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एसडीएम शीतल बंसल एवं डिप्टी कलेक्टर तरूणा साहू के स्थानांतरण होने पर दी गई विदाई

 एसडीएम बालोद शीतल बंसल के संयुक्त कलेक्टर के पद पर जिला राजनांदगांव एवं डिप्टी कलेक्टर तरूणा साहू का अवर सचिव के पद पर महानदी भवन मंत्रालय रायपुर में स्थानांतरण होने पर आज सर्किट हाउस बालोद में आयोजित विदाई समारोह में उन्हें बिदाई दी गई। इस दौरान कलेक्टर  इन्द्रजीत सिंह चन्द्रवाल, जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी डाॅ. संजय कन्नौजे, अपर कलेक्टर चन्द्रकांत कौशिक एवं अन्य अधिकारियों ने उनके कार्यों एवं व्यवहारों की सराहना की।

कलेक्टर श्री चन्द्रवाल ने शीतल बंसल को कार्य के प्रति समर्पित एवं निष्ठावान अधिकारी बताते हुए उनके कार्यों की भूरी-भूरी प्रशंसा की। इस दौरान उन्होंने डिप्टी कलेक्टर तरूणा साहू के कार्याें एवं व्यवहार की सराहना की। श्री चन्द्रवाल ने इन दोनों अधिकारियों के उज्ज्वल भविष्य की कामना करते हुए उनके नये जिम्मेदारियों के लिए बधाई एवं शुभकामनाएं दी। इस अवसर पर जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी डाॅ. संजय कन्नौजे ने शीतल बंसल को एक योग्य एवं कुशल प्रशासनिक अधिकारी बताया। उन्होंने कहा कि शीतल बंसल एवं तरूणा साहू अपने नये कर्मक्षेत्र में भी उत्कृष्ट एवं उल्लेखनीय कार्य का प्रदर्शन करेंगे। अपर कलेक्टर श्री चन्द्रकांत कौशिक ने श्रीमती शीतल बंसल एवं श्रीमती तरूणा साहू को अपने कार्य के प्रति सजग एवं समर्पित अधिकारी बताया। उन्होंने इन दोनों अधिकारियों के कार्यों की सराहना की और उनके नये जिम्मेदारियों के लिए शुभकामनाएं दी। समारोह में उपस्थित अधिकारियों ने भी शीतल बंसल एवं तरूणा साहू के कार्यों का स्मरण करते हुए उन्हें बेहतरीन प्रशासनिक अधिकारी बताया। इस अवसर पर संयुक्त कलेक्टर अजय किशोर लकरा, एसडीएम गुरूर पूजा बंसल, एसडीएम डौण्डीलोहारा शिवनाथ बघेल, एसडीएम गुण्डरदेही सुरेश साहू, डिप्टी कलेक्टर प्रतिमा ठाकरे झा एवं प्राची ठाकुर, तहसीलदार बालोद निलिमा देहारी सहित अन्य अधिकारीगण उपस्थित थे।

 

 

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छत्‍तीसगढ़ के हर घर में लगेगा स्मार्ट बिजली मीटर, प्रीपेड मोबाइल की तरह होगा रिचार्ज

 छत्तीसगढ़ के बिजली उपभोक्ताओं को अब प्रीपेड मोबाइल, डीजीएच और ब्राडबैंड की तरह पहले अपना बिजली मीटर रिचार्ज करना पड़ेगा। इसके बाद उन्हें बिजली आपूर्ति की जाएगी। रायपुर समेत प्रदेशभर में इन दिनों स्मार्ट मीटर लगाने का काम तेजी से चल रहा है।

प्रदेशभर में 54 लाख से ज्यादा उपभोक्ता हैं, जिनके घरों में स्मार्ट मीटर लगेगा, जो मोबाइल के सिम की तरह काम करेगा।

तय पैकेज के आधार पर उपभोक्ताओं को मीटर रिचार्ज कराना पड़ेगा। उपभोक्ता जितनी राशि का रिचार्ज करेगा, उतनी ही बिजली खर्च कर पाएगा।

बिजली कंपनी के अधिकारियों ने बताया कि मीटर लगने से पूरा सिस्टम ऑटोमेटिक हो जाएगा। रिचार्ज खत्म होने पर बिजली सप्लाई बंद हो जाएगी, जैसे मोबाइल में रिचार्ज खत्म होने पर कालिंग, इंटरनेट और एसएमएस बंद हो जाता है।

हालांकि, रात में रिचार्ज खत्म होने पर बिजली सप्लाई बाधित नहीं की जाएगी। लेकिन, उसे दूसरे दिन सुबह ही स्मार्ट मीटर रिचार्ज करना पड़ेगा।

 

सीएसपीडीसीएल के अधिकारियों के अनुसार अभी ट्रायल के तौर पर शहर के विभिन्न कॉलोनियों के घर-घर में स्मार्ट मीटर लगाया जा रहा है, जिसे कुछ दिन बाद रिचार्ज कराना पड़ेगा। बकाया बिजली बिल के भुगतान में आने वाली समस्या से छुटकारा पाने के लिए यह किया जा रहा है।

उपभोक्ताओं को रिचार्ज में खर्च बजट की सूचना हर सप्ताह एसएमएस के जरिए भेजा जाएगा। वहीं, जब रिचार्ज खत्म होने वाला होगा, तो इसकी अलर्ट की सूचना सप्ताह में तीन बार दी जाएगी। उपभोक्ताओं को अब हर साल वसूली जाने वाली सुरक्षा निधि से भी मुक्ति मिलेगी।

निश्शुल्क लगाया जा रहा मीटर

उपभोक्ताओं के यहां स्मार्ट मीटर निश्शुल्क लगाए जाएंगे। मीटर की 10 साल की गारंटी रहेगी। 10 साल स्मार्ट मीटर लगाने वाली कंपनी मरम्मत की जिम्मेदारी उठाएगी। मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय की विशेष पहल पर परिवहन विभाग द्वारा आम नागरिकों को एक और नई सुविधा दी जा रही है। आवेदक के पते पर नहीं पहुंचने वाले ड्राइविंग लाइसेंस और पंजीयन प्रमाण पत्र अब संबंधित आवेदकों को उनके जिले के क्षेत्रीय, अतिरिक्त क्षेत्रीय और जिला परिवहन कार्यालयों के माध्यम से वितरित किए जाएंगे।

 

छूट का मिलेगा लाभ, 300 रुपये तक बकाया पर नहीं कटेगा कनेक्शन

 

स्मार्ट मीटर लगने के बाद भी सभी आम उपभोक्ताओं को सरकार की ओर से हाफ बिजली बिल योजना का लाभ मिलता रहेगा। छूट का लाभ देने के लिए मीटर में ऑटोमेटिक रूप से व्यवस्था दी जाएगी, जिससे रिचार्ज में ही छूट के लाभ के अनुसार उपभोक्ता का पैसा प्रति यूनिट कटेगा। न्यूनतम बैलेंस की जरूरत नहीं होगी। माइनस 300 रुपये तक बैलेंस होने का कारण इसकी जरूरत नहीं। कोई उपभोक्ता यदि दो-तीन माह के लिए घर से बाहर जा रहा है, तो उन्हें मीटर में न्यूनतम बैलेंस रखना होगा।

बिजली कंपनी रायपुर रीजन के ईडी जेएस नेताम ने कहा, शहर में प्री-पेड स्मार्ट मीटर लगाने का काम चल रहा है। नया ऑटोमैटिक सिस्टम चालू होने के बाद सुरक्षा निधि रखने की जरूरत ही नहीं पड़ेगी। इसलिए अतिरिक्त सुरक्षा निधि की रकम को समायोजित करने के लिए मीटर में बैलेंस डाला जाएगा।

