सीमा में हस्ताक्षरित घोषणा पत्र जमा नहीं करने पर संबंधित बैंक द्वारा संबंधित मौसम के लिये स्वीकृत/नवीनीकृत की गई अल्पकालीन कृषि ऋण को अनिवार्य रूप से बीमाकृत किया जाएगा। इस मामले में बैंक द्वारा किसी भी प्रकार की चूक/त्रुटि होने पर सबंधित बैंक किसानों के स्वीकार्य दावों के भुगतान करने के लिये उत्तरदायी होगा।

 

 

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बीजापुर जिला अस्पताल को नए भवन और नए सेटअप की सौगात बहुत जल्द : स्वास्थ्य मंत्री

  एक दिवसीय प्रवास पर बीजापुर पहंुचे छत्तीसगढ़ शासन के स्वास्थ्य मंत्री श्याम बिहारी जायसवाल ने बीजापुर जिला अस्पताल का सघन निरीक्षण किया। इस दौरान विभिन्न वार्डों में पहुंचकर मरीजों एवं उनके परिजनों से मिलकर स्वास्थ्य सुविधाओं की जानकारी ली।

ज्ञात हो कि कन्या आवासीय स्कूल तारलागुड़ा एवं संगमपल्ली में दो छात्राओं का मलेरिया से मृत्यु होने की खबर पर स्वास्थ्य सुविधाओं एवं वस्तुस्थिति का जायजा लेने प्रदेश के मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय के निर्देश में एक दिवसीय प्रवास पर बीजापुर पहुंचकर स्वास्थ्य मंत्री श्याम बिहारी जायसवाल ने स्वास्थ्य सुविधाओं की जानकारी ली। मलेरिया से छात्राओं के मृत्यु की जांच करने एवं भविष्य में इस तरह की घटना की पुनरावृति न हो इसके लिए आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। मलेरिया से पीड़ित छात्र-छात्राओं को देखने जिला अस्पताल पहंुचे, डॉक्टरों को बेहतर ईलाज के निर्देश देते हुए जिला अस्पताल में आने वाले मरीजों का मलेरिया जांच अनिवार्य रूप से करने और मलेरिया पॉजिटिव्ह बच्चों के माता-पिता का भी मलेरिया जांच करने के निर्देश दिए।

 
 
 

इस दौरान सभी मरीजों से बारी-बारी मिलकर उनके ईलाज संबंधी जानकारी ली और बेहतर से बेहतर ईलाज करने के निर्देश दिए।

आईसीयू में बेड की कमी को देखते हुए तत्काल 10 बेड सहित दो डायलिसिस मशीनों की स्वीकृति दी एवं बेहतर स्वास्थ्य सुविधाओं के लिए जिला अस्पताल के लिए सर्वसुविधायुक्त नया भवन, नए सेटअप के लिए जल्द ही स्वीकृत करने की बात कही।

 
 
 

इस दौरान पूर्व मंत्री महेश गागड़ा, अपर मुख्य सचिव स्वास्थ्य मनोज पिंगुआ, स्वास्थ्य संचालक ऋतुराज रघुवंशी, मिशन संचालक राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन जगदीश सोनकर, कलेक्टर अनुराग पाण्डेय, सीईओ जिला पंचायत हेमंत रमेश नंदनवार एवं जनप्रतिनिधिगण उपस्थित थे।

 

 

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उपमुख्यमंत्री ने किया कलेक्टोरेट परिसर में पौध रोपण

 उप मुख्यमंत्री एंव जिले के प्रभारी मंत्री विजय शर्मा ने आज बालोद जिले के प्रवास के दौरान संयुक्त जिला कार्यालय परिसर में नीम के पौधे का रोपण किया। इस अवसर पर कलेक्टर इंद्रजीत सिंह चन्द्रवाल, पुलिस अधीक्षक सुरजन राम भगत, जिला पंचायत के मुख्य कार्यापालन अधिकारी डॉ. संजय कन्नोजे, अपर कलेक्टर चन्द्रकान्त कौशिक, वरिष्ठ जनप्रतिनिधि पवन साहू सहित अन्य जनप्रतिनिधि एंव अधिकारी कर्मचारिगण उपस्थित थे।

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उपमुख्यमंत्री ने पाटेश्वर धाम में श्रीराम जानकीदास जी महाराज की समाधि स्थल में पहुँचकर उन्हें दी श्रद्धांजलि

