हिंदुस्तान - Newsportal | Chhattisgarh Darpan Media Group

हिंदुस्तान

8 करोड़ के नकली नोट के साथ 2 गिरफ्तार...

 ठाणे (छत्तीसगढ़ दर्पण)। ठाणे क्राइम ब्रांच की यूनिट 5 ने 2000 रुपये मूल्यवर्ग में 8 करोड़ रुपये के नकली भारतीय नोट जब्त किए। पालघर के रहने वाले दो लोगों को गिरफ्तार किया गया है।

ठाणे क्राइम ब्रांच यूनिट-5 ने शुक्रवार को महाराष्ट्र के ठाणे के घोड़बंदर रोड से आठ करोड़ रुपये के नकली नोटों के साथ दो लोगों को गिरफ्तार किया।  गुप्त सूचना के आधार पर पुलिस ने गायमुख क्षेत्र के पास आरोपियों को पकड़ लिया। पुलिस ने इनके कब्जे से 2000 रुपए के नकली नोटों के 400 बंडल बरामद किए हैं। कसारवडावली थाने में मामला दर्ज किया गया है। आगे जांच जारी है।

और भी

मतदाताओं को लुभाने कोई कसार नहीं छोड़ रही पार्टियां, करोड़ों की सामग्रियां जब्त...

 नई दिल्ली (छत्तीसगढ़ दर्पण)। चुनाव के दौरान मतदाताओं को लुभाने के लिए पार्टियां कोई कसर नहीं छोड़ रही हैं। चुनाव में धन-बल और नशे के इस्तेमाल को रोकने के लिए चुनाव आयोग भले ही काफी सख्त है, लेकिन चुनाव में मतदाताओं को उपहार, शराब आदि के जरिये लुभाने के अपने पुराने हथकंडे पर राजनीतिक दल अभी भी बेखौफ डटे हैं। यही वजह है कि प्रत्येक चुनाव में मतदाताओं को देने वाले उपहार, शराब, कैश भारी मात्रा में बरामद हो रहे हैं। हिमाचल प्रदेश व गुजरात के चुनावों में पिछले चुनाव के मुकाबले तीन से पांच गुना तक ज्यादा सामग्री के जब्त होने से चुनाव आयोग भी भौंचक्का है।


हालांकि यह हाल तब है जब अभी हिमाचल प्रदेश में वोटिंग वाला दिन अभी बाकी है। वहीं गुजरात में अभी तो चुनाव प्रचार सिर्फ शुरू हुआ है। अभी करीब पूरा महीना बाकी है। चुनाव आयोग ने हिमाचल प्रदेश की वोटिंग से एक दिन पहले चुनावी राज्यों से अब तक जब्त किए गए कैश, उपहार, शराब का ब्योरा जारी किया है। इसके तहत हिमाचल प्रदेश से अब तक 50.28 करोड़ की सामग्री जब्त की गई है। इसमें 17 करोड़ से ज्यादा सिर्फ कैश, करीब दस लाख लीटर शराब (जिसका बाजार मूल्य करीब 17.50 करोड़ है) के अतिरिक्त सवा करोड़ रुपये की कीमत की ड्रग्स, करीब 14 करोड़ का सोना-चांदी व दूसरे कीमती मेटल और 40 लाख रुपये के उपहार शामिल हैं।

गुजरात में 71.88 करोड़ रुपये की कीमत के सामग्री व कैश जब्त
रिपोर्ट के मुताबिक, वर्ष 2017 में सिर्फ नौ करोड़ की कीमत की कैश व दूसरी सामग्री जब्त हुई थी। ऐसे में इस बार वर्ष 2017 की तुलना में पांच गुना ज्यादा कैश व दूसरी सामग्री जब्त हुई है, जो चौंकाने वाली है। आयोग का मानना है कि उनकी सख्ती व लोगों की जागरूकता के चलते यह जब्ती बढ़ी है। आयोग के मुताबिक गुजरात विधानसभा चुनावों से अब तक हुई जब्ती भी चौंकाने वाली है। यहां अभी चुनाव प्रचार गति ही पकड़ रहा है, बावजूद इसके अब तक 71.88 करोड़ रुपये की कीमत के सामग्री व कैश जब्त किए जा चुके हैं। हालांकि इनमें कैश सिर्फ 66 लाख ही है, लेकिन करीब 65 करोड़ के उपहार अब तक बरामद हुए है, जो काफी बड़ी राशि है।

इसके अलावा एक लाख लीटर से ज्यादा शराब, जिसका बाजार मूल्य करीब चार करोड़ रुपये है। इसके अलावा ड्रग्स, ज्वेलरी आदि चीजें भी जब्त की गई है। पिछले चुनाव में यहां से पूरे चुनाव में सिर्फ 27 करोड़ की सामग्री व कैश जब्त हुआ था। चुनाव आयोग से इस बीच दोनों ही राज्यों के अधिकारियों को निर्देश दिया है कि वह सीमाओं पर चौकसी बरतें। आयोग की रिपोर्ट के मुताबिक हाल ही में छह राज्यों में हुए उपचुनाव चुनावों में भी नौ करोड़ से भी ज्यादा उपहार, शराब व कैश जब्त हुए है। इसमें सबसे अधिक करीब 6.6 करोड़ रुपये अकेले तेलंगाना की एक सीट पर हुए उपचुनाव से जब्त हुआ है।

हालांकि गुजरात राज्य में चुनाव की घोषणा के बाद के शुरुआती दिनों में ही पुलिस ने करीब 1,10,000 लीटर शराब बरामद की, जिसकी कीमत 3.86 करोड़ रुपये थी। राजस्व खुफिया निदेशालय (डीआरआई) ने भी मुंदरा बंदरगाह पर बड़े पैमाने पर 64 करोड़ रुपये के खिलौने और सामान की गलत घोषणा के माध्यम से तस्करी किए जाने की सूचना दी है यह सामान आयात कार्गो में छिपाकर लाया जा रहा था। इस मामले के मास्टरमाइंड समेत दो लोगों को गिरफ्तार किया गया है और आगे की जांच की जा रही है। गुजरात विधानसभा के चुनावों में धनबल के इस्तेमाल पर प्रभावी तौर पर अंकुश लगाने के लिए भारत के चुनाव आयोग ने पहले ही 69 व्यय पर्यवेक्षकों को तैनात किया है। 27 विधानसभा क्षेत्रों को व्यय संवेदनशील निर्वाचन क्षेत्रों के रूप में चिह्नित किया गया है।
आयोग के दलों ने सिंतबर में गुजरात और हिमाचल प्रदेश का दौरा कर चुनावी तैयारियों की समीक्षा की। इसके अलावा आयोग के कुछ अन्य दलों ने भी इन दोनों राज्यों की अक्टूबर में यात्रा कर विधानसभा चुनाव तैयारियों की निगरानी की। आयोग के दलों ने इन दोनों राज्यों में सुरक्षा एजेंसियों, जिला प्रशासन और पुलिस के नोडल अधिकारियों से मतदाताओं को प्रभावित करने के लिए लाई जाने वाली वस्तुओं की करीब से और प्रभावी निगरानी करने को कहा और इस संबंध में तैयारियों की व्यापक समीक्षा की।