 

 

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भ्रष्टाचार पर लगाम लगाने साय सरकार का अहम फैसला- मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय

मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय के कैबिनेट में शासकीय समानों की खरीदी गड़बड़ी और भ्रष्टाचार की रोकथाम के मद्देनजर आज एक बड़ा फैसला लिया है। कैबिनेट ने सीएसआईडीसी के माध्यम से खरीदी में भ्रष्टाचार की शिकायतों को देखते हुए इसके सभी रेट काॅन्ट्रेक्ट को जुलाई माह के अंत तक निरस्त करने का निर्णय लिया है। गौरतलब है कि पूर्ववर्ती सरकार ने जेम पोर्टल से खरीदी पर रोक लगा दी थी, शासकीय सामग्री की खरीदी में दिक्कत, गुणवत्ता का अभाव एवं भ्रष्टाचार की शिकायतें काफी बढ़ गई थी। 


साय सरकार ने इसको गंभीरता से लेते हुए न सिर्फ भ्रष्टाचार पर लगाम लगाने का फैसला लिया है, बल्कि जेम के माध्यम से खरीदी की व्यवस्था को फिर से बहाल कर शासकीय सामग्री की खरीदी में पारदर्शिता सुनिश्चित की है। विष्णु सरकार का यह फैसला सुशासन की दिशा में एक और कदम है।

कैबिनेट बैठक में छत्तीसगढ़ शासन भण्डार क्रय नियम 2002 के (यथा संशोधित 2022) में संशोधन प्रारूप का अनुमोदन किया गया। राज्य शासन के सभी विभाग आवश्यकतानुसार सामग्री, वस्तुओं एवं सेवाएं, जिनकी दरें एवं विशिष्टियां भारत सरकार के डीजीएसएण्डडी की जेम वेबसाइट में उपलब्ध हों, का क्रय जेम वेबसाईट से नियमानुसार निर्धारित प्रक्रिया पालन कर करेंगे। अतिरिक्त आवश्यकता होने पर सामग्री, वस्तु एवं सेवाओं के क्रय के संबंधित विभागों को वित्त विभाग से अनुमति लेना होगा।  

मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय की अध्यक्षता में आज यहां मंत्रालय महानदी भवन में आयोजित कैबिनेट की बैठक में इसके अलावा और कई महत्वपूर्ण निर्णय लिए गए। प्रदेश में गुणवत्तापूर्ण शिक्षा व्यवस्था के लिए भारत सरकार के शिक्षा मंत्रालय द्वारा जारी राष्ट्रीय शिक्षा नीति-2020 को छत्तीसगढ़ राज्य में पूर्ण रूप से लागू करने का निर्णय लिया गया। नई शिक्षा नीति के तहत कक्षा 5वीं तक बच्चों को स्थानीय भाषा-बोली में शिक्षा दिए जाने का प्रावधान किया गया है। इसके साथ ही प्री-प्राइमरी से 12 वीं तक सबको शिक्षा उपलब्ध कराने की अनुशंसा की गई है। इस नवीन शिक्षा नीति के तहत समतामूलक और समावेशी शिक्षा प्रदान करने के साथ ही प्रचलित शैक्षणिक संरचना 10+2 के स्थान पर 5+3+3+4 लागू किया गया है। 

बैठक में निर्णय लिया गया कि राजस्व एवं आपदा प्रबंधन विभाग तथा वन और जलवायु परिवर्तन विभाग द्वारा वन अधिकार अधिनियम के तहत व्यक्तिगत वन अधिकार पत्रधारकों की मृत्यु होने पर वारिसानों के नाम पर काबिज वन भूमि का हस्तांतरण राजस्व या वन अभिलेखों में दर्ज करने संबंधित कार्यवाही के लिए प्रक्रिया प्रारूप का अनुमोदन किया गया। इससे भविष्य में नक्शा का जिओ रिफ्रेंसिंग होने से भूखण्ड का आधार नंबर भी लिया जाएगा। इसका उपयोग नामांतरण, सीमांकन, बटवारा आदि में किया जाएगा। 

छत्तीसगढ़ सशस्त्र सहायक प्लाटून कमाण्डर (नर्सिंग), प्रधान आरक्षक (नर्सिंग), मेल नर्स, फिमेल नर्स, लैब टेक्निशियन, फार्मासिस्ट, नर्सिंग असिस्टेंड, कम्पाउण्डर, ड्रेसर, आरक्षक (बैण्ड), आरक्षक (श्वान दल) भर्ती प्रक्रिया वर्ष-2023 के तहत छत्तीसगढ़ राज्य के स्थानीय निवासियों को निर्धारित अधिकतम आयु सीमा में 05 वर्ष की छूट प्रदान की जाएगी। यह छूट अनारक्षित वर्ग को निर्धारित अधिकतम आयु सीमा के अतिरिक्त एक बार के लिए 05 वर्ष की छूट एवं आरक्षित वर्ग को पहले से 05 वर्ष की आयु शिथिलीकरण के अतिरिक्त, एक बार के लिए, निर्धारित आयु सीमा में 05 वर्ष की और छूट प्रदान की जाएगी। 

प्रदेश में राज्य सरकार की जनकल्याणकारी नीतियों के सफल क्रियान्वयन, सुशासन एवं जनसमस्याओं के समाधान के लिए एक पृथक विभाग ‘‘सुशासन एवं अभिसरण विभाग‘‘ का गठन किया गया है। जिसमें ई-समीक्षा, ई-लोकसेवा गारंटी एवं डिजिटल सेक्रेटरियेट को शामिल किए जाने के संबंध में मंत्रिपरिषद द्वारा छत्तीसगढ़ शासन कार्य (आवंटन) नियम में संशोधन के प्रारूप का अनुमोदन किया गया। पूर्व में ये शाखाएं सामान्य प्रशासन विभाग में थी। 

नवा रायपुर में आवासहीन, आर्थिक रूप से कमजोर और निम्न वर्ग के परिवारों को आवास मुहैया के लिए पंजीयन की तिथि में तीन वर्ष की वृद्धि कर दी गई है। राज्य सरकार द्वारा संचालित मुख्यमंत्री आवास योजना के तहत नवा रायपुर में आवासों का निर्माण किया जा रहा है। जिसमें हितग्राहियों को न्यूनतम मूल्य में आवास प्रदान करने के लिए पूर्व में जारी दिशा-निर्देशों को यथावत् रखा गया है।  आवासों के पंजीयन की तिथि को 31 मार्च 2024 से बढ़ाकर 31 मार्च 2027 तक कर दिया गया है। इस निर्णय से अभी तक रिक्त मकानों के पंजीयन में वृद्धि होगी। 

राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र की तर्ज पर छत्तीसगढ़ राज्य राजधानी क्षेत्र (State Capital Region) तथा संबंधित प्राधिकरण की स्थापना के लिए विस्तृत परियोजना प्रतिवेदन तैयार करने की प्रक्रिया के लिए नवा रायपुर अटल नगर विकास प्राधिकरण को अधिकृत किया गया है और इसके लिए आवास एवं पर्यावरण विभाग को प्रशासकीय विभाग बनाया गया है। इसके लिए राज्य सरकार द्वारा चालू वित्तीय वर्ष की बजट में 5 करोड़ रूपए का प्रावधान किया गया है। 

