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आयुष्मान कार्ड पंजीयन में रायगढ़ जिला अव्वल

रायगढ़  (छत्तीसगढ़ दर्पण)। आयुष्मान भारत प्रधानमंत्री जन आरोग्य योजना आयुष्मान कार्ड पंजीयन में शीर्ष प्रदर्शन करने वाले जिलों में राज्य स्तर पर गत दिवस रायपुर में आयोजित समारोह में रायगढ़ जिला सम्मानित हुआ।

इस अवसर पर स्वास्थ्य मंत्री टी.एस.सिंहदेव द्वारा रायगढ़ जिले में आपके द्वार आयुष्मान अभियान चरण-4 में सर्वाधिक आयुष्मान कार्ड के पंजीयन हेतु उत्कृष्ट कार्य के लिए मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी, रायगढ़ डॉ.मधुलिका सिंह ठाकुर को सम्मानित कर पुरूस्कृत किया गया।

रायगढ़ जिले को यह उपलब्धि सीएमएचओ डॉ.ठाकुर, आर.बी.एस.वाय के नोडल अधिकारी डॉ.भानु प्रताप पटेल, जिला कार्यक्रम प्रबंधक सुश्री रंजना पैकरा, जिला कार्यक्रम समन्वयक डॉ.तीलेश दीवान सहित समस्त जनपद पंचायत सीईओ, समस्त खंड चिकित्सा अधिकारी, समस्त विकासखंड कार्यक्रम प्रबंधक आर.एच.ओ, मितानिन तथा अन्य कर्मचारियों के सहयोग से प्राप्त हुई।

 

 

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स्कूलों में पुस्तक,यूनिफार्म लेने बाध्य करने का मामला पहुंचा जनदर्शन

दुर्ग (छत्तीसगढ़ दर्पण)। कलेक्टर जनदर्शन में कलेक्टर पुष्पेन्द्र कुमार मीणा के समक्ष् शहर के जनप्रतिनिधि सहित कुल 151 लोगों ने अपने मांग एवं समस्याओं को लेकर पहुंचे।

इस दौरान गांधी मेमोरियल स्कूल अहिवारा से संबंधित शिकायत लेकर एक पालक कलेक्टर जनदर्शन पहुंचा था। जहां उसने स्कूल प्रबंधन के ऊपर सावालिया निशान खड़े किए थे। आवेदक का कहना था कि स्कूल में हर वर्ष प्रत्येक कक्षा की पुस्तकों में परिर्वतन किया जाता है।

इसके साथ ही साथ ये पुस्तकें स्कूल को कमीशन देने वाले संबंधित दुकानों में ही उपलब्ध रहती हैं। नर्सरी से प्राथमिक कक्षा तक की पुस्तकों के लिए 3 हजार से 4 हजार रूपए की राशि खर्च करनी पड़ती है। जिसका भुगतान कर पाना सामान्य वर्ग के परिवार के लिए संभव नहीं है। परंतु बच्चों के भविष्य निर्माण के लिए यह पालक की मजबूरी बन जाती है, कि वो ऊंची दरों पर इन पुस्तकों को खरीदे।

गरीब व मध्यमवर्गीय परिवार कमीशन के इस खेल का शिकार लगातार हो रहा है। इसलिए आवेदक का कलेक्टर से निवेदन था कि स्कूल प्रबंधन द्वारा की जा रही मनमानी पर लगाम कसी जाए। कलेक्टर ने मामले की गंभीरता को देखते हुए जिला शिक्षा अधिकारी को इस संदर्भ में त्वरित कार्रवाई व कोई भी स्कूल प्रबंधन मनमानी न कर सके इसके लिए शिक्षा निति के तहत् तय गाईड लाईन के अनुसार स्कूल अपना संचालन करे, इसके लिए निर्देशित किया।

इसके अलावा जनप्रतिनिधियों ने भीषण गर्मी को मद्दे नजर रखते हुए जनहित में शासकीय उचित मूल्य दुकान खाद्य एवं खाद्यान्न वितरण के समय परिवर्तन को लेकर आवेदन प्रस्तुत किया गया। आवेदन के अनुसार भीषण गर्मी को देखते हुए मुख्य रूप से वृद्धजन जो कि शासकीय उचित मूल्य दूकान से राशन प्राप्त करते हैं।

उनको सहूलियत देने के लिए समय में परिर्वतन की मांग की गई थी। जिसमें सुबह 7:00 से 12:00 बजे तक व शाम को 4 बजे से 7:00 बजे तक के नवीन समय के लिए मांग रखी गई थी। जनहित को ध्यान में रखकर कलेक्टर ने संबंधित  विभाग के लिए मात्र 4 घंटे के भीतर ही आदेश जारी किया। ताकि आमजन का हित प्रभावित न हो और सुलभता के साथ उन्हें राशन प्राप्त हो सके।

 

 

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छत्तीसगढ़ में 476 नए कोरोना संक्रमित

रायपुर (छत्तीसगढ़ दर्पण)। छत्तीसगढ़ में बीते 24 घंटे में कोराेना के 476 नए कोरोना संक्रमित मरीजों की पहचान हुई है जबकि 95 मरीजों को स्वस्थ होने के बाद डिस्चार्ज कर दिया गया।

प्रदेश में अब एक्टिव मरीजों की संख्‍या 22 सौ से ऊपर हो गई है। लगातर सामने आ रहे मरीजों ने स्वास्थ्य विभाग की चिंता बढ़ा दी है।


स्‍वास्‍थ्‍य विभाग की ओर से जारी रिपोर्ट के अनुसार बीते 24 घंटे में 5620 सैंपलों की जांच की गई, जिसमें 476 नए कोविड मरीज मिले।

इसमें सबसे ज्‍यादा 53 मरीजों की पहचान राजधानी रायपुर में की कई है। वहीं बिलासपुर में 50 संक्रमित मिले हैं। इसके बाद राजनांदगांव में 50 मरीज मिले हैं।

प्रदेश के 25 जिलों में कोरोना संक्रमित पाए गए हैं। अन्य जिलों में कोरोना का कोई नया मामला नहीं आया। प्रदेश में 17 अप्रैल को हुई कोरोना जांच में सबसे ज्यादा मरीज रायपुर में मिले हैं।

इसके अलावा दुर्ग से 20, सूरजपुर से 4, महासमुंद से 19, रायगढ़ से 12 राजनांदगांव से 50, बलौदबाज़ार से 20, रायगढ़ से 14, धमतरी से 21, कोरबा से 28, गरियाबंद से 7, कांकेर से 24 , कोरिया से 17, सूरजपुर से 25 मरीज मिले हैं।

 

 