 उपमुख्यमंत्री एंव जिले के प्रभारी मंत्री विजय शर्मा ने बालोद जिले के प्रवास के दौरान डौंडीलोहारा विकासखण्ड के जामड़ीपाट स्थित पाटेश्वर धाम में सद्गुरु स्व. श्री राम जानकीदास जी महाराज के समाधि स्थल में पहुंचकर उन्हें पुष्पांजलि अर्पित की। इस दौरान उन्होंने सद्गुरु स्व. श्री राम जानकीदास जी के शिष्य एवं पाटेश्वर धाम के संचालक संत श्री बालकदास के कक्ष में पहुँचकर उनसे मुलाकात की। इस अवसर पर उपमुख्यमंत्री श्री शर्मा ने श्री बालकदास के साथ विभिन्न विषयों पर चर्चा की। इसके पश्चात गृहमंत्री श्री शर्मा, संत श्री बालकदास एवं अन्य अतिथियों ने पाटेश्वर धाम के ऊपर मन्दिर से पैदल चलकर मन्दिर परिसर के निचले हिस्से में स्थित शिव मन्दिर में पहुँचकर भगवान शंकर की पूजा-अर्चना की। इसके पश्चात् गृह मंत्री श्री शर्मा, संत श्री बालकदास एवं  अतिथियों ने ग्राम बड़े जूँगेरा में पहुँचकर ग्रामीणों के साथ बैठक की। ग्रामीणों को संबोधित करते हुए गृह मंत्री श्री शर्मा ने ग्राम पंचायत के सरपंच एंव ग्रामीणों के सभी मांगो को पूरा करने का आश्वासन भी दिया। इस दौरान ग्रामीणों ने उपमुख्यमंत्री से हाई स्कूल भवन, सामुदायिक भवन, पचरी निर्माण करने आदि की मांग की। श्री शर्मा ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के सहयोग एवं आशीर्वाद से विष्णुदेव साय के रूप में आदिवासी नेता को राज्य की मुख्यमंत्री की जिम्मेदारी सौंपी गई है। इसी तरह आज देश के राष्ट्रपति जैसे सर्वोच्च पद पर आदिवासी महिला श्रीमती द्रौपदी मुर्मू विराजमान है। इसके अलावा उड़ीसा राज्य के मुख्यमंत्री भी एक आदिवासी को बनाया गया है। उपमुख्यमंत्री श्री शर्मा ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व वाले केन्द्र सरकार एवं विष्णुदेव साय के नेतृत्व वाले छत्तीसगढ़ सरकार आदिवासी समाज सहित सभी वर्गों के सार्वंगीण विकास के लिए कृत संकल्पित है। उन्होंने पाटेश्वर धाम के निर्माण के उद्देश्यों के संबंध में जानकारी देते हुए कहा कि क्षेत्र की जनता एवं मानव कल्याण के लिए पाटेश्वर धाम की स्थापना की गई है। समारोह को संबोधित करते हुए संत श्री बालक दास ने पाटेश्वर धाम के उद्देश्यों के संबंध में जानकारी दी। उन्होंने आम जनता को इस पूनीत कार्य में सक्रिय सहभागिता सुनिश्चित करने की अपील की। इस अवसर पर पूर्व जिला पंचायत अध्यक्ष देवलाल ठाकुर, वरिष्ठ जनप्रतिनिधि पवन साहू, पूर्व नगर पालिका अध्यक्ष यज्ञदत्त शर्मा सहित कलेक्टर इन्द्रजीत सिंह चन्द्रवाल, पुलिस अधिक्षक एसआर भगत, जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी डाॅ. संजय कन्नौजे, एडीशनल एसपी अशोक जोशी एवं सरपंच नीलिमा टेकाम के अलावा अन्य जनप्रतिनिधि, अधिकारी-कर्मचारी तथा ग्रामीणजन उपस्थित थे।

 
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छत्तीसगढ़ में मलेरिया के टूटे डंक, बस्तर में अब आधे ही रह गये मामले

 घने जंगलों और दुर्गम क्षेत्रों वाले बस्तर संभाग में मलेरिया जैसी बीमारियों की रोकथाम हमेशा से एक कड़ी चुनौती रही है, लेकिन इसके बावजूद हालात तेजी से बदले भी हैं। मुख्यमंत्री  विष्णुदेव साय ने बारिश के मौसम को देखते हुए राज्य के स्वास्थ्य विभाग को मलेरिया जैसी बीमारियों की रोकथाम के लिए सक्रिय कदम उठाने के निर्देश दिए हैं। इन निर्देशों से बस्तर सहित पूरे राज्य में मलेरिया के मामलों में उल्लेखनीय कमी आई है, जो एक बड़ी उपलब्धि है। इस बारिश के दौरान मलेरिया उन्मूलन की दिशा में प्रयासों को तेज करने के मुख्यमंत्री के निर्देश पर स्वास्थ्य मंत्री श्री श्याम बिहारी जायसवाल बीजापुर जिले के दौरे पर हैं। 