हिमाचल प्रदेश में अपने दौरे के दौरान मुख्य चुनाव आयुक्त राजीव कुमार और चुनाव आयुक्त अनूप चंद्र पाण्डेय ने जिला और सुरक्षा एजेंसियों की तैयारियों की समीक्षा की तथा अवैध खनन व्यवसाय और मतदान को प्रभावित करने वाली शराब, संदिग्ध नकद राशि और वस्तुओं के संबंध में कड़ी निगरानी बरतने का निर्देश दिया। इसी तरह से आयकर विभाग की जांच शाखा, जो कि एक प्रमुख भागीदार प्रवर्तन एजेंसी है, ने हिमाचल प्रदेश और आसपास के राज्यों में स्थित पत्थर तोड़ने की 27 इकाइयों पर छापे डाले और वहां से काफी मात्रा में नकद रुपये बरामद किए। इसके अलावा उन्होंने देसी शराब के निर्माताओं और विक्रेताओं पर भी छापे मारे और वहां से भी बेहिसाब धन बरामद किया। इसके अलावा यहां से खातों में गड़बड़ी के बहुत से सबूत बरामद किए। पुलिस और आबकारी अधिकारियों तथा अन्य एजेंसियों ने भी शराब, ड्रग्स और मुफ्त वस्तुओं की बरामदगी के लिए विभिन्न स्थानों पर छापे मारे। हिमाचल प्रदेश विधानसभा चुनाव में धन-बल पर अंकुश लगाने और प्रभावी निगरानी के लिए चुनाव आयोग ने 23 व्यय पर्यवेक्षकों की भी तैनाती की है।

यहां तक कि हाल में बिहार, ओडिशा, महाराष्ट्र, तेलंगाना, हरियाणा और उत्तर प्रदेश राज्यों की सात विधानसभा सीटों के लिए संपन्न हुए उपचुनावों में भी 9.35 करोड़ रुपये मूल्य की बरामदगी की गई। तेलंगाना के मुनुगोडे विधानसभा निर्वाचन क्षेत्र में 6.6 करोड़ रुपये नकद के साथ-साथ हजारों लीटर शराब, 1.78 करोड़ रुपये मूल्य की बहुमूल्य धातुओं की रिकॉर्ड बरामदगी की गई। यह निर्वाचन क्षेत्र चुनाव में भारी धनराशि व्यय करने के लिए जाना जाता है। जिन निर्वाचन क्षेत्रों में मुनुगोडे निर्वाचन क्षेत्र जैसी व्यापक निगरानी की जरूरत महसूस की गई वहां आयोग ने अतिरिक्त व्यय पर्यवेक्षकों की तैनाती की, निगरानी दलों की संख्या में वृद्धि की और पर्यवेक्षकों के साथ वर्चुअल बैठकें कर समीक्षा और फीडबैक सत्र किए।

और भी

गणितज्ञ आरएल कश्यप का निधन, प्रधानमंत्री मोदी ने जताया दुख

 नई दिल्ली (छत्तीसगढ़ दर्पण)। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने गणितज्ञ और पद्मश्री पुरस्कार से सम्मानित आरएल कश्यप के निधन पर गहरा दुख व्यक्त किया है।


प्रधानमंत्री ने ट्वीट किया- 'आरएल कश्यप एक बहुमुखी प्रतिभासंपन्न व्यक्ति और महान विद्वान थे। उन्हें गणित और विज्ञान का समृद्ध ज्ञान था। उन्हें भारतीय संस्कृति पर बहुत गर्व था और उन्होंने वैदिक अध्ययन में भी विद्वत्ता हासिल की। उनके निधन से दुख हुआ। उनके परिवार के प्रति संवेदना। ओम शांति।'


आर एल कश्यप का पूरा नाम रंगासामी लक्ष्मीनारायण कश्यप था, उनका जन्म 28 मार्च 1938 को हुआ था। आर एल कश्यप का एक भारतीय अनुप्रयुक्त गणितज्ञ और पर्ड्यू विश्वविद्यालय में इलेक्ट्रिकल इंजीनियरिंग के प्रोफेसर थे। इन्होंने चारों वेदों का अंग्रेजी में अनुवाद भी किया है।

आर एल कश्यप ने हार्वर्ड प्रोफेसर Yu-Chi Ho के साथ मिलकर ''the Ho-Kashyap Rule'' एल्गोरिदम विकसित किया था। आर एल कश्यप ने 1982 में गणितीय उम्मीदवार मॉडल के एक सेट से सर्वश्रेष्ठ मॉडल के सलेक्शन के लिए Kashyap information criterion (KIC) पेश किया था। इन मापदंडों को मॉडल को डेटा के अनुकूल बनाने के लिए उपयोग किया जाता है। आर एल कश्यप ने इंस्टीट्यूट ऑफ इलेक्ट्रिकल एंड इलेक्ट्रॉनिक्स इंजीनियर्स, इंटरनेशनल एसोसिएशन फॉर पैटर्न रिकग्निशन और इंडियन इंस्टीट्यूट ऑफ इलेक्ट्रॉनिक एंड टेलीकम्युनिकेशन इंजीनियर्स के प्रोफेसर थे।

वैदिक अध्ययन के क्षेत्र में आर एल कश्यप ने सबसे प्राचीन संग्रह जैसे ऋग्वेद संहिता, कृष्ण यजुर्वेद संहिता, और सामवेद, और अथर्ववेद का संस्कृत से अंग्रेजी में अनुवाद किया है। इसमें लगभग 25000 छंद शामिल हैं। आर एल कश्यप दुनिया के एकमात्र व्यक्ति हैं जिन्होंने सभी 4 वेदों का अंग्रेजी में अनुवाद किया है, उनकी उपलब्धि को मान्यता देते हुए उन्हें सरकार द्वारा सम्मानित किया गया था। भारत के साहित्य और शिक्षा क्षेत्र के तहत 2021 में उन्हें पद्मश्री पुरस्कार से नवाजा गया था।
 