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डोकाल पंचायत में 238 श्रमिकों को मिला 100 दिन का काम

 परिसम्पत्ति निर्माण के साथ मजदूरों के जीवन में आया बदलाव

धमतरी (छत्तीसगढ़ दर्पण)। महात्मा गांधी राष्ट्रीय ग्रामीण रोजगार गारंटी योजना के तहत ग्रामीण क्षेत्रों में नियोजित श्रमिकों को एक वित्तीय वर्ष में कम से कम 100 दिवस की गारंटीकृत मजदूरी मुहैया कराकर आजीविका सुरक्षा में स्थिरता लाया है। ग्रामीण क्षेत्रों में महात्मा गांधी राष्ट्रीय ग्रामीण रोजगार गारंटी योजना के तहत प्रत्येक परिवार के वयस्क सदस्य को अकुशल मैनुअल काम कराकर रोजगार के आयाम स्थापित किए जा रहे हैं। इसी तरह जिले के नगरी विकासखंड के ग्राम पंचायत डोकाल में महात्मा गांधी राष्ट्रीय ग्रामीण रोजगार गारंटी के तहत वित्तीय वर्ष 2022-23 में कुल स्वीकृत कार्य 6336 राशि 16530.38 लाख रुपए के काम कराये गये हैं। परिसंपत्ति निर्माण से पंचायत के कार्यों में गतिशीलता आयी है।

बता दें कि वित्तीय वर्ष 2022-23 में महात्मा गांधी राष्ट्रीय ग्रामीण रोजगार गारंटी योजना के तहत धमतरी विकासखंड 1591 कुरुद विकासखंड 1387 मगरलोड विकासखंड 1968 नगरी विकासखंड 2940 श्रमिकों के द्वारा 100 दिवस का कार्य पूर्ण किया गया। जल संवर्धन के कार्यों को भी व्यापक रूप से बढ़ावा दिया जा रहा है। वहीं श्रमिकों को महात्मा गांधी राष्ट्रीय ग्रामीण रोजगार गारंटी योजना के कार्यों का लाभ व्यक्तिगत और सामुदायिक दोनों स्तर पर बराबर मिल रहा है। इससे ग्रामीणों के जीवन में तेजी से बदलाव आ रहा है। श्रमिक आर्थिक संसाधन से भी लाभान्वित हो रहे हैं।

जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी रोक्तिमा यादव ने बताया कि-कलेक्टर ऋतुराज रघुवंशी के निर्देशानुसार महात्मा गांधी राष्ट्रीय ग्रामीण रोजगार गारंटी योजना के तहत जिले में कुल 646 निर्माण कार्य चल रहे हैं जिसमें कुल 27492 श्रमिक नियोजित हैं। यह अच्छी बात है कि वित्तीय वर्ष 2022-23 में ग्राम पंचायत डोकाल के 238 श्रमिकों ने 100 दिवस पूर्ण करते हुए परिसंपत्ति निर्माण के साथ बड़ी उपलब्धि हासिल की है।

महात्मा गांधी राष्ट्रीय ग्रामीण रोजगार गारंटी योजना के तहत श्रमिकों को प्रति परिवार के मान से रोजगार उपलब्ध कराया जा रहा है। ग्रामीणों के जीवन में आए महत्वपूर्ण बदलाव को स्पष्ट देखे जा सकते हैं। बेरोजगारों की आंखों में उत्साह की चमक, किसानों के हंसते-मुस्कुराते चेहरे, महिलाओं में जागृत स्वाभिमान विश्वास एवं गौरव की भावना जीवन स्तर में वृद्धि आवागमन हेतु मिट्टी सड़क निर्माण, कुंआ निर्माण, भूमि सुधार, तालाब गहरीकरण सह निर्मलाघाट निर्माण कार्य, अमृत सरोवर सह इनलेट आउटलेट निर्माण कार्य मनरेगा योजना से ही संभव हो पा रहा है। 100 दिवस पूर्ण परिवार अब अपने परिवारिक दायित्व को भी बखूबी निभा रहे हैं। वहीं डोकाल के नियोजित श्रमिकों ने बताया कि मनरेगा कार्य से जीवन स्तर में खुशहाली आयी है।

ग्राम पंचायत डोकाल के सरपंच देवचंद उइके ने बताया कि डोकाल महात्मा गांधी राष्ट्रीय ग्रामीण रोजगार गारंटी योजना के अधिकार और कार्य के प्रति जागरूकता आयी है। श्रमिक बिना किसी भेदभाव के कार्य को सुनिश्चिता के साथ समन्वय बनाकर कार्य कर रहे हैं।

 

 

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राज्यपाल से संयुक्त राष्ट्र में भारत के स्थायी मिशन की प्रथम सचिव ने की मुलाकात

 रायपुर  (छत्तीसगढ़ दर्पण) राज्यपाल विश्वभूषण हरिचंदन से सोमवार को राजभवन में संयुक्त राष्ट्र में भारत के स्थायी मिशन की प्रथम सचिव बरखा ताम्रकार ने मुलाकात की। उन्होंने जेनेवा में स्थायी मिशन की भूमिका और गतिविधियों के संबंध में राज्यपाल को जानकारी दी।

 

 

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युवाओं को रोजगार दिलाने आईटीआई का होगा उन्नयन : भूपेश बघेल

भेंट-मुलाकात के दौरान पंडरी में शहरवासियों से हुए रू-ब-रू हुए मुख्यमंत्री, सुनी समस्याएं

रायपुर (छत्तीसगढ़ दर्पण)। मुख्यमंत्री बघेल ने कहा है कि युवाओं के रोजगार की संभावनाओं को बढ़ाने के लिए इस वर्ष बजट में आईटीआई के उन्नयन हेतु 1200 करोड़ रूपए का प्रावधान किया है। इससे आईटीआई में रोजगार परक नये कोर्स का संचालन किया जाएगा। जिससे युवाओं को आसानी से रोजगार मिल सकें। इसी तरह रूरल इंडस्ट्रीयल पार्क की तर्ज पर शहरी क्षेत्रों के भी शहरी इंडस्ट्रीयल पार्क प्रारंभ किए जाएंगे। सीएम बघेल सोमवार को रायपुर उत्तर विधानसभा क्षेत्र के नगरवासियों से भेंट-मुलाकात में रूबरू होने के बाद संबोधित कर रहे थे।