छत्तीसगढ़ के मलेरिया के कुल मामलों में से 61.99 फीसदी दंतेवाड़ा, बीजापुर, और नारायणपुर से आते हैं। इन जिलों में स्वास्थ्य विभाग की सक्रियता और मुख्यमंत्री के निर्देशन में किए गए कार्यों से मलेरिया के मामलों में काफी कमी आई है। 
बस्तर संभाग में मलेरिया के मामलों में 50 फीसदी की कमी आई है। मलेरिया के वार्षिक परजीवी सूचकांक दर के अनुसार, 2018 में छत्तीसगढ़ में मलेरिया की दर 2.63 फीसदी थी जो 2023 में घटकर 0.99 फीसदी रह गई है। इसी तरह बस्तर में यह दर 16.49 फीसदी से घटकर 7.78 फीसदी रह गई है।

मलेरिया उन्मूलन अभियान के तहत 2020 से 2023 के दौरान, पहले से नौंवे चरण तक मलेरिया धनात्मक दर 4.60 फीसदी से घटकर 0.51 फीसदी हो चुकी है। इस अभियान का दसवां चरण भी 5 जुलाई 2024 को समाप्त हुआ है। इस अभियान के तहत राज्य में 22 जिलों में 16.97 लाख कीटनाशक युक्त मच्छरदानियों का वितरण भी किया गया है।

स्वास्थ्य विभाग ने 2024 की पहली छमाही में मलेरिया के मामलों की रिपोर्ट जारी की है, जिसमें बस्तर जिले में 1660 केस, बीजापुर में 4441, दंतेवाड़ा में 1640, कांकेर में 259,  कोंडागांव जिले में 701, नारायणपुर जिले में 1509 और सुकमा में 1144 केस दर्ज किए गए हैं। इस प्रकार, स्वास्थ्य विभाग ने सभी जिलों में मलेरिया के मामलों की निगरानी बढ़ाने और उपचार सुविधाओं को सुदृढ़ करने के लिए कदम उठाए हैं।

मुख्यमंत्री के निर्देशानुसार, राज्य सरकार ने जनता से अपील की है कि मलेरिया के लक्षण दिखने पर तुरंत निकटतम स्वास्थ्य केंद्र पर जाएं और समय पर उपचार करवाएं। मलेरिया के मामलों में आई यह कमी सरकार की सतर्कता और जनता की जागरूकता का परिणाम है। 

छत्तीसगढ़ सरकार के निरंतर प्रयास और जनसहभागिता के कारण मलेरिया पर नियंत्रण पाने में राज्य ने महत्वपूर्ण प्रगति की है, जो आने वाले समय में इस बीमारी के उन्मूलन की दिशा में एक बड़ा कदम है।
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जनदर्शन में कलेक्टर ने सुनी आवेदकों की मांग व समस्याएं

 कलेक्ट्रेट में आयोजित जन चौपाल में सोमवार को कलेक्टर प्रभात मलिक ने जिले के आमजनों की मांगों एवं समस्याओं को गम्भीरतापूर्वक सुनकर संबंधित विभाग के अधिकारियों को नियमानुसार कार्यवाही एवं शीघ्र निराकरण करने के निर्देश दिए। जन चौपाल में आज ग्रामीण और शहरी क्षेत्र के 34 आवेदकों ने अपनी मांग एवं समस्याओं से संबंधित आवेदन प्रस्तुत किए। इस अवसर पर अपर कलेक्टर रवि साहू, डिप्टी कलेक्टर आशीष कर्मा सहित संबंधित अधिकारी उपस्थित थे। कलेक्टर ने सभी आवेदकों की समस्याएं बारी-बारी सुनी और संबंधित अधिकारियों को निर्धारित समय-सीमा के भीतर आवेदकों की समस्याओं का निराकरण करने कहा।