छत्तीसगढ़ राज्य संवर्ग के भारतीय वन सेवा में वर्ष 1992 से 1994 तक के अपर प्रधान मुख्य वन संरक्षक के पद पर पदस्थ 06 अधिकारियों को गैर-कार्यात्मक आधार पर यथास्थान प्रधान मुख्य वन संरक्षक स्तर के समतुल्य वेतनमान 01 जनवरी 2024 से प्रदान करने हेतु भारत सरकार, पर्यावरण, वन एवं जलवायु परिवर्तन मंत्रालय, से सहमति प्राप्त की जाएगी। इसी तरह अधीक्षण अभियंता (सिविल) से मुख्य अभियंता (सिविल) के पद पर पदोन्नति के लिए निर्धारित न्यूनतम अवधि 05 वर्ष में केवल एक बार के लिए 01 वर्ष की छूट प्रदान करने का निर्णय भी कैबिनेट ने लिया है। 

मुख्यमंत्री आवास योजना ग्रामीण के तहत स्वीकृत होंगे आवास

कैबिनेट की बैठक में छत्तीसगढ़ प्रदेश के जरूरतमंद सर्वेक्षित 47 हजार 90 आवासहीन परिवारों को मुख्यमंत्री आवास योजना ग्रामीण के तहत आवास स्वीकृत करने का निर्णय लिया गया। 

गौरतलब है कि छत्तीसगढ़ राज्य सामाजिक आर्थिक सर्वेक्षण के तहत 01 अप्रैल से 30 अप्रैल 2023 तक प्रदेश में कुल 59.79 लाख परिवारों का सर्वेक्षण पूर्ण किया गया, जिसमें 47 हजार 90 परिवार ऐसे पाए गए जो आवासहीन है, किन्तु उनका नाम सामाजिक आर्थिक एवं जातिगत जनगणना की स्थायी प्रतीक्षा सूची में नहीं है। ऐसे आवासहीन परिवारों को मुख्यमंत्री आवास योजना ग्रामीण से आवास स्वीकृत करने का निर्णय लिया गया।  
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पीएम जनमन के तहत आवास का सपना हो रहा पूरा

 योजना के तहत जिले के विशेष पिछड़ी जनजाति सदस्यों का बन रहा पक्का मकानजिले में अभी तक पीएम जनमन अंतर्गत दो हजार 494 आवास स्वीकृत

 प्रधानमंत्री जनमन योजना के माध्यम से विशेष पिछड़ी जनजाति सदस्यों को विभिन्न प्रकार की शासकीय योजनाओं से लाभान्वित किया जा रहा है। इसी कड़ी में जिले के पीवीटीजी परिवारों को आवास की सुविधा प्रदान की जा रही है। इस प्रकार पीएम जनमन आवास योजना लाभार्थियों के जीवन में न केवल सुधार ला रहा है, बल्कि पक्के मकान के सपनों को साकार करने का अवसर भी प्रदान कर रहा है। इस योजना से ग्रामीण क्षेत्रों में विकास की एक नई दिशा मिल रही है, जिससे समाज के पिछड़े वर्ग को ऊपर लाने का काम किया जा रहा है। विशेष पिछड़ी जनजाति सदस्यों के प्रत्येक व्यक्ति के सिर पर एक पक्का छत हो और उसका जीवन सुकून से भरा हो, यही पीएम जनमन आवास योजना का उद्देश्य है। योजना अंतर्गत जिले में अभी तक दो हजार 494 आवास पीवीटीजी परिवारों के लिए स्वीकृत किया जा चुका है। परिवारों के लिए आवास बनाने के लिए किश्त की राशि भी जारी की जा रही है। जिससे मकान बनाने का कार्य तेजी से जारी है। फलस्वरूप आवास का कार्य समय अवधि में पूर्ण हो रहे है। साथ ही हितग्राहियों को घर निर्माण अवधि में मनरेगा के माध्यम से दैनिक रोजी पाने की भी सुविधा मिल रही है। इसके अलावा आवास के साथ नल जल कनेक्शन, बिजली कनेक्शन एवं स्वच्छ भारत मिशन के तहत शौचालय बनाने की भी सुविधा मिल रही है।

पीएम जनमन आवास योजना अंतर्गत पक्के मकान की सुविधा पाने वाले ग्राम सोहागपुर के मिलउ एवं पुरन, देवगांव के रमेश कुमार कमार एवं तुहामेटा की इतवारीन ने बताया कि हर एक नागरिक का सपना होता है कि उसका अपना एक पक्का मकान हो, जिसमें वह अपने परिवारजनों के साथ सुकून से जीवन यापन कर सके। लेकिन आर्थिक स्थिति के कारण हर किसी का यह सपना साकार नहीं हो पाता। गरीब असहाय के सपने को साकार करने के लिए प्रधानमंत्री जनमन आवास योजना वरदान साबित हो रही है। इसके लिए हम परिवार सहित प्रधानमंत्री जी एवं मुख्यमंत्री जी के प्रति आभार व्यक्त करते हैं। लाभार्थियों ने बताया कि पहले अपने पुश्तैनी कच्चे आवास में रहते थे। बरसात के मौसम में उन्हें कई समस्याओं का सामना करना पड़ता था। कच्चे घर में सांप बिच्छू के आने का खतरा और कच्चे मकान के छत से पानी टपकने का भी अंदेशा बना रहता था। प्रधानमंत्री जनमन आवास योजना के अंतर्गत वर्ष 2023-24 में पक्का आवास बनाने के लिए स्वीकृति प्रदान की गई। शासन से अनुदान में मिली राशि से अपना पक्का मकान बनाकर अब वह अपने परिवार के साथ पक्के मकान में रह रहे हैं।

 

 

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नल जल योजना से मिले समय पर लोगों को स्वच्छ पानी : कलेक्टर

 जल जीवन मिशन की बैठक में कलेक्टर ने पीएचई के कार्यों की समीक्षा की

 

 कलेक्टर अजीत वसंत ने कलेक्ट्रेट सभा कक्ष में जल एवं स्वच्छता मिशन की बैठक ली। उन्होंने जल जीवन मिशन अंतर्गत कार्यों की समीक्षा करते हुए निर्देशित किया कि लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी विभाग जिम्मेदारी के साथ शीघ्रता एवं पारदर्शिता से लोगों के घरों तक गुणवत्ता मूलक कार्य करते हुए पानी की उपलब्धता सुनिश्चित कराएं। उन्होंने जल जीवन मिशन के कार्यों को करने वाले ठेकेदारों से कार्य पूर्ण कराने के पश्चात् ही उन्हें भुगतान, आधा-अधूरे कार्यों पर पूर्ण भुगतान न करें और भुगतान से पहले ठेकेदारों द्वारा किए गए कार्यों का सत्यापन के निर्देश दिए। कलेक्टर ने पीएचई और क्रेडा को दिए गए लक्ष्य तथा ग्रामवार काम पूर्ण करने की तिथि तय कर प्रस्तुत करने के निर्देश दिए उन्होंने जल जीवन मिशन अंतर्गत प्रशासकीय स्वीकृति, एकल ग्राम नल जल प्रदाय/रेट्रो फिटिंग/समूह नल जल योजनाओं का विवरण, सोलर आधारित मिनी नल जल प्रदाय योजना, हर घर जल प्रमाणीकरण की अद्यतन स्थिति की समीक्षा की। कलेक्टर ने प्रधानमंत्री जनमन योजनांतर्गत बसाहटों में पेयजल उपलब्धता हेतु किए जा रहे कार्य और जल संसाधन, सिंचाई विभाग द्वारा लिफ्ट इरिगेशन की संभावनाओं पर चर्चा की। उन्होंने किसानों को होने वाले फायदे के अनुसार ही लिफ्ट इरिगेशन का प्रस्ताव तैयार करने के निर्देश दिए। उन्होंने जल जीवन मिशन अंतर्गत कार्यों में प्रगति लाने और गुणवत्ता मूलक कार्य करने के निर्देश दिए। कलेक्टर ने जिला पंचायत सीईओ को निर्देशित किया कि जल जीवन मिशन अंतर्गत नियुक्त आईएसए की टीम की बैठक लेकर उन्हें मिशन के कार्यों और जनजागरूकता संबंधी गतिविधियों में सम्मिलित करें। बैठक में जिला पंचायत सीईओ संबित मिश्रा, निगम आयुक्त प्रतिष्ठा ममगाई, जल संसाधन विभाग के पी. के. वासनिक सहित अन्य अधिकारी उपस्थित थे।