मुख्यमंत्री ने कहा कि छत्तीसगढ़ के युवाओं को मेडिकल की पढ़ाई में बेहतर अवसर दिलाने के लिए नये-नये मेडिकल कॉलेज प्रारंभ किये जा रहे हैं। हाल में ही चार नये मेडिकल कॉलेज खोलने की घोषणा की गई है। इसे मिलाकर अब 14 मेडिकल कॉलेज हो जाएंगे। मेडिकल की पढ़ाई के लिए सीटों की संख्या भी बढ़ जाएगी। उन्होंने कहा कि राज्य में स्वास्थ्य सुविधाओं का तेजी से विस्तार किया जा रहा है। जिला अस्पतालों को आधुनिक चिकित्सा सुविधाओं से लैस किया जा रहा है। ग्रामीण क्षेत्रों में लोगों को आसानी से चिकित्सा सुविधा दिलाने के लिए शुरू की गई मुख्यमंत्री हाट बाजार योजना का लाभ 82 लाख लोगों को मिल चुका है।


कार्यक्रम में जिले के प्रभारी मंत्री रविन्द्र चौबे, रायपुर उत्तर विधायक कुलदीप जुनेजा, नगर निगम महापौर एज़ाज़ ढेबर, नगर निगम के सभापति प्रमोद दुबे, अल्पसंख्यक आयोग के अध्यक्ष महेंद्र सिंह छाबड़ा सहित बड़ी संख्या में लोग उपस्थित थे।

 
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छत्तीसगढ़ में मिले कोरोना के 135 मरीज, 1 की मौत

रायपुर (छत्तीसगढ़ दर्पण)। प्रदेश में कोरोना संक्रमण के मामलों में राहत की खबर आई है। 16 अप्रैल को पिछले 24 घंटों में 135 मरीजों के संक्रमण की पुष्टि हुई है।

एक्टिव मरीजों की संख्या अब 1841 है। पिछले कुछ दिनों में संक्रमण के मामलों में बढ़ोतरी देखी गई थी, जिसके बाद आज कमी आई है। हालांकि को-मॉर्बिडिटी के साथ एक मरीज की मौत भी हुई है।

पिछले पांच दिनों में, 15 अप्रैल को 450, 14 अप्रैल को 209, 13 अप्रैल को 370, और 12 अप्रैल को 326 मरीजों के संक्रमण की पुष्टि हुई थी। 11 अप्रैल को 264 मरीजों के संक्रमण की पुष्टि हुई थी। संक्रमण के मामले में कमी आना सकारात्मक खबर है।

हालांकि, स्वास्थ्य नियमों का पालन करते रहना जनता की भी जिम्मेदारी है। कोरोना को लेकर अभी भी सतर्क रहना और संक्रमण से बचने के लिए नियमों का पूरी तरह से पालन करना जरूरी है।

अन्य जिलों में भी संक्रमण के मामले में आई कमी

छत्तीसगढ़ में कोरोना संक्रमण के मामलों में कुछ कमी आई है। बीते 24 घंटे में बिलासपुर जिले से 23 मरीज मिले हैं जो फिलहाल प्रदेश में सबसे ज्यादा हैं। दुर्ग से 20, कोंडागांव से 19, सरगुजा से 12, रायगढ़ से 12, रायपुर से 11, बलौदा बाजार से 7, राजनांदगांव से 5, सूरजपुर से 4, धमतरी से 4 और दंतेवाड़ा जिले से 4 मरीजों की पुष्टि हुई है। कुछ जिलों में कुछ मामले मिले हैं, बलरामपुर में 4 मरीज, बेमेतरा से 2, महासमुंद से 2, बालोद जिले से 2, कबीरधाम से 2, कोरिया से 1 और नारायणपुर जिले से 1 मरीज की पुष्टि हुई है। लेकिन, अभी भी संक्रमण के मामले हैं और सभी लोगों को सतर्क रहने और सरकार की दिशा निर्देशों का पालन करने की जरूरत है।

 

 

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ट्रैफिक एआईजी ने किया रायपुर-बिलासपुर मार्ग के ब्लैक स्पॉट्स का निरीक्षण

यातायात जागरूकता के लिए ग्राम चौपाल आयोजित करने के दिए निर्देश

रायपुर (छत्तीसगढ़ दर्पण) रायपुर-बिलासपुर राष्ट्रीय राजमार्ग-30 पर ब्लैक स्पॉट की पहचान करने  अंतर्विभागीय लीड एजेंसी सड़क सुरक्षा छत्तीसगढ़ के अध्यक्ष और एआईजी ट्रैफिक संजय शर्मा ने निरीक्षण किया। निरिक्षण के दौरान उन्होंने  दुर्घटना को रोकने के लिए उपाय भी बताए। एआईजी ट्रैफिक शर्मा ने निरीक्षक नीलकंठ वर्मा थाना प्रभारी यातायात भनपुरी और राष्ट्रीय राजमार्ग बिलासपुर रोड पेट्रोलिंग टीम के प्रभारी अधिकारी पिंटू गुप्ता के साथ मुआयना किया और उपायों पर तुरंत काम करने के निर्देश दिए।


भनपुरी तिराहा से रायपुर बिलासपुर मार्ग में ग्राम बेमता गड़रिया नाला तक कुल 10 ब्लैक स्पॉट : भनपुरी तिराहा से यातायात थाना भनपुरी, व्यास तालाब से वीनू पेट्रोल पंप,  धनराज होटल से धनेली बस्ती, लकी मेडिकल स्टोर्स से  सिलतरा हाई स्कूल, सिलतरा से निकों कंपनी गेट, देवरी से तिवारी ढाबा, देवरी से तारपोंगी बस्ती, ग्राम बेमता से भूमिया, साकरा से प्रिंस ढाबा एवं गडरिया नाला बेमता का चिन्ह अंकन किया गया है जिन का निरीक्षण किया गया।

निरीक्षण के दौरान सड़क दुर्घटना का प्रमुख कारण वाहन चालकों का अपने वाहनों पर नियंत्रण न रखना, ओव्हर स्पीड वाहन चलाना, यातायात नियमों का पालन नहीं करना मुख्य कारण है, जिस पर रोकथाम हेतु सर्वप्रथम हाईवे एवं ब्लैक स्पॉट स्थल के किनारे स्थित ग्रामों में यातायात जागरूकता हेतु ग्राम चौपाल लगाने, यातायात नियमों का उल्लंघन करने वाले वाहन चालकों पर प्रवर्तन की कार्यवाही करने  यातायात पुलिस रायपुर को निर्देश दिए एवं राष्ट्रीय राजमार्ग विकास प्राधिकरण के अधिकारियों को सड़क दुर्घटना में रोकथाम हेतु ब्लैक स्पॉट स्थित चौक चौराहों के संपर्क मार्गों में वाहनों की स्पीड नियंत्रण हेतु  रंबल स्ट्रिप (ब्रेकर) का निर्माण करना , कैट आई, संकेतक बोर्ड एवं भनपुरी से लेकर सांकरा तक प्रकाश की व्यवस्था करने निर्देश दिए।

