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देश के राजनीतिक दलों ने अग्निपथ योजना को लेकर किया गुमराह : कैलाश विजयवर्गीय

 

 नई दिल्ली (छत्तीसगढ़ दर्पण)। अग्निपथ योजना के लेकर देश के विभिन्न राज्यों में जारी हिंसक उपद्रव के बीच बीजेपी के राष्ट्रीय महासचिव कैलाश विजयवर्गीय ने बड़ा बयान दिया है। उन्होंने कहा है कि अग्निपथ योजना को लेकर देश के राजनीतिक दलों ने गुमराह किया है।

उन्होंने कहा कि यह योजना युवाओं को देश की सेवा और सेना से जोड़ने का अच्छा माध्यम है। मेरी भी इच्छा थीं बचपन में देश के लिए काम करूं, विशेषकर सेना में जाऊं, पर नहीं जा पाया। उस समय यह योजना होती तो मैं भी 4 साल के लिए जरुर सेना में जाता और देश की सेना के माध्यम से मां भारती की सेवा करता। बहुत बड़ा वर्ग ऐसा है जो चाहता है देश की सेवा करूं। जो व्यक्ति एक बार इस योजना के माध्यम से अग्निवीर बनकर देश के लिए 4 साल काम करेगा वह देश के लिए प्रतिबद्ध होगा।

अग्निपथ योजना देश सेवा के लिए युवाओं को जोड़ने का बहुत बड़ा माध्यम है। देश की सेवा करने का माध्यम है। नौजवानों को राष्ट्रभक्ति सीखाने का माध्यम भी है। देश की सेवा एक निश्चित समय के लिए करें यह अवसर भी सरकार प्रदान कर रही है। यह बहुत अच्छी योजना है। ऐसा नहीं है कि यह योजना हमारे देश भारत में ही है। ऐसी योजनाएं फ्रांस और रूस जैसे देशों में भी है। बहुत सारे देशों में इस प्रकार की योजना चल रही है। देश के नेताओं ने इसको लेकर पूरे भारत सहित युवाओं की भी गुमराह किया है।

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शांतिपूर्ण और अहिंसक ढंग से करें आंदोलन, कांग्रेस आपके साथ है : सोनिया गांधी

नई दिल्ली (छत्तीसगढ़ दर्पण)। केंद्र सरकार की सैन्य बलों में भर्ती से जुड़ी ‘अग्निपथ’ योजना पर देश के अनेक हिस्सों में बवाल मचा हुआ है। इस बीच कांग्रेस की राष्ट्रीय अध्यक्ष सोनिया गांधी ने बेरोजगार युवाओं को संदेश दिया है। उन्होंने कहा कि युवा शांतिपूर्ण और अहिंसक ढंग से आंदोलन करें। कांग्रेस आपके साथ है।

बता दें कि देश के युवाओं के नाम कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी की तरफ से कांग्रेस महासचिव जयराम रमेश ने संदेश जारी किया है। संदेश में कहा गया है कि ‘मेरे प्रिय युवा साथियों, आप भारतीय सेना में भर्ती होकर देश सेवा का महत्वपूर्ण कार्य करने की अभिलाषा रखते हैं। सेना में लाखों खाली पद होने के बावजूद पिछले तीन साल से भर्ती न होने का दर्द मैं समझ सकती हूं। एयरफोर्स में भर्ती की परीक्षा देकर रिजल्ट व नियुक्ति का इंतजार कर रहे युवाओं के साथ भी मेरी पूरी सहानुभूति है।
 
पत्र में कहा गया है कि ‘मुझे दुःख है कि सरकार ने आपकी आवाज को दरकिनार करते हुए “नई आर्मी भर्ती योजना” की घोषणा की, जो कि पूरी तरह से दिशाहीन है। आपके साथ-साथ कई पूर्व सैनिक व रक्षा विशेषज्ञों ने भी इस योजना पर सवाल उठाए हैं। भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस आपके साथ पूरी मजबूती से खड़ी है और इस योजना को वापस करवाने के लिए संघर्ष करने व आपके हितों की रक्षा करने का वादा करती है। हम एक सच्चे देशभक्त की तरह सत्य, अहिंसा, संयम व शांति के मार्ग पर चलकर सरकार के सामने आपकी आवाज उठाएंगे। मैं आपसे भी अनुरोध करती हूं कि अपनी जायज मांगों के लिए शांतिपूर्ण व अहिंसक ढंग से आंदोलन करें। भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस आपके साथ है।’
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कला, संस्कृति, ज्ञान का मंदिर है हिंदी विश्वविद्यालय : प्रेरणा देशभ्रतार

 