 

 

और भी

अग्निवीर रैली भर्ती में दो सगे भाई की मौत ,गांव पसरा मातम

 बैतूल ((छत्तीसगढ़ दर्पण)। केंद्र सरकार द्वारा अग्निवीर योजना की घोषणा के बाद से ही सेना में जानें का सपना देख रहे युवाओं में खासा उत्साह नजर आ रहा है। सभी युवा लगातार तैयारियां कर रहे हैं ताकि वो भारतीय सेना में शामिल हो सके। लेकिन इन तैयारियों के बीच कई बार कुछ ऐसा भी हो जाता है जिसे सुनकर सभी लोग हैरान हो जाते हैं। ऐसा ही कुछ हुआ मध्य प्रदेश के बैतूल में एक गांव में मातम फैला हुआ है।आर्मी भर्ती रैली में शामिल होने आए दो भाइयों की मौत हो गयी है। 

बैतूल में आर्मी भर्ती रैली में शामिल होने आए दो सगे भाइयों की चार दिनों के अंदर मौत हो गई। ये दोनों भाई अलग-अलग दिन रैली में गए थे। दोनों भाई दौड़ में शामिल होने के बाद बेहोश हो गए थे और इलाज के दौरान ही दोनों ने अपनी जान गंवाई थी। घटना के बाद से गांव में मातम छाया हुआ है।

दो सगे भाइयों की मौत के बाद आमला तहसील के दियामहू गांव में सन्नाटा पसरा हुआ है। गांव में रहने वाले प्रयाग राज यादव के तीन बच्चे थे जिसमें दो लड़के और एक लड़की थी। दोनों बेटों को बचपन से ही सेना में भर्ती होने का जुनून था जिसको लेकर वे पिछले तीन चार साल से तैयारी कर रहे थे। इन दोनों भाइयों का देश सेवा का ख्वाब अधूरा रह गया।

भोपाल के लाल परेड ग्राउंड में अग्निवीर भर्ती रैली में 29 अक्टूबर को 23 साल का रूपेंद्र यादव शामिल हुआ और उसने दौड़ भी लगाई। दौड़ पूरी करने के बाद वो बेहोश हो गया जिसके बाद रूपेंद्र को अस्पताल में भर्ती कराया गया और परिजनों को सूचना दी गई। बेटे के बीमार होने की खबर पर पिता भोपाल पहुंचे और वहां से भूपेंद्र को बैतूल लेकर आ गए जहां एक निजी अस्पताल में उसे भर्ती कराया गया। 4 नवंबर को रूपेंद्र की मौत हो गई. रूपेंद्र ने 12वीं तक पढ़ाई करने के बाद सेना में भर्ती होने के लिए तैयारी शुरू कर दी थी।

जब रूपेंद्र का इलाज चल रहा था तभी उसका 21 साल का छोटा भाई अंकित यादव भी अग्निवीर भर्ती रैली में शामिल होने भोपाल गया था। अंकित 3 नवंबर को दौड़ में शामिल हुआ जिसके बाद वो भी बेहोश हो गया। अंकित को भी अस्पताल में भर्ती कराया गया। खबर मिलने पर अंकित के रिश्तेदार भोपाल पहुंचे और उसे भी बैतूल लाकर एक निजी अस्पताल में भर्ती किया गया लेकिन उसकी हालत नहीं सुधरी और 7 नवंबर को उसकी भी मौत हो गई।

 

 

और भी

केन्‍द्र सरकार ने मोटे अनाज के निर्यात को विश्‍वभर में बढ़ावा देने के लिए कार्य योजना बनाई

 नई दिल्ली (छत्तीसगढ़ दर्पण)। केन्‍द्र ने मोटे अनाज को बढ़ावा देने की कार्य योजना बनाई है। सरकार ने विश्‍वभर में भारतीय मोटे अनाज के निर्यात और इसे बढ़ावा देने के लिए 16वीं अंतरराष्‍ट्रीय व्‍यापार प्रदर्शनी और विक्रेता बैठकों में निर्यातकों, किसानों और व्‍यापरियों के शामिल होने के लिए सुविधा प्रदान करने की योजना भी तैयार की है।

कार्य योजना के अनुसार विदेशों में स्थित भारतीय मिशनों को भारतीय मोटे अनाजों की ब्राडिंग और प्रचार के काम में लगाया जाएगा। इसमें, व्‍यापरियों की आपसी बैठकें और प्रत्‍यक्ष समझौतों के लिए डिपार्टमेंटल स्‍टोरों, सुपरमार्केटों और हाईपरमार्केटों जैसे संभावित क्रेताओं की पहचान शामिल है। भारत के मोटे अनाज को बढ़ावा देने के लिए कृषि और प्रसंस्‍कृत खाद्य उत्‍पाद निर्यात विकास प्राधिकरण-एपीएफपीईडीए, ने विभिन्‍न वैश्विक मंचों पर मोटे अनाजों और इससे संबंध‍ित मूल्‍य संर्वधि‍त उत्‍पादों को प्रदर्शित करने की योजना भी बनाई है।

संयुक्‍त राष्‍ट्र ने 2023 को अंतरराष्‍ट्रीय मोटा अनाज वर्ष घोषित किया है। भारत विश्‍व में मोटे अनाज का प्रमुख उत्‍पादन करने वाले देशों में से है और विश्‍व में भारत के मोटे अनाज का उत्‍पादन लगभग 41 प्रतिशत है। भारत ने 2021-22 में मोटे अनाज के उत्‍पादन में 27 प्रतिशत वृद्धि दर्ज की है जो बढ़कर एक करोड़ 59 लाख बीस हजार मीट्रिक टन हो गया है। राजस्‍थान, महाराष्‍ट्र, कर्नाटक, गुजरात और मध्‍य प्रदेश देश के पांच मोटे अनाज का सर्वाधिक उत्‍पादन करने वाले राज्‍य हैं। अनुमान है कि मोटे अनाज का बाजार वर्तमान में नौ खरब डॉलर से बढ़कर 2025 में बारह खरब अमरीकी डॉलर हो जाएगा।

 

 

और भी

उपराष्‍ट्रपति जगदीप धनखड़ आसियान भारत स्‍मारक और पूर्वी एशिया शिखर सम्‍मेलन में शामिल होने के लिए रवाना