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मुख्यमंत्री ने भारतरत्न डॉ. सर्वपल्ली राधाकृष्णन की पुण्यतिथि पर उन्हें किया नमन

 रायपुर (छत्तीसगढ़ दर्पण) मुख्यमंत्री श्री भूपेश बघेल ने भारत के पूर्व राष्ट्रपति और शिक्षाविद, भारतरत्न डॉ. सर्वपल्ली राधाकृष्णन की 17 अप्रैल को पुण्यतिथि पर उन्हें नमन किया है। श्री बघेल ने कहा है कि डॉ. राधाकृष्णन जी शिक्षा को एक मिशन मानते थे। उन्होंने एक आदर्श शिक्षक के रूप में अपने जीवन में शिक्षा के प्रति समर्पण और प्रतिबद्धता को निभाया। उन्होंने समाज, धर्म, दर्शन का गहरा अध्ययन किया और कई पुस्तकंे लिखीं। डॉ. राधाकृष्णन की प्रतिभा को देखते हुए उन्हें संविधान निर्मात्री सभा का सदस्य बनाया गया। मुख्यमंत्री ने कहा कि डॉ. राधाकृष्णन अपने पीछे ज्ञान और शिक्षा की अमूल्य धरोहर छोड़ गए हैं। उनके ज्ञानमूल्य भावी पीढ़ी को हमेशा प्रेरित करते रहेंगे।

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बेहतर होगी रायपुर शहर की सफाई व्यवस्था, मुख्यमंत्री श्री बघेल 17 अप्रैल को 84 नए सफाई वाहनों की देंगे सौगात

 40 करोड़ रूपए की लागत से 05 शहरी सड़कों का सौंदर्यीकरण का काम भी होगा शुरू

रायपुर (छत्तीसगढ़ दर्पण) रायपुर उत्तर विधानसभा क्षेत्र में आयोजित होने वाले भेंट-मुलाकात कार्यक्रम के दौरान 17 अप्रैल को रायपुर शहर को 84 नए सफाई वाहनों की बड़ी खेप भी मिलेगी। मुख्यमंत्री श्री भूपेश बघेल 10 करोड़ 12 लाख रूपए की लागत के इन छोटे-बड़े वाहनों का लोकार्पण करेंगे। इन वाहनों के नगर निगम के सफाई बेड़े में शामिल हो जाने से निगम क्षेत्र में कचरा और अन्य दूसरे अपशिष्टों को इकट्ठा करने, उनका परिवहन करने और उनका निष्पादन करने में बड़ी सहूलियत होगी। मुख्यमंत्री श्री बघेल 30 हाइड्रोलिक टिपर, 20 मिनी टिपर, 07 यूटिलिटी विकल्प, 05 वैक्यूम सक्शन मशीन, 01 चैन माउंटेड डिगर, 10 तीन क्यूबिक मीटर के हाइड्रोलिक टिपर, 03  मिनी पोकलेन, 01 ट्रैक्टर संचालित वाटर कैनन सिस्टम, 06 कैंफर और 01 बोलेरो वाहन नगर निगम रायपुर को सौपेंगे।

05 शहरी सड़कों के सौंदर्यीकरण के काम की शुरूआत भी होगी - मुख्यमंत्री श्री बघेल भेंट-मुलाकात कार्यक्रम के दौरान ही शहर की 05 सड़कों के सौंदर्यीकरण कार्यों का भी शुभारंभ करेंगे। लगभग 40 करोड़ रूपए की लागत से यह काम होगा। मुख्यमंत्री जी.ई रोड, वीआईपी रोड, बलौदाबाजार रोड, स्टेशन रोड और पचपेड़ी नाका रोड के सौंदर्यीकरण कार्यों की शुरूआत करेंगे। इसके साथ ही इन सड़कों से जुड़ने वाली छोटी संपर्क सड़कों का भी सौैंदर्यीकरण किया जाएगा।

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भेंट-मुलाकात रायपुर उत्तर विधानसभा क्षेत्र: मुख्यमंत्री श्री बघेल 17 अप्रैल को 117 करोड़ रूपए से अधिक के विकास कार्यों की देंगे सौगात

रोजगार, सड़क, पेयजल सहित इलाज से जुड़े कार्यो का होगा लोकार्पण - भूमिपूजन 

रायपुर (छत्तीसगढ़ दर्पण) मुख्यमंत्री श्री भूपेश बघेल 17 अप्रैल को रायपुर उत्तर विधानसभा क्षेत्र में भेंट-मुलाकात कार्यक्रम के दौरान रायपुर शहर वासियों को 117 करोड़ 61 लाख रूपए से अधिक के विभिन्न विकास कार्यो की सौगात देंगे। भेंट-मुलाकात कार्यक्रम में युवाओं को रोजगार, सड़क-यातायात, पेयजल, शहर सौंदर्यीकरण से लेकर इलाज की बेहतर सुविधा से जुड़े कई विकास कार्यों का लोकार्पण और भूूमिपूजन होगा। श्री बघेल 50 करोड़ रूपए की लागत से रायपुर शहर में 5 सड़कों के सौंदर्यीकरण और 10 करोड़ की लागत से कलेक्टोरेट मल्टीलेवल पार्किंग के पांचवें माले पर 500 सीटर बी.पी.ओ. सेंटर की आधारशिला रखेंगे।

मुख्यमंत्री श्री बघेल नगर निगम रायपुर के जोन क्रमांक 07 में 26 लाख रूपए की लागत के, जोन क्रमांक 04 में 85 लाख रूपए की लागत से और जोन क्रमांक 10 में 01 करोड़ रूपए की लागत के कई विकास कार्यों का भूमिपूजन करेंगे। मुख्यमंत्री श्री बघेल साढ़े 65 करोड़ रूपए़ की लागत के विकास कार्यों को शहर वासियों को समर्पित भी करेंगे।