आज जन चौपाल में प्रधानमंत्री आवास की मांग को लेकर ग्राम जामजुड़ा के धनमेत साहू एवं पुराना रावण भाठा महासमुंद की श्रीमती देववती देवांगन ने कलेक्टर के हाथों आवेदन सौंपा। इसी प्रकार वृद्धापेंशन का लाभ दिलवाने हेतु ग्राम कन्हारपुरी की श्रीमती राधा बाई यादव, नयापारा महासमुंद के पूरन बघेल एवं ग्राभ जेराभरन के अरखित साहू ने अपने आवेदन सौंपे। इसके अलावा ग्राम बिहाझर के कोमल साहू ने पी.एम. मुद्रा लोन स्वीकृत कराने आवेदन दिया। साथ ही जाति प्रमाण पत्र, अवैध कब्जा हटाने, स्वस्थ भारत मिशन के तहत शौचालय राशि दिलाने आवेदकों द्वारा आवेदन प्रस्तुत किया गया।

 

 

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मुख्यमंत्री के निर्देश पर किसानों को सुगमता से मिल रहा है खाद-बीज

 मुख्यमंत्री विष्णु देव साय के निर्देश पर प्रदेश के किसानों को उनकी मांग के अनुरूप सुगमता के साथ प्रमाणित खाद-बीज का वितरण किया जा रहा है। कृषि मंत्री रामविचार नेताम के मार्गदर्शन में कृषि विभाग के अधिकारियों द्वारा इन पर निरंतर निगरानी रखी जा रही है। प्रदेश के किसानों को अब तक 8.61 लाख मीट्रिक टन खाद जो लक्ष्य का 63 प्रतिशत वितरित हो चुका है। इसी प्रकार किसानों को 7.85 लाख क्विंटल प्रमाणित बीज का वितरण किया जा चुका है, जो लक्ष्य का 80 प्रतिशत है।
 
कृषि विभाग के अधिकारियों ने बताया कि प्रदेश में मानसून की बौछारों के साथ शुरू हुए खेती-किसानी में बोनी का रकबा भी निरंतर बढ़ते जा रहा है। राज्य में अब तक 23.02 लाख हेक्टेयर क्षेत्र में विभिन्न फसलों की बोनी हो चुकी है। राज्य सरकार द्वारा इस खरीफ सीजन में 48.63 लाख हेक्टेयर क्षेत्र में विभिन्न फसलों की बोनी का लक्ष्य रखा गया है।



कृषि विभाग के अधिकारियों ने बताया कि 08 जुलाई 2024 की स्थिति में प्रदेश में अब तक 200.8 मिमी औसत वर्षा दर्ज की गई है, जबकि प्रदेश की औसत वार्षिक वर्षा 1236 मिमी है।  



अधिकारियों ने बताया कि इस वर्ष खरीफ 2024 के लिए प्रदेश में 9.78 लाख क्विंटल प्रमाणित बीज वितरण का लक्ष्य रखा गया है, जिसमें से 9.04 लाख क्विटल बीज का भंडारण कर अब तक 7.85 लाख क्विंटल बीज का वितरण किसानों को किया जा चुका है, जो लक्ष्य का 80 प्रतिशत है।



इसी प्रकार प्रदेश में इस खरीफ सीजन में 13.68 लाख मेट्रिक टन उर्वरक वितरण का लक्ष्य निर्धारित किया गया है। उक्त लक्ष्य के विरूद्ध 12.80 लाख मेट्रिक टन उर्वरकों का सहकारी एवं निजी क्षेत्रों में भंडारण किया गया है। उक्त भंडारण के विरूद्ध 8.61 लाख मेट्रिक टन उर्वरकों का वितरण किसानों को किया जा चुका है, जो लक्ष्य का 63 प्रतिशत है।    



गौरतलब है कि मुख्यमंत्री साय ने कृषि विभाग की समीक्षा बैठक में प्रदेश के किसानों को सुगमता से उनकी मांग के अनुरूप खाद-बीज सुगमता से उपलब्ध कराने के निर्देश अधिकारियों को दिए गए हैं। खाद-बीज वितरण व्यवस्था में किसी भी प्रकार की लापरवाही पर कड़ी कार्यवाही करने के भी निर्देश दिए हैं। साथ ही सोसायटियों में पर्याप्त खाद-बीज का भण्डारण कर सतत निगरानी करने को कहा है।

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प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना: किसानों को प्राकृतिक आपदाओं से फसल नुकसान से मिलेगी राहत

