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पायलट को सीएम बनाने की बात पर भड़के गहलोत, कहा- उसने गद्दारी की है...

 जयपुर (छत्तीसगढ़ दर्पण)। राजस्थान कांग्रेस में गहलोत-पायलेट खेमे में अनबन जारी है। राहुल गांधी की भारत जोड़ो पदयात्रा राजस्थान में प्रदेश करने वाली है। और सचिन पायलट भारत जोड़ो यात्रा में राहुल गांधी के साथ कदमताल कर रहे हैं। इसी बीच किसी ने सचिन पायलेट को मुख्यमंत्री बनाने की मांग कर दी। इस बात पर मुख्यमंत्री अशोक गहलोत भड़क गए और उन्होंने सचिन पायलेट को गद्द्दार बताते हुए कहा कि उसके पास तो 10 विधायक का भी समर्थन नहीं है, उसे कोई स्वीकार नहीं करेगा।

गहलोत का यह बयान गुरुवार को सामने आया। उन्होंने पायलट की सीएम की कुर्सी पर दावेदारी पर खुलकर बात रखी है। गहलोत ने कहा कि पायलट गद्दारी कर चुके हैं। इसे मैंने और हमारे विधायकों ने भुगता है। हमें 34 दिन होटलों में रहना पड़ा। केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह और धर्मेंद्र प्रधान भी इसमें शामिल थे। सीएम के सवाल पर गहलोत ने कहा कि हाइकमान की ओर से मुझे कोई संकेत नहीं है। मैं हाईकमान के साथ हूं। पायलट को कोई स्वीकार नहीं करेगा।  

पायलट की वजह से पार्टी में माहौल खराब हुआ
गहलोत ने कहा कि मतभेद होना आम है। 25 सितंबर को यहां बगावत नहीं हुई थई। 2019 में बगावत हुई थी। 34 दिन होटलों में रहे थे। 25 सितंबर को 90 लोग इकट्ठे हुए थे। यह वे लोग थे, जिन्होंने सरकार बचाने में सहयोग किया था। सरकार तो तब भी नहीं बच सकती थी। बिना हाईकमान के कोई सीएम सरकार बचा ही नहीं सकता था। गद्दार किए हुए व्यक्ति को सीएम के तौर पर कैसे स्वीकार किया जा सकता है।

गहलोत ने कहा कि 25 सितंबर की मीटिंग से पहले बात फैलाई गई कि सचिन पायलट को मुख्यमंत्री बनाया जा रहा है। पायलट ने खुद ऐसा व्यवहार किया कि वे सीएम बनने वाले हैं। उन्होंने कई विधायकों को फोन किए कि पर्यवेक्षक आ रहे हैं, उन्हें क्या कहना है। एमएलए को लगा कि अगले ही दिन शपथ होने वाली है। इसी वजह से 90 विधायक विरोध में जुटे थे। वे हाइकमान के साथ हैं। जिनकी वजह से 34 दिन होटलों में रहे, जिसने सरकार गिराने का षड्यंत्र रचा, उसे विधायक कैसे स्वीकार करेंगे।



पायलट के साथ झगड़े पर गहलोत बोले कि 2009 के लोकसभा चुनाव में राजस्थान से 20 सांसद कांग्रेस के जीते थे। मुझे दिल्ली बुलाया गया था। कांग्रेस वर्किंग कमेटी की बैठक में मैंने सचिन पायलट को केंद्रीय मंत्री बनाने की सिफारिश की। उस समय वसुंधरा राजे सरकार में 70 गुर्जर मारे गए थए। यहां गुर्जर-मीणाओं के बीच झगड़ा था। मेरे पास सचिन पायलट का फोन आया था कि मेरी सिफारिश कीजिए। मैं तो पहले ही सिफारिश कर चुका था। जिस आदमी के दिल में प्यार होगा, वह तो नौजवान की सिफारिश करेगा ही।

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