 

 

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23 लाख हेक्टेयर में हो चुकी खरीफ फसलों की बुआई

 राज्य में खरीफ फसलों की बुआई तेजी चल रही है। कृषि विभाग से प्राप्त रिपोर्ट के अनुसार अब तक धान, अन्य अनाज के फसलों सहित दलहन-तिलहन, गन्ना की बुआई 23 लाख एक हजार 960 हेक्टेयर में हो चुकी है, जो कि चालू खरीफ सीजन के लिए निर्धारित बुआई के लक्ष्य का 47 प्रतिशत है। अब तक राज्य में 20 लाख 27 हजार 370 हेक्टेयर में धान, 96 हजार 600 हेक्टेयर में मक्का, 10 हजार 910 हेक्टेयर में कोदो, 2980 हेक्टेयर में कुटकी, 1110 हेक्टेयर में रागी, 48 हजर 730 हेक्टेयर में दलहन, 43 हजार 640 हेक्टेयर में तिलहन, 54 हजार 810 हेक्टेयर में अन्य फसलों तथा 12 हजार 480 हेक्टेयर में गन्ना की बुआई पूरी कर ली गई है।

राज्य में खरीफ सीजन 2024 में कुल 48 लाख 63 हजार हेक्टेयर में खरीफ फसलों की बुआई का लक्ष्य है, जिसमें 38 लाख 65 हजार 380 हेक्टेयर में धान, 3 लाख 65 हजार 930 हेक्टेयर में मक्का सहित कोदो-कुटकी, रागी एवं ज्वार की फसलें, 2 लाख 89 हजार 450 हेक्टेयर में दलहन, एक लाख 62 हजार 610 हेक्टेयर में तिलहन, 14 हजार 800 हेक्टेयर में गन्ना तथा एक लाख 64 हजार 830 हेक्टेयर में साग-सब्जी एवं अन्य फसलों की खेती का लक्ष्य निर्धारित है।

 

राज्य में लक्ष्य के विरूद्ध अब तक धान की बोता-बोनी 18 लाख 95 हजार 670 हेक्टेयर में तथा धान का रोपा एक लाख 32 हजार हेक्टेयर में लगाया जा चुका है। धान की बोता और रोपा बोनी को मिलाकर कुल 20 लाख 27 हजार 670 हेक्टेयर में धान की बुआई हुई है जो कि धान बोनी के लक्ष्य का 52 प्रतिशत है।  

दलहन फसलों के अंतर्गत अरहर की बोनी 27,860 हेक्टेयर में, मूंग की 3940 हेक्टेयर में, उड़द की 16,830 हेक्टेयर में तथा कुल्थी की बोनी 100 हेक्टेयर में हो चुकी है, जो कि दलहनी फसलों के लिए निर्धारित 2 लाख 89 हजार 450 हेक्टेयर की बोनी के लक्ष्य का 17 प्रतिशत है। 

 

इसी तरह खरीफ सीजन 2024 में तिलहन फसलों के अंतर्गत अब तक राज्य में 15,080 हेक्टेयर में मूंगफली, 2240 हेक्टेयर में तिल, 26,000 हेक्टेयर में सोयाबीन, 310 हेक्टेयर में रामतिल की बोनी हो चुकी है, जो कि तिलहन फसलों की बोनी के लक्ष्य का 27 फीसद है। साग-सब्जी एवं अन्य फसलों की बोनी 54,810 हेक्टेयर में की गई है, जो निर्धारित लक्ष्य का 35 प्रतिशत है। राज्य में गन्ना की बुआई लगभग पूर्णता की ओर है। 15,280 हेक्टेयर में गन्ना की खेती के लक्ष्य के विरूद्ध अब तक 12,480 हेक्टेयर में गन्ना लगाया जा चुका है, जो कि लक्ष्य का 84 प्रतिशत है।

 

 

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भूमि-मकान की रजिस्ट्री में ऑनलाइन भुगतान की सुविधा शुरू

 छत्‍तीसगढ़ के सभी पंजीयन कार्यालयों में अब संपत्ति (भूमि-मकान) की रजिस्ट्री कराते समय ऑनलाइन भुगतान की सुविधा शुरू हो गई है।

मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय की मंशा और राज्य के पंजीयन विभाग के मंत्री ओपी चौधरी की पहल पर लोगों को एक और नई सुविधा मिलने जा रही है।

 
 
 

सभी पंजीयन कार्यालयों में लोगों को अपने भूमि-मकान आदि के एनजीडीआरएस प्रणाली में पंजीयन के समय ऑनलाइन अपाइंटमेंट लेने के पूर्व ही नेटबैंकिंग अथवा यूपीआइ दोनों तरीके से भुगतान करने की सुविधा प्रदान की जा रही है।

पेपरलेस और फेसलेस पंजीयन की दिशा में सरकार: ओपी चौधरी

 
 
 

पंजीयन विभाग के मंत्री ओपी चौधरी ने बताया कि राज्य के सभी पंजीयन कार्यालयों में एनआइसी द्वारा निर्मित एनजीडीआरएस प्रणाली से दस्तावेजों के पंजीयन का कार्य हो रहा है। ऑनलाइन भुगतान की सुविधा न होने से पंजीयन शुल्क नगद, चेक तथा डीडी के माध्यम से जमा किया जाता रहा है।

ऑनलाइन शुल्क भुगतान की सुविधा होने से विभाग कैशलेस के साथ पेपरलेस और फेसलेस पंजीयन की दिशा में अग्रसर हो सकेगा, जिसमें आधार आधारित वेरिफिकेशन किया जाकर पक्षकारों को घर बैठे ही संपत्ति के क्रय-विक्रय संबंधी विलेखों के पंजीयन की सुविधा प्रदान की जा सकेगी।

अभी नगद व आनलाइन दोनों की सुविधा

पंजीयन विभाग की विशेष सचिव किरण कौशल ने बताया कि विभागीय मंत्री के निर्देश पर पंजीयन विभाग में कई बदलाव किए जा रहे हैं। उनकी मंशा है कि लोगों को अधिक से अधिक सहूलियत मिले। इसलिए फीस की ऑनलाइन भुगतान की व्यवस्था शुरु हो गई है। इसके लिए कर्मियों को भी प्रशिक्षित किया गया है।

प्रारंभिक चरण में आम जनता को किसी भी प्रकार की कठिनाई का सामना न करना पड़े इसके लिए वर्तमान में ऑनलाइन शुल्क भुगतान के साथ नगद अथवा चेक के माध्यम से फीस लिए जाने की व्यवस्था आगामी आदेश तक जारी रहेगी। ऑनलाइन भुगतान होने से पक्षकारों को सुविधा के साथ-साथ पंजीयन कार्यालय के कर्मचारियों को भी कैश हैंडलिंग की समस्या से राहत होगी।