 नई दिल्ली (छत्तीसगढ़ दर्पण)। उप-राष्‍ट्रपति जगदीप धनखड़ आसियान-भारत स्‍मारक शिखर सम्‍मेलन और 17वें पूर्वी एशिया शिखर सम्‍मेलन में भाग लेने के लिए तीन दिन की यात्रा पर कंबोडिया रवाना हो गए।  उनके साथ विदेश मंत्री डॉक्‍टर एस. जयशंकर भी जा रहे हैं। मीडिया को संबोधित करते हुए विदेश मंत्रालय में पूर्वी मामलों के सचिव सौरभ कुमार ने कहा कि उप-राष्‍ट्रपति कंबोडिया के प्रधानमंत्री हून सेन और अन्‍य देशों के नेताओं के साथ नोमपेन्‍ह में द्विपक्षीय बैठक करेंगे। कंबोडिया इन शिखर बैठकों की मेजबानी कर रहा है। यह आसियान-भारत संबधों की 30वीं वर्षगांठ है और इसे आसियान-भारत मैत्री वर्ष के रूप में मनाया जा रहा है।

श्री कुमार ने बताया कि सम्‍मेलन के दौरान उप-राष्‍ट्रपति और आसियान नेता इस वर्ष होने वाली विभिन्न गतिविधियों की समीक्षा भी करेंगे। वार्ता के दौरान महत्‍वपूर्ण क्षेत्रीय और अंतरराष्‍ट्रीय विकास पर भी चर्चा की जाएगी। उप-राष्‍ट्रपति के रुप में जगदीप धनखड़ की यह पहली विदेश यात्रा होगी। 

 

 

और भी

हिमाचल में सरकार बनते ही 1 लाख रोजगार दिए जाएंगे : प्रियंका गांधी

 नई दिल्ली (छत्तीसगढ़ दर्पण)। हिमाचल प्रदेश के सिरमौर में एक जनसभा में कांग्रेस नेता प्रियंका गांधी वाड्रा ने कहा कि कांग्रेस ये बात कह रही है कि जिस दिन नई सरकार के मंत्रिमंडल की बैठक होगी उसी दिन  यह फैसला होगा कि आपको (नौजवान) 1 लाख रोजगार दिए जाएंगे। ये आपका हक है। इसके साथ ही पहली मंत्रिमंडल की बैठक में पुरानी पेंशन योजना पर भी फैसला होगा। कांग्रेस पार्टी आपके लिए काम करना चाहती है। हमने निर्णय लिया है कि हर विधानसभा में 4 अंग्रेजी माध्यम स्कूल बनाएंगे ताकि आपके प्रदेश में शिक्षा को नई शक्ति मिले। 

 

 

और भी

फीस जमा न होने से 8वीं क्लास के छात्र ने की खुदकुशी

आठवीं क्लास के छात्र ने की खुदकुशी

 गाजियाबाद (छत्तीसगढ़ दर्पण)। जिले में फीस जमा नहीं होने पर कथित रूप से स्कूल प्रबंधन द्वारा प्रताड़ित किए जाने से क्षुब्ध आठवीं कक्षा के एक छात्र ने बृहस्पतिवार को खुदकुशी कर ली। पुलिस ने बताया कि सिहानी गेट थाना क्षेत्र की शिब्बन पुरा कॉलोनी में रहने वाले आठवीं कक्षा के छात्र प्रिंस (13) ने अपने घर में फंदा लगाकर आत्महत्या कर ली।

न्होंने बताया कि इस मामले में प्रिंस के पिता की ओर से थाने में दी गई शिकायत में आरोप लगाया है कि स्कूल प्रशासन ने फीस जमा नहीं कर पाने की वजह से उसके बेटे को सरेआम अपमानित किया, जिससे क्षुब्ध होकर उसने यह आत्मघाती कदम उठाया।

स्कूल प्रशासन ने पुलिस से कहा है कि प्रिंस और उसके सहपाठी का आपस में विवाद हो गया था, लिहाजा दोनों से कहा गया था कि वे अपने माता-पिता को इस मामले पर बात करने के लिए स्कूल भेजें।

उनके मुताबिक, स्कूल प्रशासन ने कहा है “ दूसरे छात्र ने तो अपने माता-पिता को इस बारे में बताया लेकिन प्रिंस ने ऐसा नहीं किया। इस पर आज उससे कहा गया कि वह अपने पिता को बुलाए, नहीं तो उसे स्कूल में दाखिल नहीं होने दिया जाएगा। बहुत संभावना है कि प्रिंस ने इसीलिए खुदकुशी की है।पुलिस  ने बताया कि मामले की जांच की जा रही है।

 

 

और भी

भारत दुनिया की सबसे तेजी से बढ़ती प्रमुख अर्थव्यवस्थाओं में से एक : जेनेट येलेन

 नई दिल्ली (छत्तीसगढ़ दर्पण)। अमेरिकी ट्रेजरी सचिव जेनेट येलेन दो दिन के भारत दौरे पर है। उन्होंने कहा कि इसमें कोई आश्चर्य की बात नहीं है कि भारत दुनिया की सबसे तेजी से बढ़ती प्रमुख अर्थव्यवस्थाओं में से एक है। अमेरिकी राष्ट्रपति जो बाइडन ने कहा कि भारत अमेरिका के अपरिहार्य भागीदारों में से एक है। केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण और अमेरिकी ट्रेजरी सचिव जेनेट येलेन ने शुक्रवार को दिल्ली में भारत-अमेरिका आर्थिक वित्तीय साझेदारी की 9वीं बैठक से पहले मुलाकात की।

उन्होंने कहा कि यह मेरी ट्रेजरी सचिव के रूप में भारत की पहली यात्रा है। मुझे यहां आकर खुशी हो रही है क्योंकि भारत अपनी आजादी के 75वें वर्ष का जश्न मना रहा है और G20 का अध्यक्ष बनने की तैयारी कर रहा है। 

 

 

और भी

स्टार्ट-अप को वित्त तक पहुंचने में सक्षम बनाने की जरूरतः लीना नंदन

 नई दिल्ली (छत्तीसगढ़ दर्पण)। विज्ञान और प्रौद्योगिकी विभाग ने कॉप-27 में भारतीय मंडप में “टेक्नोलॉजी नीड्स असेसमेंट फॉर सस्टेनेबल लाइफ” विषय पर पैनल चर्चा की मेजबानी की। इसका उद्देश्य था भविष्य में वैश्विक नागरिकों की सुख-सुविधा के लिये प्रौद्योगिकीय जरूरतों की पहचान करना। चर्चा में हिस्सा लेते हुये पर्यावरण, वन और जलवायु परिवर्तन मंत्रालय की सचिव सुश्री लीना नंदन ने कहा कि आज भारत और विश्व को जिस चीज की जरूरत है, वह है प्रौद्योगिकी। जलवायु परिवर्तन का मुद्दा उन तक सीमित नहीं है, जो उत्सर्जन करते हैं।