भेंट-मुलाकात कार्यक्रम के दौरान श्री बघेल 24 करोड़ 87 लाख रूपए की लागत से निर्मित देवेंन्द्र नगर उच्च स्तरीय जलागार और पाईप लाईन विस्तार कार्य, 13 करोड़ 83 लाख रूपए की लागत से शंकर नगर उच्च स्तरीय जलागार और पाईप लाईन विस्तार कार्य, 5 करोड़ 30 लाख रूपए की लागत के तेलीबांधा उच्च स्तरीय जलागार से पाईप लाईन विस्तार कार्य, 53 लाख रूपए की लागत से शंकर नगर के जेठवा गार्डन का सौंदर्यीकरण और पुनर्विकास कार्य और 48 लाख रूपए की लागत से देवेन्द्र नगर के गुरूघासीदास गार्डन के सौंदर्यीकरण और पुनर्विकास कार्यों का लोकार्पण करेंगे। मुख्यमंत्री श्री बघेल 40 लाख रूपए की लागत से फाफाडीह के साहू पारा तालाब के सौंदर्यीकरण और पुनर्विकास कार्य, 37 लाख रूपए की लागत से श्यामनगर के महाराणा प्रताप गार्डन का साैंदर्यीकरण और पुनर्विकास कार्य, 19 लाख रूपए की लागत से देवेन्द्र नगर के चैतन्य गार्डन का सौंदर्यीकरण और पुनर्विकास कार्य, 18 लाख रूपए की लागत से सिद्धीविनायक गार्डन का सौंदर्यीकरण और पुनर्विकास कार्य और 17 लाख रूपए की लागत से सर्वानंद गार्डन का सौंदर्यीकरण और पुनर्विकास कार्यो का लोकर्पण करेंगे। मुख्यमंत्री पंडरी में 19 लाख रूपए की लागत से पुनर्विकसित किए गए कुष्ठ बस्ती तालाब, 69 लाख रूपए से पुनर्विकसित किए गए खम्हारडीह के बड़ा शीतला तालाब का भी लोकार्पण करेंगे।

मुख्यमंत्री श्री बघेल 19 लाख रूपए की लागत से पुनर्विकसित हुए शंकर नगर गार्डन, 87 लाख रूपए की लागत से बने शहीद नंदकुमार पटेल चौक, 47 लाख रूपए की लागत से इंन्द्रावती कालोनी गार्डन और 14 लाख रूपए की लागत से गीतांजली नगर गार्डन के सौंदर्यीकरण कार्यों को भी शहर वासियों को लोकार्पित करेंगे। श्री बघेल इस दौरान नगर निगम रायपुर के जोन क्रमांक 03 में 02 करोड़ रूपए की लागत के, जोन क्रमांक 02 में 05 करोड़ 18 लाख रूपए की लागत से और जोन क्रमांक 09 में 03 करोड़ 17 लाख रूपए की लागत से हुए विभिन्न विकास कार्यों का लोकार्पण करेंगे।  

शहर वासियों को इलाज की बेहतर सुविधा देने के लिए मुख्यमंत्री श्री बघेल 5 करोड़ 63 लाख रूपए की लागत के विकास कार्यों का भी लोकार्पण करेंगे। जिला चिकित्सालय में 35 लाख 62 हजार रूपए की लागत से बनी टू-नॉट लैब और 74 लाख 56 हजार रूपए से बने 20 बिस्तर आईसोलेशन वार्ड का भी लोकार्पण किया जाएगा। जिला चिकित्सालय में ही 65 लाख रूपए की लागत से बने 12 बिस्तर आईसीयू और 30 बिस्तर ऑक्सीजन युक्त वार्ड का भी लोकार्पण होगा। मुख्यमंत्री श्री बघेल कालीबाड़ी के जिला चिकित्सालय में 70 लाख रूपए की लागत से बने ट्रांजिट हॉस्टल और खो-खो पारा के सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में 32 लाख 28 हजार रूपए की लागत से बने 20 बिस्तर अतिरिक्त वार्ड का भी लोकार्पण करेंगे। श्री बघेल चिकित्साकर्मियों को आवास की बेहतर सुविधा उपलब्ध कराने जिला चिकित्सालय परिसर मेें 2 करोड़ 86 लाख रूपए की लागत से बने 08 स्टॉफ क्वाटर्स का भी लोकार्पण करेंगे।

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मुख्यमंत्री श्री बघेल रायपुर के पंडरी ऑक्सीजोन में शहीद नंदकुमार पटेल की आदमकद प्रतिमा का करेंगे अनावरण

 रायपुर (छत्तीसगढ़ दर्पण) मुख्यमंत्री श्री भूपेश बघेल 17 अप्रैल को शाम के समय राजधानी रायपुर के पंडरी ऑक्सीजोन में स्थापित शहीद नंदकुमार पटेल की आदमकद प्रतिमा का अनावरण करेंगे। रायपुर स्मार्ट सिटी लिमिटेड द्वारा ऑक्सीजोन के समीप पंडरी में शहीद नंदकुमार पटेल की आदमकद प्रतिमा स्थापित की गई है। पंचधातु से निर्मित 400 कि.ग्रा. वजनी इस प्रतिमा की ऊंचाई 9 फिट है। इस प्रतिमा स्थल के सौंदर्यीकरण हेतु आकर्षक रोशनी व्यवस्था के अलावा मिनी उद्यान भी तैयार किया गया है। बैठक व्यवस्था के साथ ही रेड सैण्ड स्टोन से इस स्थल को खूबसूरती दी गई है। इस कार्य की कुल लागत 80 लाख रूपए है।

बहुआयामी व्यक्तित्व के धनी, मिलनसार व सामाजिक, राजनैतिक परिदृश्य में सदैव अपनी आभा बिखेरने वाले छत्तीसगढ़ के सपूत शहीद नंदकुमार पटेल जी का जन्म 08 नवंबर 1953 को रायगढ़ के ग्राम नंदेली में हुआ। मूलतः कृषक परिवार से ताल्लुक रखने वाले श्री पटेल के मन, कर्म एवं वचन से ठेठ छत्तीसगढ़िया संस्कारों की झलक साफ दिखाई देती थी। गांव को खुशहाली, तरक्की व संसाधनों से जोड़ने के उनके सद्प्रयासों की झलक न केवल उनके गांव नंदेली, बल्कि हर उस अंचल में दिखाई देती है, जहां श्री पटेल अपने आत्मीय व्यवहार कुशलता के बीच पहुंचते रहे। गांव के सरपंच से केबिनेट मंत्री और अन्य सभी उच्च आसीन पदों को सुशोभित करते हुए, उन्होंने अपनी ईमानदारी, परिश्रम व सहजता से हमेशा पद का मान बढ़ाया।

श्री पटेल खरसिया विधानसभा से 05 बार विधायक निर्वाचित हुए। अविभाजित मध्यप्रदेश के मंत्रीमंडल में आप सम्मानित सदस्य रहे एवं छत्तीसगढ़ गठन के उपरांत राज्य के प्रथम गृह मंत्री होने का गौरव आपको प्राप्त है। समाज के अंतिम व्यक्ति के उत्थान का परम लक्ष्य लेकर श्री पटेल सदैव राजनैतिक व सामाजिक रूप से अत्यधिक प्रतिष्ठित रहे। 25 मई 2013 को झीरम घाटी में हुए नक्सली हमले में श्री पटेल शहीद हुए।