  प्राकृतिक आपदाओं से होने वाले फसल नुकसान से किसानों को राहत दिलाने के लिए छत्तीसगढ़ में प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना संचालित की जा रही है। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने कृषि विभाग के मैदानी अमले के अधिकारियों को इस बीमा योजना का लाभ दिलाने के लिए सभी किसानों का पंजीयन कराने के निर्देश दिए हैं, जिससे कि प्राकृतिक आपदाओं से फसल प्रभावित होने पर उन्हें क्षतिपूर्ति मिल सकें। 

 

छत्तीसगढ़ सरकार की कृषि विभाग द्वारा खरीफ वर्ष 2024 के लिए प्रधानमंत्री फसल बीमा के लिए जारी अधिसूचना के अनुसार योजना का लाभ लेने के लिए किसानों को पंजीयन कराना जरूरी है। इसके लिए अंतिम तिथि 31 जुलाई 2024 निर्धारित की गई है। किसान मुख्य फसल धान सिंचित, असिंचित तथा अन्य फसल मक्का, उड़द, कुटकी इत्यादि फसलों का बीमा करा सकते हैं।

 

गौरतलब है कि प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना के तहत प्रतिकूल मौसम, सूखा, बाढ़, जलप्लावन, ओलावृष्टि आदि प्राकृतिक आपदाओं से किसानों को होने वाली नुकसान से राहत दिलाई जाती है। योजना में ऋणी और अऋणी किसान जो भू-धारक व बटाईदार हो, शामिल हो सकते हैं। ऐसे किसान जो अधिसूचित ग्राम में अधिसूचित फसल के लिए बीमा कराना चाहते हैं वे नियत तिथि के पूर्व अपना फसल बीमा करा सकते हैं। इसके लिए किसान अपना आधार कार्ड, ऋण पुस्तिका, बी-1 पॉचशाला खसरा, बैंक पासबुक की छायाप्रति एवं बोनी प्रमाण पत्र के साथ पंजीयन कराना होगा। किसान बैंक अथवा चॉईस सेंटरों के माध्यम से अपनी फसलों का बीमा करा सकते हैं। 

 

शासन द्वारा जारी अधिसूचना अनुसार बेमेतरा, बस्तर, कोरिया बीजापुर, सारंगढ़-बिलाईगढ़, कबीरधाम, जांजगीर-चांपा, गरियाबंद, मोहला-मानपुर-अंबागढ़ चौकी, सक्ती और कंाकेर जिला के लिए बजाज जनरल इंश्योरेंस कम्पनी लिमिटेड, राजनांदगांव, धमतरी, कोरबा, जशपुर, नारायणुर, खैरागढ-छुईखदान-गंडई, महासमुन्द, रायगढ़, सूरजपुर और कोण्डागांव जिला के लिए एग्रीकल्चर इंश्योरेंस कम्पनी ऑफ इंडिया लिमिटेड तथा दुर्ग, बिलासपुर, मनेन्द्रगढ़-चिरमिरी-भरतपुर, सुकमा, मुंगेली, सरगुजा, बलौदाबाजार-भाटापारा, बालोद, रायपुर, दंतेवाड़ा, बलरामपुर एवं गौरेला-पेण्ड्रा-मरवाही जिला के लिए एचडीएफसी जनरल इंश्योरेंस कम्पनी लिमिटेड को बीमा हेतु अधिकृत किया गया है। किसानों से अपील की गई है कि वे अधिसूचित खरीफ फसलों का बीमा कराकर अधिक से अधिक योजना का लाभ लें। इस संबंध में विस्तृत जानकारी के लिए किसान क्षेत्रीय ग्रामीण कृषि विस्तार अधिकारी अथवा नजदीकी बैंक शाखा से सम्पर्क किया जा सकता है।

 

 

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मोहर्रम के अवसर पर शुष्क दिवस घोषित

 राजनांदगांव कलेक्टर एवं जिला दण्डाधिकारी संजय अग्रवाल ने 17 जुलाई 2024 को मोहर्रम के अवसर पर शुष्क दिवस घोषित किया है। कलेक्टर ने जिले के सभी देशी मदिरा एवं विदेशी मदिरा की फुटकर दुकानों तथा रेस्टोरेंट बार, होटल, बार, क्लब, मद्य भण्डारण-भाण्डागार को सम्पूर्ण दिवस बंद रखने के आदेश दिए हैं।

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उप मुख्यमंत्री अरुण साव आज गरियाबंद जिले के प्रवास पर