सर्जनशीलता संवर्धन शिविर का हुआ रंगारंग समापन

वर्धा (छत्तीसगढ़ दर्पण)। वर्धा की जिलाधिकारी श्रीमती प्रेरणा देशभ्रतार ने कहा कि महात्‍मा गांधी अंतरराष्‍ट्रीय हिंदी विश्‍वविद्यालय की गतिविधियों के कारण वर्धा जिले का नाम विश्व पटल पर आ गया है। अपनी एक अलग पहचान रखने वाला यह विश्वविद्यालय कला, संस्कृति और ज्ञान का मंदिर है। 7 से 17 जून तक आयोजित सर्जनशीलता संवर्धन शिविर का समापन शुक्रवार 17 जून को गालिब सभागार में कुलपति प्रो. रजनीश कुमार शुक्‍ल की अध्‍यक्षता में किया गया। इस अवसर पर मुख्‍य अतिथि के रूप में जिलाधिकारी श्रीमती प्रेरणा देशभ्रतार ने शिविर के आयोजन की सराहना करते हुए कहा कि शिविर जैसे आयोजनों से विश्वविद्यालय वर्धा शहर के लोगों से भी जुड़ा हुआ है। इसके जिले का भी नाम रौशन होता है। आज़ादी के अमृत महोत्सव में विश्वविद्यालय में डाॅ. आंबेडकर उत्कृष्टता केंद्र शुरू हो रहा है और हाल ही में रिद्धपुर में भी मराठी भाषा में अनुसंधान की दृष्टि से केंद्र स्थापित किया गया है। ऐसे नवाचारी उपक्रमों के कारण देश-विदशों के विद्यार्थी वर्धा आ रहे हैं, इससे जिले का गौरव बढ़ता है। उन्होंने आश्वस्त किया कि कला, संस्कृति और साहित्य को प्रोत्साहन देने वाले कार्यक्रमों के लिए जिला प्रशासन हरसंभव विश्वविद्यालय के साथ है। अध्यक्षीय वक्तव्य में कुलपति प्रो. रजनीश कुमार शुक्ल ने बच्चों की प्रतिभाओं को निखारने की दृष्टि यह शिविर अत्यंत सफल प्रयोग रहा है, इसे आगे भी जारी रखा जाएगा। उन्होंने बच्चों और अभिभावकों को धन्यवाद दिया।
 
समापन कार्यक्रम रामनगर थाना के पोलिस निरीक्षक हेमंत चांदेवार, प्रतिकुलपति द्वय प्रो. हनुमानप्रसाद शुक्ल और प्रो. चंद्रकांत रागीट सहित अध्यापक, अभिभावक एवं कर्मचारी उपस्थित थे।

समारोह में बच्‍चों ने नृत्‍य और आत्‍मरक्षा की रंगारंग प्रस्‍तुतियाँ देते हुए सबका मन मोह लिया। चरित्र नाटकों के माध्यम से 22 नायकों के चरित्र को अभिनय से मंच पर उतारा। बच्चों ने मेरा जुता है जापानी, ऐ मेरे वतन के लोगों, ये देश है हमारे जवानों का जैसे देशभक्ति पर गीतों पर सामूहिक नृत्य प्रस्तुत किये तथा लाठी काठी से आत्मरक्षा की प्रस्तुतियां दी। इस अवसर पर कुलपति प्रो. शुक्ल और जिलाधिकारी श्रीमती प्रेरणा देशभ्रतार ने प्रशिक्षक मोहित सहारे, आशीष ठाकरे, मंगेश भोंगाडे, अक्षय सोमनकार, रागिनी ठाकरे, भावेश नेवारे, पूजा गोसटकर और पलक लक्षणे को शाॅल, स्मृतिचिन्ह और प्रशस्ति पत्र प्रदान कर सम्मानित किया गया। शिविर की सफलता हेतु पवन कुमार, आरती गुडधे, अरविंद कुमार, रवि वानखडे आदि ने प्रयास किये।
 
कार्यक्रम का संचालन शिविर के संयोजक, दर्शन एवं संस्‍कृति विभाग के अध्‍यक्ष डॉ. जयंत उपाध्‍याय ने किया यथा आभार कुलसचिव कादर नव़ाज ख़ान ने माना।
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गुंडागर्दी में शामिल लोगों को सेना भर्ती नहीं करना चाहती : जनरल वीपी मलिक

नई दिल्ली (छत्तीसगढ़ दर्पण)। करगिल युद्ध के दौरान भारतीय सेना के प्रमुख रहे जनरल वीपी मलिक ने अग्निपथ योजना का समर्थन किया है। साथ ही उन्होंने इस योजना का विरोध करने वालों पर भी सवाल उठाए हैं। उन्होंने कहा कि गुंडागर्दी में शामिल लोगों को सेना भर्ती नहीं करना चाहती। देश के कई हिस्सों में सेना भर्ती की इस कम अवधि की नीति के खिलाफ विरोध प्रदर्शन की खबरें सामने आई थी।

जनरल मलिक ने कहा, ‘हमें यह समझना होगा कि सशस्त्र बल वॉलिंटियर फोर्स है। यह कोई कल्याणकारी संगठन नहीं है और इसमें सबसे अच्छे लोगों का होना जरूरी है, जो देश के लिए लड़ सकें, जो देश की रक्षा कर सके।’ उन्होंने कहा, ‘उन लोगों को हम सेना में नहीं चाहते, जो लोग गुंडागर्दी, बस और ट्रेन जलाने में शामिल हैं।’

हालांकि, इस दौरान उन्होंने इस बात में सहमति जताई कि कुछ लोग हैं, जो ‘जब हमने भर्ती प्रक्रिया बंद की थी, तो वे अपना टेस्ट पूरा नहीं कर सके थे।’ उन्होंने कहा, ‘इनमें से कुछ लोग उम्र की सीमा पार कर गए होंगे। वे अग्निपथ योजना के लिए पात्र नहीं होंगे। ऐसे में उनकी परेशानी को मैं समझता हूं।’

जनरल मलिक ने इस बात के संकेत दिए हैं कि उम्मीदवारों को नौकरी को लेकर परेशान नहीं होना चाहिए, क्योंकि सरकार ने पुलिस औऱ अर्धसैनिक बलों में लेटरल एंट्री का आश्वासन दिया है। उन्होंने कहा, ‘बड़ी संख्या में निजी क्षेत्र में भर्ती की जाएगी, हालांकि नौकरी की गारंटी अभी नहीं है।
 
पूर्व सेना प्रमुख से सवाल किया गया कि सेना में प्रशिक्षण लेने वालों के चार साल के बाद बाहर जाने से परेशानी होगी या नहीं। इसपर उन्होंने कहा कि ‘बेहतर शिक्षित और टेक सेवी’ को भर्ती करने पर जोर दिया जाएगा। उन्होंने कहा, ‘ITI और अन्य तकनीकी संस्थानों से लोगों को लाने का प्रयास है। उन्हें बोनस पॉइंट्स दिए जाएंगे और वे इस तरह के लोग हैं, जैसे हमें सशस्त्र बलों में चाहिए।’