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दस करोड़ रूपए की लागत से नगर निगम बनाएगा 500 सीटर बी.पी.ओ. सेंटर

 रायपुर (छत्तीसगढ़ दर्पण)। मुख्यमंत्री श्री भूपेश बघेल 17 अप्रैल को रायपुर शहर में 500 सीटर बीपीओ सेंटर स्थापित करने के लिए भूमिपूजन करेंगे। लगभग 10 करोड़ रूपए की लागत से यह बीपीओ सेंटर कलेक्टोरेट के सामने मल्टीलेवल पार्किंग के पाचवें तल पर शुरू होगा। मुख्यमंत्री श्री बघेल की सोच के अनुरूप इस बी.पी.ओ. सेंटर की स्थापना रायपुर के युवाओं को उन्नत व आधुनिक सुविधाओं के जरिए आत्मनिर्भरता प्रदान करने के उद्देश्य से की जा रही है। इस बी.पी.ओ. के जरिए कॉल सेंटर कस्टमर सपोर्ट, सेल्स एंड मार्केटिंग, डाटा एंट्री, टेक्निकल सपोर्ट, चैट सपोर्ट, बैंक एंड फ्रंट ऑफिस वर्क, सोशल मीडिया हैण्डलिंग, डाटा एनालिसिस जैसे आउटसोर्सिंग व्यवसाय से युवा जुड़ सकेंगे।

दस करोड़ रूपए की लागत से नगर निगम बनाएगा 500 सीटर बी.पी.ओ. सेंटर

सूचना क्रांति के इस दौर में रायपुर में लम्बे समय से ऐसे आधुनिक बी.पी.ओ. सेंटर की आवश्यकता महसूस हो रही थी, जहां कार्य करते हुए कम लागत पर बेरोजगार व महाविद्यालयीन शिक्षा प्राप्त कर रहे युवाओं को पूरी दुनिया से जुड़कर अपना कौशल बढ़ाने का समुचित अवसर मिले। कोरोना काल में भी हर घर तक संदेशों को पहुंचाने के लिए ऐसे बीपीओ आधारित हाइटेक कॉल सेंटर की आवश्यकता शहर में महसूस की जा रही थी। रायपुर में इस तरह के कॉल सेंटर उपलब्ध नहीं होने के कारण यहां के युवाओं को इंदौर, बैंगलुरू जैसे अन्य महानगरों में जाकर रोजगार के अवसर तलाशने पड़ते थे। प्रतिस्पर्धा के दौर में सीमित संसाधनों के कारण यहां के युवा रोजगार से वंचित हो जाते थे। अब रायपुर में बीपीओ सेंटर खुल जाने से ऐसे युवाओं को रोजगार के नए अवसर मिलेंगे। सेंटर के मार्फत देश-विदेश की बड़ी कंपनियों और वाणिज्यिक सेवा संस्थानों से जुड़कर स्थानीय युवाओं की रोजगार और विकास में भागीदारी भी बढ़ेगी। इसके साथ ही नई तकनीकों के उपयोग से विभिन्न कंपनियों में संपर्क होने से युवाओं का संवाद कौशल भी बढ़ेगा, जिससे विकास के नए रास्ते खुलेंगे।

 

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534 किसानों की भूमि पर लगेंगे 2 लाख 83 हजार वाणिज्यिक प्रजातियों पौधे

योजना के शुभारंभ दिन 27 किसानों ने अपनी जमीन पर लगाए 8384

महासमुंद  (छत्तीसगढ़ दर्पण)। छत्तीसगढ़ सरकार की नई महत्वाकांक्षी योजना मुख्यमंत्री वृक्ष सम्पदा योजना शुरू की गयी है। इसका 21 मार्च 2023 को विश्व वानिकी दिवस के अवसर पर मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने विधानसभा परिसर स्थित अपने कार्यालय कक्ष से राज्य के सभी 33 जिलों के 42 स्थानों में राज्य सरकार की महत्वाकांक्षी मुख्यमंत्री वृक्ष संपदा योजना का वर्चुअल शुभारंभ किया। यह योजना ग्रामीण क्षेत्रों में वाणिज्यिक वृक्षारोपण को बढ़ावा देकर किसानों की आय में वृद्धि करने के उद्देश्य से शुरू की गई है।

वन मंडलाधिकारी पंकज राजपूत ने बताया कि नई मुख्यमंत्री वृक्ष सम्पदा योजना अंतर्गत महासमुंद जिले के कुल 534 किसानों की ओर से रकबा 576.410 एकड़ में 2,82,952 पौधा लगाने के लिए दिये गये सहमति दी है। योजना के शुभारंभ दिन 21 मार्च 2023 को विश्व वानिकी दिवस के अवसर पर कुल लक्ष्य में से सिंचित स्थलों में 27 किसानों के 26.790 एकड़ भूमि पर मिलिया डुबिया, टिशु कल्चर बांस, टिशु कल्चर सागौन, क्लोनल नीलगिरी, चंदन और अन्य आर्थिक रूप से लाभकारी 8384 पौधे रोपित किये गये है। जिला मुख्यालय से सटे गांव लभराखुर्द के किसान महेश चन्द्राकर ने अपने एक एकड़ भूमि पर 250 टिश्यू कल्चर सागौन के पौधे लगाए हैं। उन्होंने बताया कि 12 वर्ष के बाद 26 लाख 11 हजार रुपए की आमदनी होगी। इससे पहले उन्होंने बांस लगाया था, जिन्हें स्थानीय किसान और घर निर्माण आदि के लिए राजमिस्त्री को बेचा। जिससे उन्हें लाभ हुआ। उनका इरादा अब बाकि जमीन पर भी सरकारी योजना के तहत वृक्ष लगाना है। ताकि उन्हें ज्यादा मुनाफा हो। किसान चन्द्राकर ने बताया कि खरीफ  वर्ष 2022-23 में 7 एकड़ में धान की फसल लिया था। 150 क्विंटल धान समर्थन मूल्य पर बेचा। अब वे अपनी भूमि पर वाणिज्यिक वृक्ष लगाने की पूरी योजना बना रहे है। 

इस योजना से वनक्षेत्र से बाहर लकड़ी के उत्पादन बढऩे से काष्ठ आधारित उद्योगों को बढ़ावा मिलेगा। किसानों के अलावा इस योजना के अंतर्गत अन्य पात्र हितग्राही भी खेत के मेड़ों में या अपनी निजी भूमि में बाउन्ड्री में या लाईन/पंक्ति में वृक्षारोपण कर सकते हैं। इसके साथ ही कार्बन क्रेडिट के माध्यम से भी कृषकों को अतिरिक्त आय प्राप्त होने की संभावना है। उक्त योजना अंतर्गत मिलिया डुबिया, टिशु कल्चर बांस, टिशु कल्चर सागौन, क्लोनल नीलगिरी, चंदन और अन्य आर्थिक रूप से लाभकारी पौधों के वाणिज्यिक वृक्षारोपण एवं वन अधिकार पत्र धारकों को भी इस योजना अंतर्गत लाभान्वित किया जाना है।