दस्तावेज लेखकों व अधिवक्ताओं को प्रशिक्षण

उन्होंने बताया कि दस्तावेज लेखकों, अधिवक्ताओं एवं पंजीयन कार्य से जुडे व्यक्तियों को ऑनलाइन भुगतान के संबंध में आवश्यक जानकारी प्रशिक्षण प्रदाय किया गया है तथा विभाग द्वारा कैशलेश प्रणाली के व्यापक प्रचार प्रसार के लिए अधीनस्थ पंजीयन कार्यालयों के अधिकारियों को निर्देशित किया गया है।

विभाग द्वारा ऑनलाइन पेमेंट गेटवे के अतिरिक्त पंजीयन कार्यालयों में स्वाईप मशीनों की स्थापना भी की जा रही है। इससे दस्तावेजों का पंजीयन कराने वाले पक्षकारों को सुविधा होगी।

 

 

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प्रयास एवं एकलव्य विद्यालय में प्रवेश परीक्षा के परिणाम घोषित

 नाम व रोल नंबर में विसंगति की सुधार हेतु अभ्यावेदन आमंत्रित

 

 प्रयास एवं एकलव्य आवासीय विद्यालय में शैक्षणिक सत्र 2024-25 अंतर्गत क्रमशः कक्षा 09वीं एवं कक्षा 6वीं में प्रवेश हेतु आयोजित चयन परीक्षा के परिणाम घोषित किए जा चुके हैं। विद्यार्थी अपना परीक्षा परिणाम वेबसाइट https://eklavya.cg.nic.in में अवलोकन कर सकते हैं। साथ ही इसका मेरिट चयन सूची अलग से प्रसारित की जाएगी। जारी परीक्षा परिणाम में अभ्यर्थियों के नाम व रोल नंबर में किसी प्रकार की विसंगति होने पर विद्यार्थी प्रयास विद्यालय की ई-मेल आईडी  prayas.ctd@gmail.com  में 12 जुलाई 2024 शाम 05 बजे तक अभ्यावेदन कर सकते हैं। इसी प्रकार एकलव्य विद्यालय हेतु ई-मेल आईडी abhyavedan.emrs.adm@gmail.com  में 14 जुलाई 2024 रात 11ः59 बजे तक अभ्यावेदन कर सकते हैं। निर्धारित तिथि के पश्चात प्राप्त अभ्यावेदन मान्य नहीं होगा।

 

 

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छात्रावासों के रिक्त सीटें जल्द होगी भर्तियां, नर्सिंग प्रशिक्षण के लिए मंगाए जाएंगे आवेदन

 कलेक्टर डाॅ. गौरव सिंह ने कलेक्ट्रेट परिसर स्थित रेडक्राॅस सभाकक्ष में आदिम जाति एवं अनुसूचित विकास विभाग के कार्याें की समीक्षा की। कलेक्टर डाॅ. सिंह ने कहा कि विभागीय छात्रावासों के रिक्त सीटों को तत्काल भरा जाएं। साथ ही विशिष्ट संस्थाओं जैसे प्रयास, खेल परिसर का सुचारू रूप से संचालन किया जाए। डाॅ. सिंह ने कहा कि नर्सिंग प्रशिक्षण के लिए ज्यादा से ज्यादा अभ्यर्थियों का आवेदन मंगाया जाए तथा लाभ दिलाया जाए। कलेक्टर ने कहा कि पीसीआर से लंबित आवेदनों का तत्काल निराकरण किया जाए। छात्रावास व आश्रमों के भवन निर्माण कार्याें को जल्द से जल्द पूर्ण कराए जाए। साथ ही गुणवत्ता का विशेष ध्यान रखा जाए। कलेक्टर ने कहा कि प्रधानमंत्री आदर्श ग्राम योजना के अप्रारंभ व अपूर्ण कार्याें को जनपद पंचायतों के सीईटो से चर्चा कर तत्काल पूर्ण कराया जाए।

इस अवसर पर नगर निगम आयुक्त अबिनाश मिश्रा, जिला पंचायत सीईओ विश्वदीप, सहायक आयुक्त विजय कंवर समेत अन्य अधिकारी व कर्मचारी उपस्थित थे।

 

 

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एफ एस एन एल के निजीकरण पर रोक लगाने विधायक ने कलेक्टर को लिखा पत्र

  भिलाई नगर विधायक ने देवेंद्र यादव ने फेरो स्क्रैप निगम लिमिटेड का निजीकरण एवं विनिवेश के संबंध में कलेक्टर को पत्र लिखा है और उन्हें कर्मचारियों के हितों को ध्यान में रखते हुए सार्वजनिक उपक्रम के निजीकरण पर तत्काल रोक लगाने के लिए आवश्यक कार्यवाही करने की मांग की है।

विधायक ने कर्मचारियों की मांग पर त्वरित कार्यवाही करते हुए कलेक्टर को पत्र लिखा है। जिसमें यह कहा गया है कि फेरो  स्क्रैप निगम लिमिटेड ( एफएसएनएल) इस्पात मंत्रालय के अधीनस्थ एक अर्ध शासकीय सहयोगी उपक्रम है। यह संस्था स्टील उपक्रम जैसे सेल,आर आईएनएल एवं एनएमडीसी में स्क्रैप प्रदान करने का कार्य करती है। 

 

यहां कार्य करने वाले कर्मचारी योग्य और अनुभवी है। यहां कर्मचारी उद्योग अधिनियम के अंतर्गत ही अपनी सेवाएं देते है। यह संस्था  कभी घाटे में भी नहीं रही।

फिर भी केंद्र सरकार द्वारा वर्तमान में एफएसएनएल का निजीकरण किए जाने के उद्देश्य से भर्तियों पर रोक लगा दी और अब लाभ देने वाली इस सार्वजनिक उपक्रम को निजी हाथों में सौंपने की तैयारी चल रही है। जो कि कर्मचारियों की हित और स्थानीय युवाओं को रोजगार प्रदान करने की दृष्टिकोण से उचित नहीं है।

विधायक ने आगे यह भी कहा है कि

निजीकरण और भर्ती पर रोक लगाने के विरोध में कर्मचारियों ने समय-समय पर ज्ञापन के माध्यम से शासन प्रशासन का ध्यान आकर्षित करने का प्रयास किया है।

इसके  बावजूद कर्मचारियों के हित और उनके भविष्य को नजरअंदाज कर सार्वजनिक क्षेत्र के इस उपक्रम को विनिवेश एवं निजीकरण करने की दिशा में कार्रवाई की जा रही है।

 

जिसे लेकर वहां काम करने वाले कर्मचारियों में भारी आक्रोश आक्रोश है।

 

अतः कर्मचारियों हितों को ध्यान में रखते हुए सेल के साथ रणनीतिक विलय पर तत्काल रोक लगाने की दिशा में आवश्यक कार्रवाई किया जाए । ताकि भविष्य में विवाद की  स्थिति न बने।

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शहर के डेंगू संक्रमित स्थानों को तलाशेगा स्वास्थ्य अमला