उन्होंने बताया कि ऐसे लोगों को विस्तार दिया जाएगा। जनरल मलिक ने कहा, ‘योजना को शुरू होने दें। एक बार हमें पता लग जाएगा कि खामियां कहा हैं, इनमें सुधार किया जा सकता है।’
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बड़ी खबर : लॉरेंस बिश्नोई गैंग के दो शूटर छत्तीसगढ़ से गिरफ्तार…

नई दिल्ली/रायपुर (छत्तीसगढ़ दर्पण)। छत्तीसगढ़ के बिलासपुर के रहने वाले दो युवकों को कारोबारी से 10 लाख की फिरौती मांगने के आरोप में दिल्ली पुलिस ने गिरफ्तार किया है। वहीं तीसरे आरोपी की तलाश पुलिस कर रही है। पकड़े गए आरोपियों ने खुद को कुख्यात गैंगस्टर लॉरेंस बिश्नोई का आदमी बताकर कारोबारी से फिरौती मांगी थी। साथ ही नहीं देने पर पंजाबी सिंगर सिद्धू मुसेवाला की तरह जान से मारने की धमकी दी थी।

गिरफ्तार आरोपियों में शक्ति सिंह (29) और अफजल खान (24) है। दोनों छत्तीसगढ़ के बिलासपुर के रहने वाले है। जबकि बिहार के गोपालगंज निवासी तीसरे आरोपी राजा फरार है, जिसकी तलाश जारी है।

दरसअल पंजाब लुधियाना के एक कारोबारी ने अपनी शिकायत में बताया था कि उसके पास चार जून से अज्ञात अंतरराष्ट्रीय और भारतीय नंबरों से धमकी भरे कॉल आये थे। कॉल करने वालों ने खुद को लॉरेंस बिश्नोई-गोल्डी बराड़ गिरोह का सदस्य बताकर कारोबारी से 10 लाख रुपये की मांग की और ऐसा नहीं करने पर सिद्धू मूसेवाला की तरह हत्या करने की धमकी दी।

इस शिकायत को लुधियाना पुलिस ने गंभीरता से लिया और आरोपियों के कॉल डिटेल्स को खंगाला। इस आधार पर आरोपियों का लोकेशन दिल्ली में होना पाया गया। इस आधार पर पंजाब पुलिस ने इसकी जानकारी दिल्ली पुलिस को दी। दिल्ली पुलिस ने तत्काल कार्रवाई करते हुए दोनों आरोपियों को धर दबोचा है।

पूछताछ में दोनों आरोपियों ने बिहार के गैंगस्टर राजा बाबू का नाम लिया है। दोनों लॉरेंस बिश्नोई और गोल्डी बराड़ के शूटर है और कुछ रुपयों के लिए उनका काम करते थे। पुलिस फिलहाल इस मामले में फरार तीसरे आरोपी राजा बाबू की तलाश में जुट गई है।

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पेड़ से टकराकर स्कूल बस पलटी, मची चीख-पुकार…

रामगढ़ (छत्तीसगढ़ दर्पण)। झारखण्ड के रामगढ़ जिले में भीषण सड़क हादसे में कई बच्चों की जान बाल बाल बची है। हादसा रामगढ़ थाना क्षेत्र के रामगढ़ बोकारो मुख्य मार्ग पर हुआ जहां एक स्कूल बस अनियंत्रित होकर पेड़ से टकराकर पलट गई। दुर्घटना के बाद घटनास्थल पर अफरातफरी मच गई। गनीमत ये रही कि इस हादसे में किसी बच्चे को गंभीर चोट नहीं लगी है। घटना की सूचना मिलने के बाद बच्चों के अभिभावकों ने स्कूल प्रबंधन पर लापरवाही का आरोप लगाते हुए जमकर बवाल मचाया।

बस में क्षमता से अधिक बच्चे थे सवार:
लोगों के अनुसार राम प्रसाद चंद्रभान सरवस्ती विद्या मंदिर स्कूल की बस में क्षमता से अधिक बच्चे सवार थे। अभिभावकों ने स्कूल प्रबंधन और चालक पर लापरवाही का आरोप लगाया और प्रिंसिपल को बुलाने की मांग को लेकर प्रदर्शन करने लगे। पुलिस मौके पर पहुंचकर पूरे मामले को शांत कराने में जुटी हुई है। अभिभावकों का कहना है कि स्कूल प्रबंधन की लापरवाही साफ तौर पर है बसों में क्षमता से अधिक बच्चों को बैठाया जाता है इसकी शिकायत लगातार स्कूल प्रबंधन को की जाती है लेकिन स्कूल प्रबंधन इस पर कोई ध्यान नहीं देता है और यह दुर्घटना इसी का नतीजा है।

सभी बच्चे सुरक्षित:
रामगढ़ थाने के सब इंस्पेक्टर अभय कृष्ण गिरी ने बताया कि जानकारी मिलने के बाद वे मौके पर पहुंचे और बस में सवार सभी बच्चों को सुरक्षित निकाला गया। इसके बाद अभिभावकों को बुलाकर बच्चों को सौंप दिया गया है। इंस्पेक्टर अभय कृष्ण गिरी ने कहा कि जांच के दौरान देखा गया कि बस पेड़ से टकराकर पलटी हुई है आगे का टायर और पत्ती टूटी हुई है। बस कैसे पलटी इसकी जांच की जा रही है।
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देशभर में अग्निपथ योजना को लेकर बवाल जारी, रेलवे ने रद्द की 38 ट्रेनें…