 उप मुख्यमंत्री अरुण साव 15 जुलाई को गरियाबंद जिले के प्रवास पर जाएंगे। वे 15 जुलाई को दोपहर साढ़े 12 बजे रायपुर के शंकर नगर स्थित नवबोध टॉवर में एचडीएफसी बैंक के उद्घाटन के बाद दोपहर एक बजे गरियाबंद जिले के लिए रवाना होंगे। वे दोपहर ढाई बजे गरियाबंद के कोपरा में ग्राम कोपरा को नगर पंचायत का दर्जा मिलने पर आयोजित अभिनंदन समारोह में शामिल होंगे। उप मुख्यमंत्री श्री साव दोपहर साढ़े तीन बजे कोपरा से नवा रायपुर के लिए प्रस्थान करेंगे। वे शाम पांच बजे नवा रायपुर स्थित मंत्रालय (महानदी भवन) पहुंचेंगे।

 

 

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बच्चों की शिक्षा की राह आसान करने जीई फाउंडेशन ने दी पाठ्य सामग्री

  सामाजिक सेवा संस्थान गोल्डन एंपथी (जीई) फाउंडेशन ने शिक्षा अभियान के अंतर्गत तीसरा चरण 13 जुलाई को शासकीय प्राथमिक शाला स्टेशन मरोदा-2 में आयोजित किया। इस दौरान फाउंडेशन की ओर से सभी बच्चों का स्वागत किया गया। संयोजक प्रदीप पिल्लई ने बच्चों का मार्गदर्शन करते हुए करियर निर्माण में चुनौतियों का सामना करने तैयार रहने का आह्वान किया।

उन्होंने कहा कि फाउंडेशन की ओर से भविष्य में भी वंचित बच्चों के लिए हर संभव पहल की जाएगी, जिससे बच्चे अपनी शिक्षा की राह आसान कर सकें। इस दौरान फाउंडेशन की ओर से इन बच्चों को पाठ्य सामग्री का वितरण किया गया। वहीं सत्र 2023-24 में अपनी-अपनी कक्षाओं मे प्रथम, द्वितीय और तृतीय स्थान पाने वाले बच्चों को पुरस्कृत किया गया। पाठ्य सामग्री पा कर सभी बच्चे बेहद खुश नजर आए। कार्यक्रम में प्रधान पाठक श्रीमती सावित्री वर्मा, शिक्षक श्रीमती अंशिता मिश्रा, ओमप्रकाश जंघेल,रवि कुमार सिस्ता और शाला के सभी स्टाफ मौजूद थे।

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बोरिया सब्जी बाजार में प्रमुख रोड पर बेची जा रही है सब्जी

 सेक्टर चार  बोरिया साप्ताहिक बाजार व्यवस्थित करने की दिशा में भिलाई निगम द्वारा कवायद शुरू कर दी गई है। शहर के सबसे पुराने साप्ताहिक बाजारों में एक बोरिया मार्केट इन दिनों सड़क तक पहुंच गया है जिसके कारण दुर्घटनाओं की आशंका बढ़ गई है। इसे देखते हुए नगर पालिक निगम भिलाई के जोन पांच में शनिवार को आवश्यक बैठक हुई। जोन अध्यक्ष राजेश चौधरी और अफसरों के बीच हुई बैठक में नगर सेवा विभाग भिलाई स्टील प्लांट व एसपी को पत्र लिखकर संयुक्त कार्रवाई पर सहमति बनी।

बता दें बोरिया मार्केट सेक्टर 4 भिलाई के पुराने बाजारों में से एक है। बरसों से बाजार लगते लगते इतना बड़ा हो गया कि अब मैदान के अलावा प्लांट की ओर जाने वाले प्रमुख रोड पर भी सब्जी बेची जा रही है। हजारों लोग सब्जी खरीदने दूर-दूर से आते हैं। जिसके कारण आवागमन बाधित हो रहा है। दुर्घटना होने का संभावना बनी रहती है। इस परेशानी को देखते हुए जोन समिति के सदस्यों ने भिलाई नगर सेवा विभाग व दुर्ग एसपी को पत्र लिखने लिखने की अनुशंसा की गई। बोरिया सब्जी मार्केट सड़क से हटवा कर मैदानी क्षेत्र में व्यवस्थित करने बैठक में मौजूद सभी पार्षद सहमत हुए।