उन्होंने कहा कि अब इस बात को बड़े पैमाने पर माना और समझा जा रहा है कि जलवायु परिवर्तन से मुंह नहीं मोड़ा जा सकता; वह हमारे दरवाजे पर दस्तक दे रहा है। सुश्री लीना नंदन ने कहा कि जलवायु परिवर्तन के कारण तमाम आपदा आधारित घटनाओं के रूप में तबाही आई है। आज की चुनौतियों को देखते हुये हमारी जीवन-शैली को बदलना होगा। उन्होंने कहा कि हमारी चर्चा इस बात पर केंद्रित होनी चाहिये कि हम क्या पाना चाहते हैं और उसे कैसे पा सकते है; इसके बीच का जो अंतराल है, उसे कैसे भरा जाये।

सुश्री नंदन ने कहा कि विज्ञान तो हमारे पास है, लेकिन अपने कामकाज में विज्ञान और ज्ञान का इस्तेमाल कैसे करना है, इस पर गौर करना होगा। सड़क निर्माण में प्रौद्योगिकी के संदर्भ में उन्होंने कहा कि भारत में विशाल विविधता है, इसलिये एक ही तरह की चीज सबके लिये फिट हो जायेगी, यह विचार गलत है। प्रौद्योगिकी मूल्यांकन भिन्न-भिन्न राज्यों के लिये भिन्न-भिन्न होता है। राज्यों के भू-भाग के अनुसार उनका समाधान निकलता है। सुश्री नंदन ने चक्रिय अर्थव्यवस्था, ‘री-ड्यूस, री-यूज, री-साइकिल, री-स्टोर और री-फर्बिश’ के बारे में भी बात की। इन सभी ‘आर’ को ‘टी’ यानी प्रौद्योगिकी की जरूरत है। उन्होंने विज्ञान और प्रौद्योगिकी विभाग से आग्रह किया कि वह राज्य सरकारों को संलग्न करके अभिनव समाधान निकाले।

और भी

स्टॉप टीबी पार्टनरशिप के कार्यकारी निदेशक ने भारत सरकार के नेतृत्व की सराहना की

 नई दिल्ली (छत्तीसगढ़ दर्पण)। स्टॉप टीबी पार्टनरशिप के कार्यकारी निदेशक डॉ. लुसिका दितिउ और उनकी टीम ने केंद्रीय स्वास्थ्य और परिवार कल्याण मंत्री डॉ मनसुख मंडाविया से मुलाकात की और वैश्विक टीबी उन्मूलन कार्यक्रम का नेतृत्व करने में भारत सरकार द्वारा अभूतपूर्व नेतृत्व की सराहना की। डॉ. दितिउ ने एक मजबूत दृष्टि प्रदान करने के लिए भारत के प्रयासों की भी प्रशंसा की। इस कार्यक्रम के तहत प्रभावी प्रबंधन और महत्वपूर्ण प्रोग्रामेटिक और नीतिगत हस्तक्षेपों के त्वरित कार्यवाही की जाती है।

इसमें नए डॉग्नोस्टिक टेस्ट, सोशल सपोर्ट इनिशियटिव और त्वरित प्रयास से टीबी का एक नया टीका विकसित करना शामिल है। चर्चा में टीबी को खत्म करने के लिए भारत की मजबूत नेतृत्व की भूमिका और भारत की आगामी जी20 प्रेसीडेंसी के माध्यम से विश्व स्तर पर टीबी की बात को आगे बढ़ाने पर भी ध्यान केंद्रित किया गया। डॉ. मंडाविया स्टॉप टीबी पार्टनरशिप बोर्ड के अध्यक्ष के रूप में भी कार्य कर रहे हैं। उनका यह कार्यकाल 2024 तक है।

इस बैठक के दौरान डॉ मंडाविया 25-26 मार्च, 2023 को वाराणसी में स्टॉप टीबी पार्टनरशिप की 36वीं बोर्ड बैठक की मेजबानी करने के लिए सहमत हुए। बोर्ड की बैठक 24 मार्च, 2023 को एक उच्च स्तरीय कार्यक्रम से पहले होगी, जिसे विश्व स्तर पर विश्व टीबी दिवस के रूप में भी मनाया जाता है।

समूह ने प्रधानमंत्री टीबी मुक्त भारत अभियान के शुभारंभ की भी सराहना की। इस पहल के माध्यम से 40,492 से अधिक दाता देश भर में 10,45,269 से अधिक रोगियों के लिए आगे आए हैं। इसमें टीबी रोगियों के उपचार के अतिरिक्त सोशल सपोर्ट मुहैया करना और टीबी को समाप्त करने के लिए एक समुदाय के नेतृत्व वाले आंदोलन को लाभकारी बनाना शामिल हैं। डॉ. दितिउ ने इस पहल के माध्यम से दस टीबी रोगियों को मदद देने की प्रतिबद्ध भी जताई।

 

 

और भी

एनएफडीबी को मिला इंडिया एग्रीबिजनेस पुरस्‍कार 2022

 नई दिल्ली (छत्तीसगढ़ दर्पण)। मत्‍स्‍यपालन, पशुपालन तथा डेयरी मंत्रालय भारत सरकार के मत्‍स्‍यपालन विभाग के अंतर्गत जीवंत संगठन राष्‍ट्रीय मात्स्यिकी विकास बोर्ड (एनएफडीबी), हैदराबाद मत्‍स्‍य पालन क्षेत्र के अंतर्गत सर्वश्रेष्‍ठ कृषि पुरस्‍कार के लिए ‘इंडिया एग्रीबिजनेस पुरस्‍कार 2022’ से सम्‍मानित होने वाले संगठनों में से एक था। यह पुरस्‍कार मत्‍स्‍य पालन क्षेत्र की सेवाओं और समर्थन के लिए आयोजित कार्यक्रम में प्रदान किया गया।

यह समर्थन प्रौद्योगिकी उन्‍नयन, जलीय कृषि में प्रजातियों के विविधिकरण, नई और उन्‍नत किस्‍म की मछलियों के प्रसार, समुद्री शैवाल की खेती, सजावटी मछलियों, प्रशिक्षण तथा क्षमता निर्माण के लिए आवश्‍यकता आधारित परियोजनाओं को समर्थन देने के लिए हितधारकों को समर्पित महत्‍वपूर्ण और उल्‍लेखनीय भूमिका निभाने के लिये दिया गया ताकि मछली उत्‍पादन और उत्‍पादकता में महत्‍वपूर्ण रूप से वृद्धि की जा सके, मछुआरों की आजीविका में सुधार लाया जा सके, मत्‍स्‍य पालन में उद्यम के अवसरों में बढ़ावा दिया जा सके, रोजगार सृजन हो सके, स्‍वच्‍छ तरीके से हैंडलिंग और मछली के विपणन तथा खपत को बढ़ाया जा सके।