नई दिल्ली (छत्तीसगढ़ दर्पण)। सेना की नई भर्ती स्कीम अग्निपथ योजना को लेकर यूपी से लेकर बिहार तक बवाल जारी है। बीते दिन भारी विरोध प्रदर्शन के बाद आज सुबह भी प्रदर्शनकारियों ने ट्रेनों को निशाने पर लिया। इसके चलते रेलवे की कई ट्रेनें प्रभावित हुई हैं। रेलवे ने 38 से अधिक ट्रेनों को रद्द कर दिया है।

विरोध प्रदर्शन के बीच रेलवे ने कहा है कि 11 अन्य ट्रेनों को आंशिक रूप से रद्द किया गया है। वहीं, विरोध की वजह से 72 अन्य ट्रेनें देरी से चल रही हैं। पांच मेल और एक्सप्रेस व 29 से अधिक यात्री ट्रेनें रद्द की गई हैं।
 
रेलवे अधिकारियों ने बताया है कि अभी नुकसान का आकलन करना मुश्किल होगा। ईस्टर्न सेंट्रल रेलवे की तीन रनिंग ट्रेनों कोच को नुकसान पहुंचा गया है। बिहार के समस्तीपुर और लखीसराय में शुक्रवार सुबह प्रदर्शनकारियों ने ट्रेन में आग लगा दी। कई एसी कोच को आग के हवाले कर दिया गया।

अग्निपथ योजना का विरोध करते हुए युवाओं ने लखमीनिया रेलवे स्टेशन पर भी तोड़फोड़ की और रेलवे ट्रैक को ब्लॉक कर दिया। बिहार के आरा में कुल्हड़िया स्टेशन पर खड़ी पैसेंजर ट्रेन में उपद्रवियों ने आग लगा दी। इसके युवाओं ने लोहिया नगर चौक ढाला के पास ट्रेन को रोक कर प्रदर्शन किया। फिर वहां ट्रेन में आग लगा दी। मौके पर पहुंची पुलिस प्रशासन की टीम प्रदर्शनकारी छात्रों को समझाने की कोशिश कर रही है।

वहीं, पटना के दीनदयाल उपाध्याय मेन लाइन पर आगजनी कर परिचालन को बाधित कर दिया। इसके अलावा, यूपी के बलिया रेलवे स्टेशन पर भी प्रदर्शनकारियों ने जमकर विरोध किया।
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भारत विश्व व्यापार संगठन में सुधार और आधुनिकीकरण का प्रबल समर्थक : पीयूष गोयल

नई दिल्ली (छत्तीसगढ़ दर्पण)। वाणिज्‍य मंत्री पीयूष गोयल ने कहा है कि भारत विश्‍व व्‍यापार संगठन में ठोस सुधारों तथा संतुलित और समावेशी आधुनिकीकरण उपायों का प्रबल समर्थक है। जिनेवा में विश्‍व व्‍यापार संगठन के 12वें मंत्री स्‍तरीय सम्‍मेलन में सुधारों पर विशेष सत्र को संबोधित करते हुए श्री गोयल ने कहा कि संगठन के सदस्‍यों को उरूग्‍वे समझौते के वर्तमान असंतुलन को दूर करने का प्रयास करना चाहिए।

वाणिज्‍य मंत्री ने कहा कि विश्‍व व्‍यापार संगठन का प्राथमिक उद्देश्‍य सदस्‍य देशों, विशेष रूप से विकासशील और अल्‍पविकसित देशों के आर्थिक विकास में मदद करना है। श्री गोयल ने कहा कि बहुपक्षीय नियमों का पालन करते हुए संगठन में सुधारों को प्राथमिकता देने की जरूरत है।
 
उन्‍होंने कहा कि विशेष और पृथक उपाय सभी विकासशील देशों का अधिकार है और इसके प्रावधान प्रासंगिक रहने चाहिए।
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अग्निवीर सैनिकों को सीएपीएफ, असम राइफल्स में भर्ती में प्राथमिकता मिलेगी : गृह मंत्रालय

 नई दिल्ली (छत्तीसगढ़ दर्पण)। थल सेना, नौसेना और वायु सेना में विशेष ‘अग्निपथ’ योजना के तहत अल्पकालिक अनुबंध पर भर्ती होने वाले ‘अग्निवीर’ सैनिकों को केंद्रीय सशस्त्र पुलिस बलों (सीएपीएफ) और असम राइफल्स में भर्ती में प्राथमिकता मिलेगी। केंद्रीय गृह मंत्रालय ने यह घोषणा की। मंत्रालय ने बताया कि योजना के तहत चार साल की सेवा पूरी करने वालों को भर्ती प्रक्रिया में प्राथमिकता दी जाएगी। 

सरकार ने दशकों पुरानी रक्षा भर्ती प्रक्रिया में आमूलचूल परिवर्तन करते हुए थलसेना, नौसेना और वायुसेना में सैनिकों की भर्ती संबंधी ‘अग्निपथ’ योजना की मंगलवार को घोषणा की थी, जिसके तहत सैनिकों की भर्ती चार साल की लघु अवधि के लिए संविदा आधार पर की जाएगी।

योजना के तहत तीनों सेनाओं में इस साल करीब 46,000 सैनिक भर्ती किए जाएंगे। चयन के लिए पात्रता आयु साढ़े 17 वर्ष से 21 वर्ष के बीच होगी और इन्हें ‘अग्निवीर’ नाम दिया जाएगा। गृह मंत्री अमित शाह के कार्यालय ने बुधवार को एक ट्वीट में कहा कि ‘अग्निपथ’ योजना देश के युवाओं के उज्ज्वल भविष्य के लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का एक दूरदर्शी एवं स्वागतयोग्य कदम है।