छत्तीसगढ़ सरकार की इस नई लाभकारी योजना के तहत समस्त वर्ग के सभी इच्छुक भूमि स्वामी, शासकीय, अद्र्धशासकीय व शासन की स्वायत्त संस्थाएँ, निजी शिक्षण संस्थाऐं, निजी ट्रस्ट, गैर शासकीय संस्थाऐं, पंचायतें तथा भूमि अनुबंध धारक इस योजना का लाभ ले सकते हैं। इस योजना के अंतर्गत हितग्राही की निजी भूमि में 05 एकड़ तक रोपण के लिए 100 प्रतिशत तथा 05 एकड़ से अधिक क्षेत्र में रोपण के लिए 50 प्रतिशत वित्तीय अनुदान शासन की ओर से हितग्राहियों को प्रदाय किया जाएगा। राज्य शासन इस योजना के माध्यम से प्रति वर्ष 36,000 एकड़ के मान से कुल 05 वर्षों में 1,80,000 एकड़ में 15 करोड़ पौधों के रोपण का लक्ष्य रखा गया है। शासन की ओर से चयनित वृक्ष प्रजातियों की खरीदी के लिए प्रतिवर्ष न्यूनतम क्रय मूल्य निर्धारित किया जाएगा, जिससे कृषकों को निश्चित् आय प्राप्त हो सकेगी।

 

 
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एम्स में ट्रामा और इमरजेंसी को मिले 30 नए हाइड्रोलिक बैड्स

रायपुर (छत्तीसगढ़ दर्पण)। संविधान निर्माता डॉ. भीमराव अंबेडकर की 132 वीं जयंती के अवसर पर अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान के ट्रामा एवं आपातकालीन चिकित्सा विभाग को 30 नए हाइड्रोलिक बैड्स प्रदान किए गए। इसके बाद अब ट्रामा में उपचार के लिए आने वाले रोगियों को कई सुविधाओं वाले हाइड्रोलिक बैड पर उपचार मिल सकेगा।

निदेशक प्रो. (डॉ.) नितिन एम. नागरकर ने इन बैड्स को ट्रामा विभाग को प्रदान करते हुए आशा व्यक्त की कि इससे और अधिक संख्या में गंभीर रोगियों को तुरंत बैड उपलब्ध हो सकेगा। इसके साथ ही ट्रामा से ओटी और वार्ड में रोगियों को लाने-ले जाने में भी सुविधा होगी।

इन बैड की ऊंचाई को रोगियों की आवश्यकता के अनुसार एडजस्ट किया जा सकता है। साथ ही आईवी इन्फ्यूजन के लिए चार इनबिल्ट पोर्ट्स या स्टैंड्स भी लगे हुए हैं। पूरी तरह से ऑटोमैटिक इन बैड्स पर सीपीआर भी आसानी के साथ दिया जा सकता है। आवश्यकता पड़ने पर इन्हें 360 डिग्री तक घुमाया जा सकता है। इस अवसर पर विभागाध्यक्ष डॉ. देवेंद्र त्रिपाठी, डॉ. नितिन कश्यप, डॉ. वरूण आनंद, डॉ. चंदन डे और डॉ. सुदर्शन बेहरा भी उपस्थित थे।

एम्स के नर्सिंग ऑफिसर्स ने शिविर में 66 यूनिट रक्तदान किया

डॉ. अंबेडकर की जयंती के अवसर पर एम्स के नर्सिंग ऑफिसर्स ने विशेष रक्तदान शिविर आयोजित किया। इसमें नर्सिंग एसोसिएशन और टीम अंबेडकर के निर्देशन में 66 नर्सिंग ऑफिसर्स और अन्य कर्मचारियों ने रक्तदान किया।

इस अवसर पर निदेशक प्रो. नागरकर ने सभी को नियमित रक्तदान के लिए प्रोत्साहित करते हुए इस पहल के लिए सभी को बधाई दी। कार्यक्रम में उप-निदेशक (प्रशासन) अंशुमान गुप्ता भी उपस्थित थे।

 

 

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छत्तीसगढ़ में मिले कोरोना के 209 नए मरीज, एक की मौत

रायपुर (छत्तीसगढ़ दर्पण)। छत्तीसगढ़ में बीते 24 घंटों में 209 नए मरीज मिले हैं। प्रदेश में अब एक्टिव मरीजों की संख्या 1395 पहुंच गई है। बलौदाबाजार जिले में एक मरीज की मौत भी हुई है। रायपुर, दुर्ग, बिलासपुर, राजनांदगांव में एक्टिव मरीजों की संख्या 100 के पार है। जबकि पॉजिटिविटी दर 13.78 फीसदी हो गई है।

स्वास्थ्य विभाग के कोरोना बुलेटिन के मुताबिक छत्तीसगढ़ के 22 जिलों में संक्रमित मरीज मिले हैं। जबकि अन्य जिलों में नए केस नहीं मिले हैं।
दुर्ग में सबसे ज्यादा 38 संक्रमित मरीज मिले हैं।

इसके अलावा गरियाबंद में 29, बिलासपुर में 19, सूरजपुर में 19, महासमुंद में 17, रायगढ़ में 12, रायपुर में 11,कोंडागांव में 11, राजनांदगांव में 9, सरगुजा में 9 मरीज मिले हैं। इसके अलावा कबीरधाम जिले में 7, कांकेर में 4, जशपुर में 4 धमतरी में 2, बलौदा बाजार में 2, कोरबा में 2, दंतेवाड़ा में 2, बालौद में 2, बेमेतरा,मुंगेली​​​​, बलरामपुर में 1-1 मरीज मिला हैं।

छत्तीसगढ़ में स्वास्थ्य विभाग द्वारा लगातार कोरोना प्रोटोकॉल फॉलो करने कहां जा रहा है।

हालांकि प्रशासन द्वारा इसे लेकर अब तक कोई सख्ती नहीं बरती जा रही है। बढ़ते मामलों को देखते हुए कई अस्पतालों में मॉकड्रिल भी की गई है। लोगों से बार- बार सतर्कता बरतने की अपील की जा रही है।

 

 

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छत्तीसगढ़ में छाए रहेंगे बादल, बारिश के आसार