इंडियन चैम्‍बर ऑफ फूड एंड एग्रीकल्‍चर (आईसीएफए) ने ‘एग्रो वर्ल्‍ड 2022’-भारत अंतर्राष्‍ट्रीय कृषि व्‍यवसाय तथा प्रौद्योगिकी मेला-2022 का आयोजन 9 से 11 नवम्‍बर, 2022 तक नई दिल्‍ली के भारतीय कृषि अनुसंधान संस्‍थान, पूसा परिसर में किया जा रहा है। आईसीएफए बड़ी संख्‍या में राष्‍ट्रीय/अंतर्राष्‍ट्रीय औद्योगिक संगठनों तथा संबद्ध संगठनों के साथ तकनीकी सहयोग करने वाला भारत सरकार का संगठन है। मेले का आयोजन खाद्य, कृषि, बागवानी, पशु पालन, मछलीपालन तथा संबद्ध क्षेत्रों में प्रमुख हितधारकों द्वारा किए गए विकास और आधुनिकीकरण को दिखाने के लिए किया गया।

इस आयोजन के हिस्‍से के रूप में राष्‍ट्रीय मात्स्यिकी विकास बोर्ड को इंडिया एग्रीबिजनेस पुरस्‍कार-2022 प्रदान किया गया। यह पुरस्‍कार मत्‍स्‍य पालन के क्षेत्र में उल्‍लेखनीय कार्य के लिए दिया गया। डॉ. सुवर्ण चंद्रप्‍पागरी, आईएफएस, मुख्‍य कार्यकारी, एनएफडीबी ने समारोह में भाग लिया और मत्‍स्‍यपालन, पशुपालन तथा डेयरी राज्‍य मंत्री डॉ. संजीव कुमार बालयान तथा नीति आयोग के सदस्‍य डॉ. रमेश चंद से पुरस्‍कार ग्रहण किया।

 

 

और भी

भारतीय रेल मिशन 100 प्रतिशत विद्युतीकरण की ओर अग्रसर

 नई दिल्ली (छत्तीसगढ़ दर्पण)। भारतीय रेल ने अपने सम्‍पूर्ण ब्रॉडगेज नेटवर्क के विद्युतीकरण की महत्‍वाकांक्षी योजना प्रारम्‍भ की है। इस योजना से न केवल बेहतर ईंधन ऊर्जा का उपयोग होगा, जिससे उत्‍पादन बढ़ेगा, ईंधन खर्च में कमी आएगी, बल्कि मूल्‍यवान विदेशी मुद्रा की भी बचत होगी। वित्‍त वर्ष 2022-23 के दौरान अक्‍टूबर, 2022 तक भारतीय रेल ने 1223 रूट किलोमीटर के विद्युतीकरण का काम कर लिया है। वित्‍त वर्ष 2021-22 की समानावधि के दौरान 895 रूट किलोमीटर का विद्युतीकरण हुआ था। यह पिछले वर्ष की समान अवधि के आंकड़े से 36.64 प्रतिशत अधिक है।

यह महत्‍वपूर्ण है कि भारतीय रेल के इतिहास में 2021-22 के दौरान 6,366 रूट किलोमीटर का रिकॉर्ड विद्युतीकरण किया गया। इससे पहले, 2020-21 के दौरान सबसे अधिक विद्युतीकरण 6,015 रूट किलोमीटर का हुआ था।

31.10.2022 तक भारतीय रेल के ब्रॉडगेज नेटवर्क 65,141 रूट किलोमीटर (केआरसीएल सहित) में से 53,470 ब्रॉडगेज रूट किलोमीटर का विद्युतीकरण किया गया है, जो कुल ब्रॉडगेज नेटवर्क का 82.08 प्रतिशत है।

 

 

और भी

सर्वोदय का दर्शन है मनुष्‍य को करुणा संपन्‍न बनाना : प्रो. रजनीश शुक्ल

 वर्धा (छत्तीसगढ़ दर्पण)। महात्मा गांधी अंतरराष्ट्रीय हिंदी विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो. रजनीश कुमार शुक्ल ने बुधवार को कहा है कि सर्वोदय का दर्शन है-मनुष्‍य को करुणा संपन्‍न बनाना। सर्वोदय लोक कल्‍याण की दृष्टि से सर्वोत्तम सोची गई अवधारणा है - किसी को कोई नुकसान न हो, किसी को कोई तकलीफ न हो, किसी को नीचे की ओर न जाना हो, जिसमें सबका उदय हो, सब प्रगति की ओर आएं और अंतत: सब जीवन की श्रेष्‍ठतम और उच्‍चतम स्थिति को प्राप्‍त करें। सर्वोदय की अवधारणा एक वैश्विक अवधारणा है। यह नैतिकता, कल्‍पना, परदु:खकातरता, स्‍वयं के लिए अधिकतम कष्‍ट सहने की वृत्ति और तितीक्षा पर आधारित है। प्रो. शुक्‍ल आजादी का अमृत महोत्‍सव के अंतर्गत भारतीय दार्शनिक अनुसंधान परिषद्, नई दिल्ली द्वारा प्रायोजित ‘सर्वोदय के दार्शनिक : विनोबा भावे’ विषय पर विश्‍वविद्यालय में संमिश्र पद्धति से आयोजित विशिष्ट व्याख्यानमाला समारोह की अध्यक्षता करते हुए बोल रहे थे।


हिमाचल प्रदेश केंद्रीय विश्वविद्यालय, धर्मशाला के पूर्व कुलपति प्रो. कुलदीप चंद्र अग्निहोत्री ने बतौर मुख्य वक्ता कहा कि स्‍वतंत्रता प्राप्ति के उपरांत सत्ताधीशों ने गांधी विचारों को अप्रासंगिक करार दिया लेकिन गांधीजी के दर्शन में विनोबा की परम आस्‍था थी। यही कारण है कि विनोबा ने गांधी दर्शन को जमीन पर उतारा। सर्वोदय की संकल्‍पना को साकार करने के लिए ही उन्‍होंने भूदान यज्ञ चलाया और श्रम की महत्ता को भी प्रतिष्‍ठापित किया। उन्‍होंने कहा कि जो समाज शारीरिक श्रम को महत्ता नहीं देता है वह समाज संतुलित विकास नहीं कर सकता है।