उनके कार्यालय ने कहा,  इस संबंध में, गृह मंत्रालय ने फैसला किया है कि इस योजना के तहत चार साल पूरा करने वाले अग्निवीरों को सीएपीएफ और असम राइफल्स की भर्ती में प्राथमिकता दी जाएगी। गृह मंत्रालय के इस फैसले से प्रधानमंत्री के मार्गदर्शन में ‘अग्निपथ’ योजना के तहत प्रशिक्षित युवा देश की सेवा एवं सुरक्षा में आगे भी योगदान दे पाएंगे। ट्वीट में कहा गया,  फैसले पर विस्तृत योजना तैयार करने का काम शुरू कर दिया गया है।
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भाजपा ने क्रॉस वोटिंग करने वाली विधायक शोभारानी को पार्टी से निकाला

 जयपुर (छत्तीसगढ़ दर्पण)। भारतीय जनता पार्टी ने राजस्थान में राज्यसभा चुनाव में ‘क्रॉस वोटिंग’ करने वाली अपनी विधायक शोभारानी कुशवाह को पार्टी से निष्कासित कर दिया है। पार्टी की केंद्रीय अनुशासन समिति के सचिव ओम पाठक ने पत्र भेज कर विधायक को यह सूचना दी। पत्र में विधायक से कहा गया है,  आपको तात्काल प्रभाव से पार्टी से निष्कासित किया जाता है और पार्टी द्वारा दिए गए अन्य दायित्व से भी अवमुक्त किया जाता है। पत्र के अनुसार पार्टी के विधायक होने के नाते कुशवाह द्वारा अनुशासन के उल्लंघन के लिए अलग से कार्रवाई की जाएगी।

उल्लेखनीय है कि 10 जून को हुए राज्यसभा चुनाव में कुशवाह ने पार्टी व्हिप का उल्लंघन करते हुए कांग्रेस उम्मीदवार प्रमोद तिवारी के पक्ष में ‘क्रॉस वोटिंग’ की थी। भाजपा ने उसी दिन कुशवाह को पार्टी से निलंबित करते हुए कारण बताओ नोटिस जारी किया था।
विधायक को इसका जवाब 19 जून तक देना था लेकिन इससे पहले ही उन्होंने मीडिया में एक बयान जारी कर पार्टी पर निशाना साधा। विधायक ने कहा कि पार्टी ने राज्यसभा चुनाव में उनसे ऐसे निर्दलीय उम्मीदवार को वोट करने के लिये कहा जो खुलेआम ‘क्रॉस वोटिंग’ की चर्चा कर रहे थे।
 
दूसरी बार विधायक बनीं कुशवाह, बसपा के पूर्व विधायक बी एल कुशवाह की पत्नी हैं। उनके पति को हत्या के एक मामले में दोषी ठहराए जाने के बाद दिसंबर 2016 में विधायक के रूप में अयोग्य घोषित कर दिया गया था। 2017 में हुए उपचुनाव में भाजपा ने शोभारानी को टिकट दिया और वह जीत गईं। इस जीत को उन्होंने 2018 के विधानसभा चुनावों में भी बरकरार रखा ।

 

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केरल के सीएम विजयन पर स्वप्ना सुरेश ने फोड़ा एक और बम, लगाया ये आरोप

कोच्चि (छत्तीसगढ़ दर्पण)। केरल में सोने की तस्करी का मामला अभी थमा भी नहीं था कि सीएम विजयन पर लगातार नए आरोप लगते जा रहे हैं। मुख्य आरोपी स्वप्ना सुरेश ने एक बार फिर आरोप लगाया है कि राज्य के मुख्यमंत्री पिनाराई विजयन अपने परिवार के व्यवसायिक हित के लिए कई लोगों से सांठगांठ करते थे। स्वप्ना ने कहा कि सितंबर 2017 में सीएम ने अपनी बेटी के आईटी व्यवसाय खोलने के लिए बोली को स्वीकृति देने हेतु शारजाह के शासक से अधिकारिक दौरे के दौरान मदद मांगी थी। स्वप्ना ने यह दावा एर्नाकुलम जिला सत्र न्यायालय के समक्ष दायर एक हलफनामे में किया जो बुधवार को सार्वजनिक हुआ।

विजयन के इस दावे पर प्रतिक्रिया देते हुए कि वह उन्हें नहीं जानता, स्वप्ना ने कहा कि वह बहुत जल्द मीडिया के माध्यम से सीएम को उनके आधिकारिक आवास पर अपनी उपस्थिति की याद दिलाएंगी और नया खुलासा करेंगी। एर्नाकुलम जिला सत्र न्यायालय में दायर हलफनामे में, उसने आरोप लगाया कि शारजाह के शासक ने केरल के मुख्यमंत्री पिनाराई विजयन और उनके परिवार के साथ चर्चा की।
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अग्निपथ योजना को लेकर बिहार में बवाल, बक्सर में ट्रेन पर पथराव

पटना  (छत्तीसगढ़ दर्पण)। केंद्र सरकार द्वारा मंगलवार को सेना में शॉर्ट कमीशन के लिए घोषित की गई अग्निपथ योजना को लेकर बिहार में बवाल मच गया है। योजना का विरोध करते युवाओं ने बक्सर में ट्रेन पर पथराव किया तो मुजफ्फरपुर में सड़कों पर हंगामा किया जा रहा है। कई जगह चक्काजाम की भी खबर है।

सेना में भर्ती नियमों में बदलाव का बिहार के युवा कड़ा विरोध कर रहे हैं। सेना में भर्ती की तैयारी में जुटे युवाओं ने नई योजना का विरोध करते हुए पटना जा रही पाटलिपुत्र एक्सप्रेस ट्रेन पर बक्सर में पथराव किया। काशी पटना जनशताब्दी एक्सप्रेस समेत कुछ ट्रेनों को रोके जाने की भी खबर है। मुजफ्फरपुर में प्रदर्शनकारियों ने चक्कर मैदान व रेलवे स्टेशन के पास हंगामा किया। यहां चक्काजाम की भी खबर है। सदर थाना क्षेत्र के भगवानपुर गोलंबर में सैकड़ों युवा नारेबाजी करते दिखे। यहां एनएच 28 चक्काजाम किया गया। पुलिस व प्रदर्शनकारियों के बीच गतिरोध कायम है।
 