रायपुर (छत्तीसगढ़ दर्पण)। छत्तीसगढ़ के अधिकांश शहरों में तपती गर्मी के बाद शनिवार को गर्मी में ब्रेक लगने की संभावना है।

दरअसल छत्तीसगढ़ से केरल तक एक और द्रोणिका बन गई है, जिसके असर से शुक्रवार को दोपहर से ही बादल आना शुरू हो गए।

शनिवार को सुबह से लेकर रात तक इसके असर से बस्तर और रायपुर संभाग के कुछ हिस्से में हल्की बारिश हो सकती है या फिर गरज-चमक के साथ बौछारें पड़ेंगी। इससे तापमान में थोड़ी कमी आएगी।

हालांकि अधिकांश हिस्से में नमी कम रहेगी, इसलिए खास कमी की संभावना नहीं है।

उत्तरी छत्तीसगढ़ से महाराष्ट्र, तेलंगाना और कर्नाटका से होते केरल तक एक द्रोणिका बनी है। इस सिस्टम के प्रभाव से समुद्र से बड़ी मात्रा में नमी आएगी।

मौसम विभाग के अनुसार 15 अप्रैल, शनिवार को राजनांदगांव, दुर्ग, रायपुर और महासमुंद सहित बस्तर के जिलों में एक-दो जगहों पर गरज-चमक के साथ बौछारें पड़ने की संभावना है। बारिश और गरज-चमक की स्थिति प्रदेश में एक-दो दिन रहेगी। इसके बाद मौसम शुष्क होगा और मौसम फिर से सामान्य होने पर गर्मी बढ़ेगी।

शुक्रवार को राजधानी रायपुर समेत प्रदेश के कई हिस्सों में तेज गर्मी पड़ी। सभी जगह दिन का तापमान सामान्य से ऊपर रहा। सबसे ज्यादा गर्मी बलौदाबाजार के अर्जुनी में पड़ी। यहां दिन का तापमान सर्वाधिक 43.3 डिग्री रिकार्ड किया गया।

रायपुर में भी दोपहर का तापमान 41.8 डिग्री तक पहुंच गया, जो सामान्य से दो डिग्री अधिक है।बिलासपुर व राजनांदगांव में 42, अंबिकापुर, पेंड्रारोड और दुर्ग में पारा 40 डिग्री के तथा प्रदेश के वनक्षेत्रों में 39 डिग्री के आसपास दर्ज किया गया।

हालांकि रात का तापमान सभी जगह सामान्य से एक-दो डिग्री अधिक है। मौसम विशेषज्ञों के मुताबिक वातावरण में नमी थोड़ी बढ़ेगी और दो-तीन दिन रहेगी तो इसके असर से कहीं-कहीं दोपहर के बाद अंधड़-बौछारों का सिलसिला जारी रह सकता है। दरअसल जिस इलाके में दोपहर के तापमान में ज्यादा वृद्धि होगी, वहां कम दबाव का क्षेत्र बनेगा और आसपास से हवा के साथ नमी भी तेजी से अाएगी। इसी वजह से अंधड़ भी चल सकते हैं और बौछारें या बूंदाबांदी भी हो सकती है।

बिलासपुर व राजनांदगांव में 42, अंबिकापुर, पेंड्रारोड और दुर्ग में पारा 40 डिग्री के तथा प्रदेश के वनक्षेत्रों में 39 डिग्री के आसपास दर्ज किया गया। हालांकि रात का तापमान सभी जगह सामान्य से एक-दो डिग्री अधिक है।

मौसम विभाग के मुताबिक वातावरण में नमी थोड़ी बढ़ेगी और दो-तीन दिन रहेगी तो इसके असर से कहीं-कहीं दोपहर के बाद अंधड़-बौछारों का सिलसिला जारी रह सकता है।

दरअसल जिस इलाके में दोपहर के तापमान में ज्यादा वृद्धि होगी, वहां कम दबाव का क्षेत्र बनेगा और आसपास से हवा के साथ नमी भी तेजी से आएगी। इसी वजह से अंधड़ भी चल सकते हैं और बौछारें या बूंदाबांदी भी हो सकती है।

 

 

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कायाकल्प योजना : उप स्वास्थ्य केन्द्र जूर को प्रथम व डेडरी को मिला द्वितीय पुरस्कार

सूरजपुर (छत्तीसगढ़ दर्पण)। कायाकल्प योजना के अंतर्गत जिले को प्रथम व द्वितीय पुरस्कार मिला। स्वास्थ्य विभाग द्वारा आयोजित कायाकल्प स्वच्छ अस्पताल योजना अंतर्गत राज्य स्तरीय पुरस्कार वितरण का आयोजन 13 अप्रैल को रायपुर में किया गया। इस योजना अंतर्गत चयनित अस्पतालों को पुरस्कृत किया जाता है। जिले के कलेक्टर सुश्री इफ्फत आरा के सफल निर्देशन एवं जिले के मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. आर. एस. सिंह के मार्गदर्शन में इस वर्ष जिला ने राज्य में अपना परचम लहराया।

राज्य स्तरीय कायाकल्प सम्मान समारोह वर्ष 2022-23 में उप स्वास्थ्य केंद्र की श्रेणी में उप स्वास्थ्य केंद्र जूर विकासखंड भैयाथान को प्रथम पुरस्कार तथा उप स्वास्थ्य केंद्र डेडरी विकासखंड सूरजपुर ने द्वितीय स्थान हासिल किया। साथ ही 81 स्वास्थ्य संस्थाओं ने सांत्वना पुरस्कार प्राप्त किया। उप स्वास्थ्य केंद्र स्तर पर प्रथम स्थान हासिल करने वाले अस्पताल को 1,00000 एवं द्वितीय पुरस्कार के विजेता अस्पताल को 50,000 की राशि प्रदान की गई। वहीं वर्ष 2021-22 में राज्य में प्रथम स्थान हेल्थ एंड वेलनेस सेंटर नवापारा कला विकासखंड प्रेमनगर को एवं प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र बसदेई को पुरस्कृत किया गया था। यह पुरस्कार बेहतर प्रबंधन बेहतर स्वास्थ्य सेवाओं को आम जनता तक पहुंचाने एवं साथ ही अस्पतालों में स्वच्छता के आधार पर प्रदान किया जाता है। इसके अतिरिक्त उत्कृष्ट कार्य करने पर जिले से सुश्री शुभम श्रीवास्तव को राज्य में सर्वश्रेष्ठ आरएमएनसीएच ए का पुरस्कार दिया गया। वहीं डॉ. तेरस कंवर नेत्र रोग विशेषज्ञ, डॉक्टर दीपक मरकाम डेंटल सर्जन को भी उत्कृष्ट कार्य करने हेतु पुरस्कृत किया गया।

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