कुलपति प्रो. शुक्ल ने आगे कहा कि भारत की सांस्‍कृतिक परंपरा को समझने की दृष्टि से गांधी ने विनोबा को आध्‍यात्मिक गुरु मानते हुए अपना उत्तराधिकारी भी माना था। उन्‍होंने कहा कि सर्वोदय की दृष्टि स्पष्ट संकेत करती है कि विकास का कोई एकांगी स्वरूप नहीं हो सकता है। मनुष्य को दैहिक, दैविक, भौतिक; सभी दृष्टियों से विकसित करना, करुणा संपन्न बनाना, अन्यों के लिए त्याग करने की वृत्ति वाला मनुष्य बनाना और जो उत्पादन है दुनिया में, यह उन सभी तक पहुँच सके, जिनको उनकी अपेक्षा है। सर्वोदय के दर्शन में सबके संरक्षण की बात निहित है और सब भारत के विकास का साधन बन सके, उन्नत भारत के निर्माण में सबकी भूमिका बन सके। प्रो. शुक्ल ने कहा कि औद्योगीकरण तकनीकी वर्चस्ववाद और अनैतिक उपभोक्तावाद के जरिए अपना प्रभाव बढ़ा रहे आर्थिक उपनिवेशवाद का समाधान सर्वोदय की विचारधारा में ही है।

स्वागत वक्तव्य प्रतिकुलपति प्रो. चंद्रकांत एस रागीट ने दिया। दर्शन एवं संस्कृति विभाग के सहायक प्रोफेसर डॉ. सूर्य प्रकाश पाण्डेय ने कार्यक्रम का संचालन एवं संयोजन किया तथा दर्शन एवं संस्कृति विभाग के अध्यक्ष डॉ. जयंत उपाध्याय ने धन्यवाद ज्ञापित किया। शुरुआत दीप प्रज्वालन, कुलगीत तथा छात्र चंदन मिश्र द्वारा प्रस्तुत भारत वंदना से की गयी। इस अवसर पर अधिष्ठातागण, विभागाध्यक्ष, अध्यापक, विद्यार्थी एवं शोधार्थी बड़ी संख्या‍ में उपस्थित थे। आभासी माध्यम से भी बड़ी संख्या में अध्यापक एवं विद्यार्थी सहभागी हुए।

 

 

और भी

सतौन में गरजे सीएम बघेल, कहा : जयराम सरकार ने महंगाई-बेरोजगारी दी

 रायपुर/शिमला (छत्तीसगढ़ दर्पण)। हिमाचल के सिरमौर जिले के सतौन में छत्तीसगढ़ के सीएम भूपेश बघेल ने कहा कि हिमाचल में कांग्रेस का परचम लहराएगा और पार्टी की सरकार बनेगी। जयराम सरकार ने महंगाई, बेरोजगारी दी है, अब उसे लौटाने का समय आ गया है। कांग्रेस की सरकार सत्ता में आते ही ओपीएस व रोजगार पर फैसला लिया जाएगा।


सीएम भूपेश बघेल ने हिमाचल प्रदेश के दौरे पर कांग्रेस ने हिमाचल विधानसभा चुनाव को लेकर चुनावी घोषणा पत्र जारी किया है। इस घोषणा पत्र में ओल्ड पेशन स्कीम को लागू करने का वादा किया गया है। घोषणा पत्र को जारी करने के दौरान छत्तीसगढ़ सीएम भूपेश बघेल ने केंद्र पर आरोप लगाया कि छत्तीसगढ़ में हमने पुरानी पेंशन स्कीम को लागू किया। लेकिन केंद्र इसमें अड़ंगा लगा रही है। पेंशन कोष नियामक और विकास प्राधिकरण में जमा 17 हजार 240 करोड़ रुपए की राशि को वापस देने से केंद्र ने इंकार कर दिया है।

वही सीएम भूपेश बघेल ने शिमला में कहते हुए नज़र आए कि "कांग्रेस की जहां जहां सरकार है वहां पुरानी पेंशन योजना लागू की गई है। सीएम बघेल का आरोप है कि नई पेशन योजना के अंशदान के तौर पर जमा राशि को केंद्र ने अभी तक नहीं दिया है। सीएम ने कहा कि हमने पुरानी पेंशन योजना छत्तीसगढ़ में लागू कर दी गई है। इसलिए हमे राशि वापस किया जाए। लेकिन केंद्र ने राशि नहीं दिया।"

मुख्यमंत्री बघेल ने कहा कि अगर हिमाचल में कांग्रेस की सरकार बनती है तो हम यहां ओल्ड पेंशन स्कीम जैसी छत्तीसगढ़ में लागू की गई है, उसे लागू करेंगे। सीएम बघेल ने कहा कि इसे हमने घोषणा पत्र में भी लागू किाया है।

हिमाचल कांग्रेस ने घोषणा पत्र में किए ये वादे
- मनरेगा के तहत कार्य दिवस बढ़ाकर 150 दिन किए जाएंगे।
- वरिष्ठ नागरिकों की पेंशन में बढ़ोत्तरी की जाएगी।
- 75 वर्ष से अधिक उम्र के नागरिकों को विशेष सामाजिक सुरक्षा पेंशन दी जाएगी।
- सरकार के गठन के तुरंत बाद मंत्रिमंडल की पहली बठकै में OPS बहाल की जाएगी।
- कर्मचारियों को डीए-एरियर्स का निश्चित समय अवधि में भुगतान किया जाएगा।
- आउटसोर्स कर्मचारी के लिए एक नई पारदर्शी नीति बनाई जाएगी.- कर्मचारियों के वेतन, भत्तों की बढ़ोतरी व पदोन्नति को समयबद्ध तरीके से लागू किया जाएगा।
- पुलिस की समस्त कॉन्ट्रैक्ट नियुक्तियां 8 वर्ष की जगह 2 वर्ष में नियमित की जाएंगीं।
- पंजाब पैटर्न पर पेंशन व सुविधाएं दी जाएंगी।
- पेंशन में 5, 10 और 15% के भत्ते को शामिल करने की मांग को पूरा किया जाएगा।
- हिमाचल प्रदेश के पेंशन भोगियों की मांगों के लिए बनेगी कमेटी।
- कृषि और बागवानी आयोग का होगा गठन।
- कोल्ड स्टोरेज और यूनिवर्सल पैकेजिंग पर बनेगी नीति।
- हर दिन खरीदा जाएगा 10 किलो दूध।
- गांव में पर्यटन को बढ़ावा देने के लिए 'Smart Village' परियोजना।

हिमाचल विधानसभा चुनाव का ऊट किस करवट बैठेगा ये तो भविष्य ही बताएगा। पर इतना ज़रूर है जिस तरह से मुख्यमंत्री भूपेश बघेल छत्तीसगढ़ के मॉडल का बखान देश भर में कर रहे है उससे छत्तीसगढ़ को ज़रूर एक नही पहचान मिलेगा।

 

 

और भी

भूकंप के झटकों से कांपी धरती, दिल्ली-एनसीआर समेत इन जगहों पर महसूस हुए झटके ...