अग्निवीरों को केंद्रीय बलों व असम राइफल्स में प्राथमिकता देंगे : गृह मंत्रालय
इस बीच, केंद्रीय गृह मंत्रालय ने कहा कि ‘अग्निपथ योजना’ के तहत चार साल पूरा करने वाले अग्निवीरों को केंद्रीय सुरक्षा बलों (CAPFs) और सेना की असम राइफल्स में भर्ती में प्राथमिकता दी जाएगी। गृह मंत्रालय ने ट्वीट कर बुधवार को यह बात कही।

केंद्रीय गृह मंत्रालय ने अपने ट्वीट में लिखा है कि अग्निपथ योजना, युवाओं के उज्ज्वल भविष्य के लिए पीएम नरेंद्र मोदी की दूरदर्शी व स्वागत योग्य है। अग्निपथ योजना से प्रशिक्षित युवा आगे भी देश की सेवा और सुरक्षा में अपना योगदान दे पाएंगे। इस निर्णय पर विस्तृत योजना बनाने का काम शुरू हो गया ह

अग्निपथ योजना क्या है?
‘अग्निपथ भर्ती योजना’ के तहत युवाओं को चार साल की अवधि के लिए सेना में शामिल होने का मौका मिलेगा। साढ़े 17 साल से 21 साल के युवा लड़के और लड़कियां इसके लिए पात्र होंगे। इसके लिए 10वीं से लेकर 12वीं तक के छात्र आवेदन कर सकेंगे। इसकी शुरुआत 90 दिन के भीतर हो जाएगी। इस साल 46 हजार अग्निवीरों की भर्ती की जाएगी। पहली भर्ती प्रक्रिया में युवाओं को छह महीने की ट्रेनिंग दी जाएगी। ट्रेनिंग का समय भी चार साल में शामिल होगा।
 
हर अग्निवीर को भर्ती के साल 30 हजार महीने तनख्वाह मिलेगी। इसमें से 70 फीसदी यानी 21 हजार रुपये उसे दिए जाएंगे। बाकी 30 फीसदी यानी नौ हजार रुपये अग्निवीर कॉर्प्स फंड में जमा होंगे। इस फंड में इतनी ही राशि सरकार भी डालेगी। दूसरे साल अग्निवीर की तनख्वाह बढ़कर 33 हजार, तीसरे साल 36.5 हजार तो चौथे साल 40 हजार रुपये हो जाएगी।
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5G स्पेक्ट्रम नीलामी को मिले केंद्रीय मंत्रिमंडल की मंजूरी…

नई दिल्ली (छत्तीसगढ़ दर्पण)। केंद्रीय मंत्रिमंडल ने देश में पांचवी पीढ़ी की दूरसंचार सेवाएं शुरू करने की दिशा में अहम फैसला किया है। मोदी मंत्रिमंडल ने 5G स्पेक्ट्रम की नीलामी को मंजूरी दे दी है। जानकारों के अनुसार सब सामान्य ढंग से चला तो इस साल दिवाली तक देशवासियों को 5जी दूरसंचार सेवाओं का तोहफा मिल सकता है।

20 साल तक ये सेवाएं संचालित करने के लिए जुलाई अंत तक सरकार कुल 72097.85 मेगाहर्ट्ज स्पेक्ट्रम की नीलामी करेगी। पीएम नरेंद्र मोदी की अध्यक्षता में बुधवार को हुई केंद्रीय मंत्रिमंडल की बैठक में दूरसंचार विभाग के स्पेक्ट्रम नीलामी के प्रस्ताव को मंजूरी दी गई। नीलामी में सफल बोली लगाने वालों को देश की जनता और उद्यमों को 5 जी दूरसंचार सेवाएं प्रदान करने के लिए स्पेक्ट्रम का लाइसेंस दिया जाएगा। इससे पहले आर्थिक मामलों की मंत्रिमंडलीय समिति (सीसीईए) ने 5जी स्पेक्ट्रम की नीलामी को हरी झंडी दी थी। देश की टेलीकॉम कंपनियां लंबे समय से 5जी स्पेक्ट्रम की नीलामी इंतजार कर रही हैं।
 
नीलामी से 5 लाख करोड़ मिलने की उम्मीद
इसके साथ ही देश में नई दूरसंचार क्रांति की शुरुआत हो गई है। दूरसंचार मंत्रालय इसी सप्ताह से इच्छुक दूरसंचार कंपनियों से आवेदन पत्र आमंत्रित करेगा। नीलामी प्रक्रिया जुलाई अंत में आरंभ की जाएगी। इसके लिए स्पेक्ट्रम की कुल कीमत 5 लाख करोड़ रखी गई है। इसके तहत सरकार नौ स्पेक्ट्रम की नीलामी करेगी। यह नीलामी 20 साल के लिए होगी।
 
2500 मेगाहर्ट्ज बैंड तक के लिए कर सकेंगी आवेदन
इस नीलामी में टेलीकॉम कंपनियां, 600, से 1800 मोगाहर्ट्ज बैंड और 2100, 2300, 2500 मेगाहर्टज बैंड की नीलामी के लिए आवेदन करेंगी। भारत सरकार 5जी स्पेक्ट्रम की कॉलिंग और वीडियो कॉलिंग के साथ उन्नत सेवाओं को पहले ही परख चुकी है।

