छत्तीसगढ़

दिवंगत पंचायत शिक्षक अनुकंपा संघ मांग को लेकर छठे दिन रहा धरने पर

 रायपुर (छत्तीसगढ़ दर्पण)। दिवंगत पंचायत  शिक्षक अनुकंपा  संघ का दूसरा संगठन भी रायपुर के बूढ तालाब धराना स्थल पर 6 दिनों से धरने पर हैं। प्रांताध्यक्ष अश्वनी सोनवानी ने बताया कि हमारे संघ को एक ही मांग को लेकर बार-बार धरने पर बैठकर सरकार को बताना पढ़ रहा है कि पंचायत शिक्षक की अनुकंपा नियुक्ति की मांग पूरी नहीं हुई है हम चाहते हैं क़ि सरकार जल्द जल्द हमारी मांग करे। उन्होंने कहा कि हमारा संगठन गांधीवादी आंदोलन में विश्वास करता हैं। हमारे छत्तीसगढ. के मुख्यमंत्री भूपेश बघेल को अपनी मांग को बार -बार याद दिलाना पढ़ रहा है।

उन्होंने बताया कि प्रदेश में 1998 से 2018 तक पंचायत और नगरीय निकाय में अत्यंत अल्प वेतनमान में कार्यरत शिक्षकों ने प्रदेश की शिक्षा व्यवस्था को सदृढ बनाने का कार्य किया। कार्य के दौरान दुर्भाग्यपूर्ण तरीके से संघर्षकाल में हजारों की संख्या में शिक्षकों का निधन हुआ जिसमें से कुछ शिक्षकों के परिजनों को अनुकंपा नियुक्ति की प्राप्ति हुई और बहुत से अश्रित परिवार हैं जिन्हें अभी तक अनुकंपा नियुक्ति नहीं मिली हैं।

संघ ने कहा कि आरटीई के प्रावधानों के तहत् शैक्षणिक अहर्ता नही होने की बात कहकर आश्रितों को अनुकंपा नियुक्ति नहीं दी गई हैं। अनुकंपा नियुक्ति की राह देखते हुए दिवंगत पंचायत शिक्षक के लगभग 900 आश्रित परिवार हैं जिसकी आर्थिक स्थिति अत्यंत ख़राब है। एैसी स्थिति में जब परिवार में कोई कमााने वाला या घर चलाने, बच्चों का पालन पोषण करने वाला कोई नही है और जिंदगी में जिन्हे    काफी मशक्कत करना पड़ रहा है। टी. ई. टी. और डी.एड. जैसी डिग्री हासिल करना एैसी स्थिति में फिलहाल संभव नही हैं और इस परिस्थिति में भी नहीं है कि स्वस्थ मानसिकता के साथ पढ़ाई कर सकें।

 

 

Leave Your Comment

Click to reload image