भारी वाहनों की रहती है आवाजाही भिलाई निगम जोन-5 के अध्यक्ष राजेश चौधरी ने बताया कि बोरिया मार्केट के मूल स्थल पर काफी मैदानी क्षेत्र है लेकिन सब्जी लगाने वाले बीएसपी बोरिया गेट की प्रमुख सड़क पर पसरा लगा देते हैं। इसके कारण 30 फीट की सड़क 10 फीट की रह जाती है। इस रोड पर हैवी वाहनों की आवाजाही दिनभ लगी रहती है। कभी भी यहां बड़ा हादसा होने का अंदेशा है। नगर सेवा विभाग व पुलिस विभाग संयुक्त रूप से कार्रवाई कर ऐसे सभी पसरा वालों को व्यस्थित कर बोरिया मार्केट के मूल स्थल मैदानी क्षेत्र में लगाया जाए जिससे बाजार में आने वालों को भी सहुलियत हो।

अव्यस्थित ठेले वालों को भी करेंगे व्यवस्थित चौक चौराहों पर अवस्थित ढंग से व्यापार करने वाले, फल बेचने वाले ठेले, चाट गुपचुप, फेरी लगाकर बेचने वाले दुकानदारों को भी व्यवस्थित करने एवं सड़क पर घूम रहे आवारा पशुओं को भी पकडऩे के लिए शीघ्र कार्रवाई करने पर जोर दिया गया। जिससे सेक्टर क्षेत्र की सुंदरता बनी रहे । इसके लिए भिलाई स्टील प्लांट एवं नगर पालिक निगम भिलाई मिलकर कार्य करें। मीटिंग के दौरान जोन 5 के अध्यक्ष राजेश चौधरी, एमआईसी सदस्य एकांश बंछोर, पाषर्द, जोन आयुक्त अमिताभ शर्मा, कार्यपालन अभियंता के के गुप्ता, जोन स्वास्थ्य अधिकारी वी सैमुअल, उप अभियंता दीपक देवांगन, प्रभा लाकड़ा आदि उपस्थित रहे।

 
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सांसद बघेल से मिला एचएमएस यूनियन का प्रतिनिधिमंडल

 एचएमएस यूनियन से संबद्ध भिलाई श्रमिक सभा के अध्यक्ष एच एस मिश्रा व महासचिव देवेन्द्र कुमार सिंह के नेतृत्व में एक प्रतिनिधि मंडल ने सांसद दुर्ग विजय बघेल से उनके सेक्टर 5 निवास कार्यालय में मुलाकात की। इस अवसर पर बघेल को सेल कर्मचारियों के लंबित मांगों का एक ज्ञापन सौंपकर उनसे दिल्ली में इस्पात मंत्री से पहल करते हुए निराकरण कराने का आग्रह किया गया।

भिलाई श्रमिक सभा के अध्यक्ष एच एस मिश्रा एवं महासचिव देवेन्द्र कुमार सिंह ने सांसद विजय बघेल को सौंपे गए ज्ञापन में बताया है कि दिनांक 1 जनवरी 2017 से लंबित सेल के आधे अधूरे वेतन समझौते को अंतिम रूप दिया जाना जरूरी है। वहीं नाइट शिफ्ट अलाउंस में अधिकारी और कर्मचारियों में हुए भेद भाव को दुर करते हुए दोनों के लिए 200 रुपए होनी चाहिए। 

जनवरी 2017 से अब तक एचआरए में कोई बढ़ोत्तरी नहीं हुई है। प्रतिनिधिमंडल द्वारा 39 माह के बकाया एरियर्स पर सेल प्रबंधन के मजदूर विरोधी रुख से अवगत कराते हुए सांसद बघेल को बताया गया कि इस वेतन समझौते को जिसमें ऐतिहासिक विलंब हो चुका है जिससे कर्मचारियों के सब्र की पराकाष्ठा पार हो चुकी है, कर्मचारियों के मनोभाव को समझते हुए आप इस्पात मंत्री से आग्रह कर इस वेतन समझौते को पूर्णता प्रदान करवाने का प्रयास करें। इस प्रतिनिधि मंडल में एच एस मिश्रा, प्रेम सिंह चन्देल, जी जोगेंद्र राव, देवेन्द्र कुमार सिंह, एच एन भारती, वी के पाण्डेय, वी के पटेल, एन के सिंह, टीका राम साहू, धनीराम सोनवानी, अशोक पंडा एवं विशाल कुमार उपस्थित थे।

 

 

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बीएससी नर्सिंग प्रवेश परीक्षा आयोजित