न अग्रिम भुगतान, न बैंक गारंटी : वैष्णव
केंद्रीय संचार मंत्री अश्विनी वैष्णव ने बताया कि नीलामी में सफल रहने वाली कंपनियों को कोई अग्रिम भुगतान नहीं करना होगा। वे 20 समान किस्तों में भुगतान कर सकेंगी। उन्हें बैंक गारंटी से भी राहत दी गई है।
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तय समय से पहले भर जाएंगे केंद्रीय शिक्षण संस्थानों के खाली पद : धर्मेद्र प्रधान

नई दिल्ली  (छत्तीसगढ़ दर्पण)। अगले डेढ़ साल में 10 लाख लोगों को नौकरी देने के प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के एलान के तुरंत बाद ही केंद्रीय शिक्षा और कौशल विकास मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने अपने दोनों ही मंत्रालयों व संबंधित विभागों के खाली पड़े पदों को तय समय से पहले भरने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि मोदी सरकार अपने किसी भी काम को तय समय से पहले पूरा करने में भरोसा रखती है। अकेले केंद्रीय विश्वविद्यालयों में छह हजार पद खाली हैं।

प्रधान ने ट्वीट कर कहा कि सभी केंद्रीय विश्वविद्यालयों सहित केंद्रीय उच्च शिक्षण संस्थानों, केंद्रीय विद्यालयों और जवाहर नवोदय विद्यालयों में खाली पद भरने के निर्देश दिए हैं। साथ ही इस काम को मिशन मोड में पूरा करने के लिए कहा है। वैसे भी केंद्रीय विश्वविद्यालयों में शिक्षकों के खाली पदों को भरने के लिए शिक्षा मंत्रालय ने पहले से मुहिम छेड़ रखी है। जिसमें सितंबर तक खाली पदों को भरने का लक्ष्य दिया गया है।
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इटावा में भरत-श्रीकृष्ण के जिक्र से इशारों में दर्द बयां कर गए शिवपाल

इटावा  (छत्तीसगढ़ दर्पण)। मंच विशुद्ध धार्मिक समारोह का था। लिहाजा प्रगतिशील समाजवादी पार्टी (प्रसपा) के मुखिया शिवपाल यादव अपने संबोधन में सीधे-सीधे राजनीतिक बातों से दूर रहे मगर, रामायण से लेकर महाभारत काल तक प्रसंगों के जरिये सबकुछ कह भी डाला। जिस तरह राम और भरत, कौरव-पांडव और कृष्ण के चुनिंदा प्रसंग उठाए, उसका राजनीतिक निहतार्थ और भतीजे पूर्व मुख्यमंत्री सपा प्रमुख अखिलेश यादव और भाई रामगोपाल यादव का नाम लिए बिना इन पर निशाना साफ था। शिवपाल इशारों में विधानसभा चुनाव से लेकर अब तक की अपनी अनदेखी का दर्द बयान कर गए। वह पहले भी धार्मिक प्रसंगों के जरिये अपनी पीड़ा रख चुके हैं।

मंगलवार को सैफई तहसील क्षेत्र के ग्राम चौबेपुर में आयोजित धार्मिक समारोह में शिवाल ने कहा कि संकट से कोई बच नहीं सका है। संकट तो भगवान राम पर भी आया। राजतिलक होने जा रहा था, लेकिन कैकई के कारण उनको 14 साल वनवास का दिया गया। भरत ने राम की चरण पादुका रखकर 14 साल राजपाठ चलाया था, लेकिन किसी को भी सवाल उठाने होने का मौका नहीं दिया। माना जा रहा है, भरत के चरित्र से शिवपाल ने खुद को जोड़ा। वह यहीं नहीं रुके। महाभारत का जिक्र करते हुए बोले, कौरवों और पांडवों के बीच में महाभारत का युद्ध नहीं होता।
 
लेकिन, एक गलती के कारण युद्ध के हालात बन गए। पांडवों को जुआ नहीं खेलना चाहिए था। जुआ खेलना ही था तो दुर्योधन से खेलना चाहिए था, शकुनी से नहीं। पांडव तो केवल पांच गांव मांग रहे थे, जो उन्हें मिल गए होते तो युद्ध नहीं होता। जब युद्ध हुआ तो श्रीकृष्ण पांडवों के सारथी बने। युद्ध पांडवों ने जीत लिया। चर्चा रही कि इस प्रसंग के जरिये शिवपाल ने चुनाव के दौरान गठबंधन से लेकर सीटों की मांग की अनसुनी की पीड़ा व्यक्त की। करीब डेढ़ घंटे से अधिक समय तक धार्मिक समारोह में रहे प्रसपा प्रमुख चौबेपुर गांव के लोगो से दिल खोलकर मिले और उनकी बातों को सुना।
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कोरोना अपडेट : 24 घंटे में 6 हजार से ज्याद नए मामले; एक्टिव केस 50 हजार के पार

नई दिल्ली (छत्तीसगढ़ दर्पण)। भारत में कोरोना के मामलों में गिरावट देखने को मिली है। स्वास्थ्य मंत्रालय ने बताया कि बीते 24 घंटे में कोरोना संक्रमण के 6,594 नए मामले सामने आए हैं। कल यानि सोमवार के मुकाबले कोरोना के मामलों में बड़ी संख्या में गिरावट दर्ज की गई है। बता दें कि सोमवार को कोरोना के 8,084 मामले सामने आए थे।

मंत्रालय ने बताया कि देश में कोरोना के सक्रिय मामले 50,548 हो गए हैं। डेली पाजिटिविटी दर 2.05 फीसद हो गई है।

भारतीय चिकित्सा अनुसंधान परिषद (ICMR) ने बताया कि भारत में कल कोरोना वायरस के लिए 3,21,873 सैंपल टेस्ट किए गए, कल तक कुल 85,54,30,752 सैंपल टेस्ट किए जा चुके हैं।