  जिले में डेंगू के संक्रमण को रोकने स्वास्थ्य अमला मैदान में उतरेगा और डेंगू संक्रमित स्थानों की तलाश की जाएगी। साथ ही डेंगू से बचाव के लिए नागरिकों को जागरूक किया जाएगा। कलेक्टर डाॅ. गौरव सिंह ने कलेक्ट्रेट के रेडक्राॅस सभाकक्ष में जिला स्वास्थ्य समिति की समीक्षा के दौरान राष्ट्रीय बाल स्वास्थ्य कार्यक्रम में लापरवाही बरतने पर कार्रवाई के निर्देश दिए है। साथ ही शासकीय अस्पतालों को साफ-सफाई रखने को कहा है, ताकि मरीजों को किसी भी प्रकार की दिक्कतों का सामना न करना पड़े। कलेक्टर डाॅ. सिंह ने जिले में नए आयुष्मान कार्ड बनाने के लिए डोर-टू-डोर सर्वे करने के निर्देश दिए है। जिले में 4 लाख 50 हजार राशनकार्ड धारियों के आयुष्मान कार्ड बनाए जाएंगे।

कलेक्टर ने सी.जी.एम.एस.सी. को सभी निर्माण कार्य गुणवत्ता के साथ समयावधि मेें पूर्ण करने के निर्देश दिए। साथ ही एन.आर.सी. पर रायपुर में 20 बेड बढ़ाने की, महिला एवं बाल विकास विभाग अधिकारी की सुझाव को पूरा करने के लिए कोविड वार्ड जिला चिकित्सालय पण्डरी में प्रस्ताव पारित कराने को कहा। कलेक्टर डाॅ. सिंह ने मातृत्व स्वास्थ्य कार्यक्रम के समीक्षा में पाया कि गर्भवती का पंजीयन प्रथम तिमाही में अर्बन रायपुर एवं तिल्दा का कम है, इसे बढ़ाने का निर्देश दिए। संस्थागत प्रसव सुरक्षित प्रसव कराने के लिए एवं हाईरिस्क गर्भवती को समय पर एफ.आर.यू. रिफरल करने को कहा है। कलेक्टर ने कहा कि प्रति गुरूवार को सुपरवाईजर को फिल्ड में जाकर रिपोर्ट कलेक्ट करें। कोई भी संस्था बंद न रहे। साथ ही मातृत्व मृत्यु की जानकारी लेने पर एम.सी.एच. नोडल द्वारा मातृत्व मृत्यु की कारणों की जानकारी बताई गई, जिसमें 3 केस की मृत्यु पी.पी.एच., हार्ट प्राब्लम, टी.बी. से मातृ मृत्यु होने की जानकारी दी गई। परिवार नियोजन में पखवाड़ा के अंतर्गत जिले में पुरूष नसबंदी अधिक से अधिक करने के निर्देश दिए है। साथ ही टीकाकरण रिपोर्ट में सुधार करने एवं कार्यक्रम अधिकारी एवं सलाहकार को अच्छे से मानिटरिंग करने के निर्देश दिए। आर.बी.एस.के. टीम के कार्यों व प्रगति से कलेक्टर ने नाराजगी जताई। उनकी विजिट आंगनबाड़ी एवं स्कूल में कम है एवं उनकी रिपोर्ट में विभिन्नता दिखी, जिस पर कलेक्टर ने नोडल अधिकारी एवं सलाहकार को फिल्ड स्तर में सुधार करने को कहा। आर.बी.एस.के. टीम की स्क्रीनिंग कम है टीम पर कार्यवाही करने का निर्देश दिए। कुष्ठ से रोकथाम के लिए जागरूक करने के निर्देश दिए है और छोटे बच्चों में मिल रहे लेप्रोसी केस के लिए चिंता व्यक्त की और घर-घर सर्वेक्षण पूर्ण कर लेप्रोसी का पूर्णतः उपचार पूर्ण करने के निर्देश दिए। कलेक्टर ने समीक्षा के दौरान आर.सी.एस. सर्जरी कम होने न्यू केस ज्यादा मिलने पर सर्वे के निर्देश दिए है। साथ सिकल सेल की स्क्रीनिंग आरंग ब्लाक में कम होने पर बढ़ाने के निर्देश दिए।    

कलेक्टर ने कहा कि बारिश में जल जनित बीमारियों की रोकथाम के लिए के लिए पुख्ता इंतजाम करने व स्टाफ डायरिया कैंपेन प्रचार प्रसार व मितानिन स्तर पर प्रशिक्षण, ओ.आर.एस. की उपलब्धता, ब्लिचिंग पावडर, क्लोरिन गोली की उपलब्धता और फिल्ड में सूचना तंत्र. मजबूत करने के निर्देश दिए। सभी स्वास्थ्य संस्थानों में 10 जुलाई से 16 जुलाई तक ‘‘एक पेड़ मां के नाम‘‘ अभियान चलाकर वृक्षारोपण करने को कहा है। कलेक्टर ने सभी स्वास्थ्य सेवाओं को निर्धारित समय में खोलने को कहा है और सभी नोडल अधिकारी एवं सलाहकार को अपने-अपने कार्यक्रम की समीक्षा फिल्ड स्तर पर जाकर करने के लिए निर्देश दिए और किसी भी प्रकार की अनियमितता स्वीकार नहीं किया जाएगा।

इस अवसर पर नगर निगम आयुक्त अबिनाश मिश्रा, जिला पंचायत सीईओ विश्वदीप, सीएमएचओ डाॅ. मिथिलेश, जिला कार्यक्रम प्रबंधक मनीष मेजरवार व अन्य अधिकारी व कर्मचारी उपस्थित थे।

 

 

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डायरिया के रोकथाम व जागरूकता के लिए प्रचार वाहन को हरी झण्डी दिखाकर किया रवाना

 डायरिया के रोकथाम व प्रबंधन के लिए जिले में 31 अगस्त 2024 तक स्टॉप डायरिया कैम्पेन-2024 का आयोजन स्वास्थ्य विभाग, शिक्षा विभाग, पंचायत विभाग, महिला व बाल विकास विभाग, नगरीय प्रशासन एवं विकास विभाग और पेय जल एवं स्वच्छता विभाग के समन्वय से आयोजित किया जा रहा है।

इसी क्रम में आज मुख्य चिकित्सा व स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. अविनाश खरे द्वारा प्रचार-प्रसार रथ को हरी झण्डी दिखाकर रवाना किया गया। यह रथ जिले के समस्त विकास खण्ड में भ्रमण कर लोगों को डायरिया से बचाव व उपचार संबंधी जानकारी देगी। उक्त कार्यक्रम के दौरान डायरिया से बचाव हेतु जिले के कुल 0-5 वर्ष के 84860 बच्चों के घरों में मितानिनों के माध्यम से 02 ओ.आर.एस. के पैकेट तथा 14 जिंक की गोलियों का वितरण किया जा रहा है। सामुदायिक स्तर पर मितानिनों द्वारा ओ.आर.एस. घोल तैयार करने के लिए उचित विधि का प्रदर्शन किया जा रहा है। ग्राम व पारा के परिवारों को स्वच्छता और सफाई के महत्व के बारे में शिक्षित किया जा रहा है एवं स्वास्थ्य विभाग के कर्मचारियों के द्वारा माताओं एवं पालकों को डायरिया के खतरे के संकेत के बारे में शिक्षित किया जा रहा है। इस अवसर पर जिला कार्यक्रम प्रबंधक रोहित वर्मा, ओ.पी. शंखवार जिला टीकाकरण अधिकारी व अन्य कर्मचारी उपस्थित थे ।

 
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कानून व्यवस्था बनाए रखने के लिए सभी अधिकारी सजग रहकर करें कार्य : कलेक्टर

  कलेक्टर रोहित व्यास, पुलिस अधीक्षक एम आर अहिरे ने आज कलेक्टोरेट सभाकक्ष में जिले में कानून व व्यवस्था बनाए रखने के संबंध में सभी एसडीएम, एसडीओपी, तहसीलदार, थाना प्रभारी व अन्य जिला स्तरीय अधिकारियों की बैठक ली। 

