भानुप्रतापुर (छत्तीसगढ़ दर्पण)। छत्तीसगढ़ में सियासत इन दिनों छत्तीसगढ़ के मूल निवासी होने या ना होने को लेकर हो रही है। भाजपा नेता नितिन नबीन के बयान से शुरू हुआ विवाद अब भी जारी है। भाजपा के हिंदूवादी फायर ब्रांड नेता और किसान मोर्चा के प्रदेश उपाध्यक्ष गौरीशंकर श्रीवास ने कांग्रेस के छत्तीसगढ़ियावाद को मुख्य मुद्दों से ध्यान भटकाने के लिए रचा गया प्रपंच करार दिया है।
गौरीशंकर श्रीवास ने कहा, क्षेत्रवाद के नाम पर खेली जा रही नौटंकी
गौरीशंकर श्रीवास ने कहा कि छत्तीसगढ़ में कांग्रेस संगठन और सरकार की तरफ से पिछले चार साल से क्षेत्रवाद की नौटंकी खेली जा रही और असल में मूल मुद्दों से ध्यान भटकाने की इनकी क़वायद है, वरना ऐसा नही है कि छत्तीसगढ़ के लोग तीज त्योहार नही मानते थे। ऐसा भी नही कि किसी ज़िले में छत्तीसगढ़ महतारी की प्रतिमा ना हो। श्रीवास ने कहा कि शिक्षा रोज़गार आदिवासीयो के अधिकार के मूल विकास के सवाल से भागने के लिए आम लोगों की भावना से खेला जा रहा है।
राज्यसभा सांसदों की स्थानीयता दिलाई याद
भाजपा नेता ने छत्तीसगढ़ कोटे से राज्यसभा भेजे गए कांग्रेस सांसद केटीएस तुलसी , रंजीता रंजन और राजीव शुक्ला का नाम लेते हुए कहा कि छत्तीसगढ़ की अस्मिता की बात करने वालो इन तीनो सांसदों का चेहरा देखकर ये चिंतन करना चाहिए कि वो किस मुहाने में खड़े है। प्रदेश के युवा आत्महत्या कर रहे माताए सड़क में बिलख रही है, क़ानून नाम की चीज़ बची नही बेटियों को सुरक्षा नही दे पा रहे और जल जंगल ज़मीन बेच खाये और छत्तीसगढ़ महतारी के सम्मान की बात किस मुँह से करते है,यह समझ से परे है।
भानुप्रतापुर उपचुनाव में कांग्रेस उठाएगी छत्तीसगढियावाद का मुद्दा ?
इधर छत्तीसगढ़ की महिलाओं के कांग्रेस प्रवक्ता धनंजय सिंह ठाकुर ने कहा कि भानूप्रतापपुर के उपचुनाव में भानुप्रतापपुर के मतदाता भाजपा को करारी मात देकर छत्तीसगढ़ महतारी का अपमान करने वाले और छत्तीसगढ़ियावाद की बात नहीं करने वाले भाजपा को सबक सिखाएगी।भाजपा प्रदेश प्रभारी नितिन नवीन ने छत्तीसगढ़ महतारी का अपमान किया है और छत्तीसगढ़ियावाद के विरोध में बयान देकर प्रदेश के 2 करोड़ 94 लाख जनता के मान स्वाभिमान को चोट पहुँचाया है।
छत्तीसगढ़ प्रदेश कांग्रेस प्रवक्ता धनंजय सिंह ठाकुर ने भाजपा नेताओ से सवाल किया कि वह छत्तीसगढियावाद के समर्थन में है या नितिन नवीन की तरह ही छत्तीसगढ़ियावाद की बात नही करेंगे? कांगेस प्रवक्ता ने कहा कि सत्ता में रहते भाजपा ने आदिवासी समाज के आरक्षण के पक्ष को न्यायालय में मजबूती के साथ नहीं रखा आदिवासी नेता ननकीराम कंवर की कमेटी की सिफारिश को भी नहीं रखा ऐसे में भारतीय जनता पार्टी का छत्तीसगढ़ महतारी विरोधी ,आरक्षण विरोधी और छत्तीसगढियावाद विरोधी चरित्र जनता के बीच उजागर हो चुका है।
क्या मचा है विवाद ?
गौरतलब है कि हाल ही में मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने घोषणा की थी कि राज्य के हर जिले में छत्तीसगढ़ महतारी यानि छत्तीसगढ़ की माता ( भारत माता का ही स्वरूप) की प्रतिमा लगाई जाएगी ,जिसपर भाजपा के छत्तीसगढ़ सह प्रभारी नितिन नबीन ने सवाल उठाते हुए कहा था कि मूर्ति लगाने से कुछ नहीं होगा हम छत्तीसगढ़ियावाद की बात नहीं, हम भारतीयतावाद की बात करते हैं। भाजपा नेता के इसी बयान के बाद से छत्तीसगढ़ में छत्तीसगढ़ियावाद को लेकर बयानबाज़ी तेज है।