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ईडी के समक्ष लगातार दूसरे दिन पेश हुए कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष राहुल गांधी

नई दिल्ली (छत्तीसगढ़ दर्पण)। कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष राहुल गांधी ‘नेशनल हेराल्ड’ समाचार पत्र से जुड़े कथित धनशोधन के एक मामले में लगातार दूसरे दिन मंगलवार को भी प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) के समक्ष पेश हुए और जांच एजेंसी द्वारा उनसे पूछताछ जारी है।

राहुल गांधी एपीजे अब्दुल कलाम रोड स्थित ईडी के मुख्यालय पहुंचे। उनकी बहन और कांग्रेस महासचिव प्रियंका गांधी वाद्रा भी उनके साथ थीं।

ईडी ने कांग्रेस नेता से सोमवार को 10 घंटे से अधिक समय तक पूछताछ की थी। इसके बाद ईडी ने राहुल गांधी से मंगलवार को दोबारा पेश होने के लिए कहा था। उधर, राहुल गांधी की पेशी पर कांग्रेस के नेताओं और कार्यकर्ताओं ने सोमवार की तरह मंगलवार को भी प्रदर्शन किया और कई लोगों को पुलिस ने हिरासत में ले लिया। पुलिस ने मंगलवार को भी कांग्रेस मुख्यालय से लगे इलाके में धारा 144 लगा रखी है।

कांग्रेस के नेताओं और कार्यकर्ताओं ने सोमवार को भी दिल्ली समेत देश के कई शहरों में ईडी कार्यालयों के बाहर ‘सत्याग्रह’ किया और मार्च निकाला, जिसे पार्टी के शक्ति प्रदर्शन के तौर पर भी देखा जा रहा है।

मुख्य विपक्षी दल ने यह दावा भी किया कि दिल्ली पुलिस की धक्कामुक्की के कारण पूर्व गृह मंत्री पी चिदंबरम समेत उसके कई नेताओं को चोट आई हैं। हालांकि, पुलिस ने कहा है कि उसकी तरफ से कोई बल प्रयोग नहीं किया गया और पुलिसकर्मियों के कारण किसी के चोटिल होने की जानकारी उसके पास नहीं है।

ईडी धन शोधन रोकथाम अधिनियम (पीएमएलए) की आपराधिक धाराओं के तहत राहुल गांधी का बयान दर्ज कर रही है। इसी मामले में ईडी ने कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी को 23 जून को पेश होने के लिए कहा है। सोनिया गांधी कोरोना वायरस संक्रमण के कारण अस्वस्थ हैं और फिलहाल सर गंगाराम अस्पताल में भर्ती हैं।

अधिकारियों के अनुसार, कांग्रेस के वरिष्ठ नेताओं और गांधी परिवार से पूछताछ ईडी की जांच का हिस्सा है, ताकि ‘यंग इंडियन’ और ‘एसोसिएटेड जर्नल्स लिमिटेड’ (एजेएल) के हिस्सेदारी पैटर्न, वित्तीय लेन-देन और प्रवर्तकों की भूमिका को समझा जा सके। ‘यंग इंडियन’ के प्रवर्तकों और शेयरधारकों में सोनिया गांधी तथा राहुल गांधी सहित कांग्रेस के कुछ अन्य सदस्य शामिल हैं।

कांग्रेस का कहना है कि उसके शीर्ष नेताओं के खिलाफ लगाए गए आरोप निराधार हैं तथा ईडी की कार्रवाई प्रतिशोध की राजनीति के तहत की जा रही है। उसने यह भी कहा है कि पार्टी और उसका नेतृत्व झुकने वाले नहीं है।

दिल्ली की एक निचली अदालत द्वारा ‘यंग इंडियन’ के खिलाफ आयकर विभाग की जांच का संज्ञान लिए जाने के बाद एजेंसी ने पीएमएलए के आपराधिक प्रावधानों के तहत एक नया मामला दर्ज किया था। भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के नेता सुब्रमण्यम स्वामी ने इस संबंध में 2013 में एक शिकायत दर्ज कराई थी।

स्वामी ने सोनिया गांधी, राहुल गांधी और अन्य पर धोखाधड़ी की साजिश रचने एवं धन के गबन का आरोप लगाया था और कहा था कि यंग इंडियन प्राइवेट लिमिटेड ने 90.25 करोड़ रुपये की वसूली का अधिकार प्राप्त करने के लिए केवल 50 लाख रुपये का भुगतान किया, जो एजेएल पर कांग्रेस का बकाया था।
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प्रधानमंत्री ने अगले डेढ़ साल में दस लाख लोगों की भर्ती का निर्देश दिया : पीएमओ

नई दिल्ली (छत्तीसगढ़ दर्पण)। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने विभिन्न सरकारी विभागों और मंत्रालयों से कहा है कि वे मिशन मोड में काम करते हुये अगले डेढ़ साल में दस लाख लोगों की भर्ती करें। प्रधानमंत्री कार्यालय ने मंगलवार को इसकी जानकारी दी। प्रधानमंत्री कार्यालय (पीएमओ) ने कहा कि सभी सरकारी विभागों एवं मंत्रालयों में मानव संसाधन की स्थिति की समीक्षा के बाद प्रधानमंत्री का यह निर्देश आया है।

बेरोजगारी के मसले पर विपक्ष की ओर से की जा रही लगातार आलोचना के बीच सरकार ने यह फैसला किया है। पीएमओ ने ट्वीट कर कहा, प्रधानमंत्री नरेंद मोदी ने सभी सरकारी विभागों एवं मंत्रालयों में मानव संसाधन की स्थिति की समीक्षा की और सरकार द्वारा मिशन मोड में अगले डेढ़ साल में दस लाख लोगों की भर्ती करने का निर्देश दिया।
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