कलेक्टर व्यास ने कहा कि जिले में कानून एवं व्यवस्था बनाए रखने के लिए सभी अधिकारी सजग होकर कार्य करें। असामाजिक तत्वों के द्वारा की जाने वाली वारदातों, घटनाओं एवं विवादों पर पैनी नजर रखने कहा। उन्होंने कहा कि किसी भी तरह की असामाजिक एवं अवैध गतिवधियों पर रोक लगाने के लिए तत्काल कड़ी कार्रवाई करें। जिले में होने वाले अवैध अतिक्रमण तथा अन्य असामाजिक गतिविधियों को नजरअंदाज नहीं करते हुए तत्काल कार्यवाई करें। इसके लिए जिले के सभी एसडीएम एवं एसडीओपी तथा तहसीलदार एवं थाना प्रभारी संयुक्त रूप से समन्वय स्थापित करें एवं सभी आवश्यक सूचनाओं का आदान-प्रदान करें। इसके अलावा उन्होंने जिले के शांतिपूर्ण तरीके से विकास के लिए  टीम वर्क पर विशेष ध्यान देने की आवश्यकता बताई। साथ ही इस अवसर पर डीएफओ पंकज कमल ने जिले में हाथी मानव द्वंद्व एवं अन्य जंगली जानवरों के द्वारा आबादी वाले क्षेत्रों में जनहानि रोकने हेतु उचित कार्यवाही करने व इसके लिए हरसंभव प्रयास करने के लिए कहा।

इस अवसर पर कलेक्टर व्यास ने कहा कि सभी अधिकारी आम जनता के बीच अपनी विश्वसनीयता बनाएं रखें। जनसमस्याओं के निराकरण के लिए सभी अधिकारियों को आम जनता से सतत रूप से संपर्क बनाए रखने की आवश्यकता है। उन्होंने इसके लिए आपसी समन्वय एवं सहयोग को बेहद जरूरी बताया। उन्होंने भविष्य में आने वाले विभिन्न धर्माे के त्यौहारों के मद्देनजर जिले में शांति व्यवस्था तथा सामाजिक सौहार्द्र कायम रखने के लिए सभी जरूरी उपाय करने के लिए कहा। जिले में कहीं पर सड़क दुर्घटना के कारणों पर ध्यान रखते हुए उनको रोकने के लिए गंभीर प्रयास करने को कहा साथ ही ऐसी घटना पर त्वरित कार्यवाही करते हुए राहत प्रदान करने के लिए कहा।

पुलिस अधीक्षक अहिरे ने कहा कि सभी अधिकारी सामाजिक, राजनीतिक, धार्मिक और अन्य असामाजिक गतिविधियों की पूर्णतः जानकारी रखें। उन्होंने सामाजिक गतिविधियों में शामिल होने वाले व्यक्तियों के अपराधिक रिकार्ड एवं शिकायत भी अद्यतन करने की आवश्यकता बताई। इसके साथ एसपी अहीरे ने भी सड़क दुर्घटना के कारणों से संबंधित रिपोर्ट की समीक्षा को आवश्यक बताते हुए इसकी स्थिति को बेहतर करने एवं सड़क दुर्घटना की संख्या में कमी करने के लिए सभी आवश्यक कदम उठाने को कहा। इसके अलावा उन्होंने कहा कि सूचना तंत्र को मजबूत बनाने की जरूरत है। ऐसी कोई भी असामाजिक गतिविधि जो कानून एवं व्यवस्था को प्रभावित कर सकती है, इस पर विशेष ध्यान दें।

उन्होंने कहा कि सभी एसडीएम व एसडीओपी तथा तहसीलदार एवं थाना प्रभारी संयुक्त रूप से कार्य करें और आपसी सामंजस्य बनाये रखें। जिससे किसी भी घटना एवं चुनौती का सामना करने में आसानी होगी।

कलेक्टर व एसपी ने कहा कि किसी भी प्रकार की घटना होने पर आम जनता के साथ जिला एवं पुलिस प्रशासन का व्यवहार अच्छा होना चाहिए। पीड़ित पक्ष की समस्या को ध्यान से सुनने व उचित कार्यवाही करने की जरूरत है। जिले में शांति स्थापित करना समस्त अधिकारियों की संयुक्त जिम्मेदारी है इसलिए विवाद, झड़प, अतिक्रमण जैसे विवादास्पद परिस्थितियों में जिला एवं पुलिस प्रशासन को आपसी समन्वय के साथ बड़ी मुस्तैदी को साथ कार्य करना होगा। इसके अलावा जिन क्षेत्रो में अपराधिक गतिविधियां बढ़ रही हैं ऐसे स्थानों पर विशेष ध्यान देते हुए गश्ती बढ़ाने की जरूरत है। इस दौरान विभिन्न जनसमस्याओं, उनके समाधान को लेकर आने वाले चुनौतियों  तथा आवश्यक संसाधनों को लेकर बैठक में विशेष रूप से चर्चा की गई।

इस अवसर पर अपर कलेक्टर नयनतारा सिंह तोमर, सर्व अनुविभागीय अधिकारी राजस्व एवं तहसीलदार, पुलिस विभाग के आधिकारी सहित अन्य जिला स्तरीय अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित थे।

 
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छत्‍तीसगढ़ में मानसून की सक्रियता बढ़ी, मौसम विभाग का अलर्ट

 छत्‍तीसगढ़ में रविवार से मानसून की सक्रियता बढ़ने वाली है और इसके चलते प्रदेश भर में बारिश होगी। मौसम विभाग के अनुसार उत्तर व दक्षिण छत्तीसगढ़ के कुछ क्षेत्रों में तो भारी बारिश की संभावना है। अगले तीन दिनों तक मौसम का मिजाज ऐसे ही बने रहेगा। अधिकतम व न्यूनतम तापमान में विशेष बदलाव नहीं होगा।


शनिवार सुबह से ही रायपुर सहित प्रदेश भर में बादल छाने के साथ ही हल्की बारिश भी हुई। हालांकि तापमान में कोई विशेष प्रभाव नहीं पड़ा और मौसम में ठंडकता बनी रही। मौसम विज्ञानियों के अनुसार आने वाले दिनों में मौसम का मिजाज ऐसे ही बने रहेगा। बारिश व बादल के चलते वातावरण की ठंडकता और बढ़ेगी। विभाग के अनुसार जुलाई में अच्छी बारिश होन की उम्मीद है।

मौसम विशेषज्ञ एचपी चंद्रा ने बताया कि मानसून द्रोणिका मध्य समुद्र तल पर बीकानेर, जयपुर, ग्वालियर, सतना, बगाति और उसके बाद दक्षिण पूर्व की ओर उत्तर पूर्व बंगाल की खाड़ी तक स्थित है।साथ ही एक ऊपरी हवा का चक्रीय चक्रवाती परिसंचरण दक्षिण पश्चिम उत्तर प्रदेश के ऊपर 0.9 किमी से 7.6 किमी ऊंचाई तक है। इसके प्रभाव से सोमवार  8  जुलाई को प्रदेश के अधिकांश क्षेत्रों में हल्की से मध्यम बारिश होगी। उत्तर व दक्षिण छत्तीसगढ़ में भारी बारिश के भी आसार है।

इन क्षेत्रों में हुई वर्षा

शनिवार को ओरछा में 5 सेमी, जगदलपुर में 4 सेमी, छोटेडोंगर-कोंडागांव में 3 सेमी, पखांजुर-पेंड्रारोड-बलरामपुर-रायगढ़ में 2 सेमी वर्षा हुई। इन क्षेत्रों के साथ ही प्रदेश के विभिन्न क्षेत्रों में हल्की से मध्यम वर्षा हुई।