  मोहला-मानपुर-अंबागढ़ चौकी जिले में 14 जुलाई 2024 को बीएससी नर्सिंग 2024 प्रवेश परीक्षा, छत्तीसगढ़ व्यापम के निर्देशानुसार आयोजित हुई। जिला कलेक्टर  एस जयवर्धन के दिशा निर्देशन में जिला नोडल अधिकारी अविनाश ठाकुर एवं जिला समन्वयक पुरुषोत्तम लाल साहू के नेतृत्व में जिले के दो परीक्षा केंन्द्रों सेजेस मोहला एवं शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय रेंगाकठेरा में बीएससी नर्सिंग प्रवेश परीक्षा 2024 संपन्न हुई। इस प्रवेश परीक्षा के लिए 619 परीक्षार्थियों ने ऑनलाइन आवेदन किया था। जिसमें से 337 परीक्षार्थी परीक्षा में उपस्थित हुए एवं 282 परीक्षार्थी अनुपस्थित रहे।

 


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स्वास्थ्य मंत्री आज बीजापुर प्रवास पर

  छत्तीसगढ़ के स्वास्थ्य मंत्री श्याम बिहारी जायसवाल सोमवार 15 जुलाई को बीजापुर जिले के एक दिवसीय प्रवास पर रहेंगे। इस दौरान जिले के स्वास्थ्य सुविधाओं, मौसमी एवं जलजन्य बीमारियों से निपटने के लिए व्यापक तैयारियों का जायज़ा लेंगे। स्वास्थ्य मंत्री श्री जायसवाल ज़िला चिकित्सालय का दौरा भी करेंगे और समीपवर्ती पोटाकेबिन छात्रावास का भी निरीक्षण करेंगे तथा जिला पंचायत सभागार बीजापुर में बस्तर संभाग के सभी जिलों के स्वास्थ्य प्रमुखों सीएमएचओ सिविल सर्जन एवं डीपीएम की समीक्षा बैठक भी  लेंगे जिला प्रमुखों द्वारा मंत्री  को जिले में वर्षा ऋतु की बीमारियों की रोकथाम के संबंध में विस्तृत रिपोर्ट प्रस्तुत की जायेगी। श्री जायसवाल के साथ अतिरिक्त मुख्य सचिव स्वास्थ्य मनोज पिंगुआ एवं स्वास्थ्य संचालक ऋतुराज रघुवंशी भी रहेंगे।

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सीईओ व डिप्टी कलेक्टर ने ली बीजादूतीर स्वयंसेवकों की बैठक

 कलेक्टर अनुराग पांडेय के मार्गदर्शन में संचालित बीजादूतीर कार्यक्रम अंतर्गत भोपालपटनम जनपद सीईओ व डिप्टी कलेक्टर दिलीप उइके ने ब्लॉक स्तरीय बीजादूतीर स्वयंसेवकों का मासिक बैठक लिया। बैठक में दिलीप उईके द्वारा बीजादूतीर में जुड़े नए स्वयंसेवकों का स्वागत किया गया । जिला समन्वयक अशोक पाण्डेय द्वारा बीजादूतीर के कार्यक्षेत्र स्वास्थ्य, पोषण, सुरक्षित मातृत्व, बाल विकास, बाल श्रम, बाल सुरक्षा 1098 सहायता नंबर की जानकारी, मानसिक स्वास्थ्य पर जानकारी देते हुए लोगों को सहायता दिलाने हेतु आईवीआर नंबर की जानकारी  दी गई एवं कुपोषित बच्चों को एनआरसी भेजने, आंगनबाड़ी व स्कूल में पोषण वाटिका बनाने आदि कार्य की जानकारी दिया गया। इस दौरान दिलीप उईके के द्वारा शासकीय योजनाओं जैसे आधार कार्ड, आयुष्मान कार्ड, पेंशन योजना, महतारी वंदन योजना, राशन कार्ड, शाला त्यागी बच्चों को प्रवेश दिलाने में सहयोग करने व गांव के अंतिम व्यक्ति तक लाभ पहुंचाने को कहा। उन्होंने कहा की गाँव के व्यक्ति सीधे प्रशासन से नही मिल पाते लोगों में जागरुकता और सही जानकारी का अभाव रहता है। गांव का युवा अपनी गांव की समस्या को खुद पहचान कर समाधान कर सकता है जिला प्रशासन और लोगों के बीच का अंतर को समन्वय करने का कार्य करता है। बीजादूतीर एक कड़ी के रूप में कार्य कर रहा है। किसी भी युवा को गाँव मे कोई भी समस्या होने पर त्वरित निराकरण हेतु सीधे संपर्क करने को कहा। बैठक में 30 से अधिक बीजादूतीर स्वयंसेवक शामिल हुए।

 

 

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