 दिल्ली (छत्तीसगढ़ दर्पण)। दिल्ली-NCR में भूकंप के झटके महसूस किए गए हैं। जानकारी के अनुसार, भूकंप की तीव्रता 6.3 दर्ज की गई है। दिल्ली-NCR में 1 बजकर 58 मिनट पर भूकंप के झटके महसूस किए गए है। 

दिल्ली-एनसीआर समेत पूरे उत्तर भारत में मंगलवार की देर रात भूकंप के तेज झटके महसूस किए गए। जिसके बाद हर तरफ अफरा-तफरी मच गई. वहीं भूकंप का केंद्र रहे नेपाल में छह लोगों के मौत की खबर सामने आ रही है। 

बता दें कि देर रात 1 बजकर 58 मिनट पर दिल्ली में भूकंप के झटके महसूस किए गए हैं। भूकंप से लोग एकदम दहशत में आ गए और लोग अपने घरों से बाहर निकल आए। भूकंप के झटके नोएडा और आसपास के शहरों में भी महसूस किए गए हैं। भूकंप की तीव्रता 6.3 थी। 

नेपाल के राष्ट्रीय भूकंप केंद्र (NSC) के अनुसार, नेपाल के सुदूर-पश्चिम क्षेत्र में पिछले 24 घंटों में तीन भूकंप के झटके दर्ज किए गए है। नेपाल के दोती जिले में कल रात भूकंप के बाद एक घर गिरने से मरने वालों की संख्या अब 6 हो गई है। एक पुलिस अधिकारी ने बताया कि मृतकों की पहचान अभी नहीं हो पाई है, लेकिन मृतकों में एक महिला और दो बच्चे के मौत होने की आशंका है। 

और भी

न्यायमूर्ति डी.वाई.चंद्रचूड़ ने भारत के 50वें मुख्य न्यायाधीश के रूप में ली शपथ

 नई दिल्ली (छत्तीसगढ़ दर्पण)। 9 नवम्बर 2022 को भारत की राष्ट्रपति श्रीमती द्रौपदी मुर्मू ने न्यायमूर्ति डी वाई चंद्रचूड़ को भारत के 50वें मुख्य न्यायाधीश के रूप में शपथ दिलाई। 17 अक्टूबर को केंद्र ने 9 नवंबर, 2022 से भारत के मुख्य न्यायाधीश के रूप में न्यायमूर्ति डी वाई चंद्रचूड़ की नियुक्ति को अधिसूचित किया। एक दिन पहले सेवानिवृत्त हुए न्यायमूर्ति यूयू ललित ने न्यायमूर्ति डी वाई चंद्रचूड़ को कमान सौंपी है। जस्टिस चंद्रचूड़ ठीक दो साल तक सेवा देंगे और 10 नवंबर, 2024 को सेवानिवृत्त होंगे। जस्टिस डीवाई चंद्रचूड़ पूर्व और अब तक के सबसे लंबे समय तक सेवारत सीजेआई जस्टिस वाईवी चंद्रचूड़ के बेटे हैं।

आज इतिहास में एक और अध्याय जुड़ गया है, क्योंकि पहली बार पिता-पुत्र की जोड़ी ने सीजेआई के पद को सुशोभित किया है। न्यायमूर्ति चंद्रचूड़ ने नई दिल्ली के सेंट स्टीफंस कॉलेज से अर्थशास्त्र में ऑनर्स के साथ बीए और दिल्ली विश्वविद्यालय के कैंपस लॉ सेंटर से एलएलबी की उपाधि प्राप्त की। उन्होंने संयुक्त राज्य अमेरिका में हार्वर्ड लॉ स्कूल से एलएलएम और न्यायिक विज्ञान (एसजेडी) में डॉक्टरेट की उपाधि प्राप्त की।

उन्होंने सुप्रीम कोर्ट और बॉम्बे हाई कोर्ट में वकील के रूप में काम किया। जून 1998 में, बॉम्बे हाईकोर्ट ने उन्हें वरिष्ठ अधिवक्ता के रूप में नियुक्त किया। 1998 में, उन्हें भारत के अतिरिक्त सॉलिसिटर जनरल के रूप में नियुक्त किया गया था। मार्च 2000 में, उन्हें बॉम्बे उच्च न्यायालय के न्यायाधीश के रूप में नियुक्त किया गया था, और तीन साल बाद, उन्हें इलाहाबाद उच्च न्यायालय के मुख्य न्यायाधीश के रूप में नियुक्त किया गया था। मई 2016 में, उन्हें सुप्रीम कोर्ट में नियुक्त किया गया था।

 

 

और भी

भारत ऊर्जा के स्वच्छ और हरित स्रोतों को अपनाने के लिए प्रतिबद्ध : भूपेन्द्र यादव

 नई दिल्ली (छत्तीसगढ़ दर्पण)। केन्द्रीय पर्यावरण, वन और जलवायु परिवर्तन मंत्री भूपेन्द्र यादव ने कहा है कि भारत ऊर्जा के स्वच्छ और हरित स्रोतों को अपनाने के लिए प्रतिबद्ध है और राष्ट्रीय हाइड्रोजन अभियान इसी दिशा में एक कदम है। शर्म-अल-शेख़ में आयोजित कॉप-27 सम्मेलन से अलग मध्यपूर्व हरित पहल शिखर बैठक 2022 में उन्होंने यह बात कही।

उन्होंने कहा कि भारत ने स्वच्छ और किफायती ऊर्जा के प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के सपने को पूरा करने के लिए अंतरराष्ट्रीय सौर गठबंधन जैसे संगठनों का भी शुभारंभ किया है। श्री यादव ने कहा कि उत्सर्जन में कमी और पर्यावरण सुरक्षा के लिए ज़रूरी बुनियादी ढांचे के निर्माण के लिए विश्वभर के देशों को एकजुट करने के लिए वे सऊदी अरब और मिस्र को बधाई देते हैं।

 

और भी