 

 

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करंट लगने से युवक की मौत

 बिलासपुर-मुंगेली राष्ट्रीय राज्य मार्ग 130 में लगे वेलकम गेट पर चढ़कर काम कर रहे एक युवक की हाई वोल्टेज करंट की चपेट में आने से मौके पर ही मौत हो गई। हादसे के दौरान तेज आवाज हुई, इसे सुनकर लोग गेट की तरफ दौड़ पड़े. पास जाकर देखा तो युवक का शव गेट के ऊपर लटक रहा था। इस दौरान मौके पर मौजूद लोगों ने शव को नीचे उतारा। तखतपुर स्थित मंडी चौक में वेलकम गेट के पास सौरभ यादव (28) निवासी मुंगेली, दाऊपारा काम कर रहा था। तभी करंट की चपेट में आ गया और मौत हो गई।

मामले की सूचना के बाद मौके पर पहुंची पुलिस ने शव का पंचनामा कर उसे पोस्टमार्टम के लिए मरचुरी भेज दिया है। वहीं मृतक के परिजनों को भी उसकी मौत की जानकारी दी गई है। पोस्ट मार्टम रिपोर्ट आने के बाद परिजनों को शव सौंपा जाएगा। लोगों ने बताया घटना के समय युवक वेलकम गेट के ऊपर चढ़कर केबल खींच रहा था, तभी अचानक हाई वोल्टेज करंट की चपेट में आ गया। तखतपुर पुलिस मामले की जांच में जुट गई है। 

 

 

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लाखों के ड्रग्स तस्कर गिरफ्तार

 छत्तीसगढ़ के दुर्ग जिले में एक ड्रग्स तस्कर गिरफ्तार हुआ है। भिलाई के भट्ठी थाना पुलिस ने 25 वरसगीय आरोपी जे. श्रीनिवास को अरेस्ट किया है। पुलिस ने बताया कि आरोपी मुर्गा चौक के पास, ओवर ब्रिज के नीचे सेक्टर-3 में ग्राहक का इंतजार कर रहा था। आरोपी के कब्जे से 5.140 किलो ग्राम मादक पदार्थ गांजा बरामद किया गया है।

पुलिस ने बताया कि, 06.07.2024 को मुखबीर द्वारा सूचना मिला कि एक व्यक्ति मादक पदार्थ गांजा को अपने पास रखकर ब्रिकी करने के लिए ओव्हर ब्रिज के नीचे, मुर्गा चौक के पास, सेक्टर 03 भिलाई में अचल संपत्ति का खुलासा होते रानू साहू, समीर बिश्नोई और सौम्या चौरसिया के खिलाफ एक और FIR दर्ज ग्राहक की तलाश कर रहा है। सूचना मिलते ही भिलाई भट्ठी पुलिस द्वारा तत्काल एनडीपीएस एक्ट के तहत प्रांरभिक कार्यवाही करने मौके पर पहुंची तो पुलिस को आता देखा संदेही भागने लगा जिसे घेराबंदी कर पकड़ा गया।

संदेही से पूछताछ करने पर अपना नाम जे. कुमार पिता जे. श्रीनिवास उम्र 25 वर्ष पता रसियन ब्लॉक, सेक्टर 06 भिलाई का रहने वाला बताया। आरोपी के कब्जे से एक सफेद रंग की सीमेंट बोरी में अवैध रूप से रखे 5.140 किलो ग्राम मादक पदार्थ गाँजा किमती करीबन 50,000/- रूपये को जप्त किया गया।

आरोपी के विरूद्ध एनडीपीएस एक्ट के अंतर्गत सम्पूर्ण कार्यवाही कर आरोपी को दिनांक 06.07.2024 को गिरफ्तार कर न्यायिक रिमाण्ड में भेजा गया। उक्त कार्यवाही में निरीक्षक प्रशांत मिश्रा, सउनि नागेन्द्र बंछोर, आरक्षक हिरेश साहू, अमित सिंह, डेकेश बंछोर की उल्लेखनीय भूमिका रही।

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शेयर मार्केट में पैसा डबल करने का झांसा देकर ठगी, महिला गिरफ्तार

 प्रार्थिया निर्मला रात्रे पति गोविंद राम निवासी पचपेड़ी एवं सुनीता भारद्वाज पति राकेश भारद्वाज निवासी ध्रुवाकारी ने लिखित आवेदन पेश का रिपोर्ट दर्ज कराई की ध्रुवकारी निवासी राधिका भारद्वाज पति नागेंद्र भारद्वाज उम्र 35 साल ने शेयर मार्केट में पैसा लगाकर कम समय में पैसा दुगना करने का झांसा देकर प्रार्थिया एवं अन्य 16/17 महिला पुरुष से नगद एवं फोनपे के जरिए लगभग 94 लाख रुपए लेकर ठगी की है की शिकायत पर अलग-अलग अपराध पंजीकृत कर आरोपीया को आज दिनांक 5 जुलाई 2024 को हिरासत में लेकर पूछताछ कर मेमो कथन लिया गया आरोपियां के द्वारा नगद पैसा लेना स्वीकार नहीं की है फोनपे के जरिए लिए लगभग 30 लख रुपए में से 12 लाख रुपए को आवेदकगण को वापस करना तथा कुछ रकम खर्च हो जाना कुछ जेवर खरीदना जिसमें से तीन जेवर प्रार्थी लोगों के पास होना तथा मकान निर्माण में पैसे लगाना और अपने पुत्र के लिए मोटरसाइकिल खरीदना बताई जिसके पेश करने पर मोटरसाइकिल R15 कीमती करीब ₹200000 एवं सोने की जेवर लगभग एक तोला कीमती करीबन ₹50000 जप्त किया गया है नए कानून के अनुसार जब्ती की वीडियोग्राफी कराई गई है,आरोपी एवं उसके परिजनों के बैंक अकाउंट की जांच की जा रही है प्रथम दृष्टया आरोपियां के विरुद्ध अपराध सबूत पाए जाने से गिरफ्तार कर  न्यायिक रिमांड पर भेजा गया है

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यातायात पुलिस नियमों का पालन न करने वाले ऑटो चालको के विरूद्ध कार्यवाही

 जितेन्द्र शुक्ला, पुलिस अधीक्षक दुर्ग के द्वारा शहर की यातायात व्यवस्था को व्यवस्थित बनाये रखने के दिये गये निर्देश के परिपालन में एवं सतीष ठाकुर, संदानंद विध्यराज, उप पुलिस अधीक्षक (यातायात) के नेतृत्व मे यातायात दुर्ग जोन  के द्वारा रेलवे स्टेशन एवं बस स्टैंड में क्षेत्र में नियमों का पालन न करने वाले ऑटो चालको के विरूद्ध कार्यवाही की गई जिसमें बिना वर्दी, बिना बीमा, ओवर लोड सवारी बैठाकर परिवहन करने वाले कुल-15 ऑटो चालको के विरूद्ध मोटर व्हीकल एक्ट की धाराओं के तहत कार्यवाही कर 05 ऑटो को जप्त किया गया एवं सभी ऑटो चालको को भविष्य हेतु समझाईस दी गई। इसी प्रकार सडक में बाधा उत्पन्न करने वाले नो पार्किग मे खडी दो पहिया वाहनों को क्रेन से उठाकर यातायात मुख्यालय लाया गया एवं चार पहिया वाहनो में लॉक लगाने की कार्यवाही की गई।

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