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मौसम विभाग ने जारी की तेज बारिश की चेतावनी, जानें अपने राज्य का हाल...

 नई दिल्ली (छत्तीसगढ़ दर्पण)। देशभर में हो रही तेज बारिश के चलते कई राज्य बाढ़ की चपेट में हैं। जनजीवन अस्त-व्यस्त हो गया है।  वहीं मौसम विभाग ने बुधवार को देश के कई राज्यों में भारी बारिश की चेतावनी जारी की है। मौसम विभाग के ताजा पूर्वानुमान के मुताबिक मध्य प्रदेश, हिमाचल प्रदेश, उत्तराखंड, उत्तर प्रदेश के कई जिलों में तेज वर्षा होगी।

मध्य प्रदेश में लगातार बारिश ने लोगों की मुश्किलें बढ़ा दी है। मौसम विभाग ने इंदौर, राजगढ़ और उज्जैन में भारी बारिश को लेकर रेड अलर्ट जारी किया है। इसके अलावा मौसम विभाग ने यूपी, राजस्थान, गुजरात, ओडिशा, हिमाचल प्रदेश, केरल और पुडुचेरी में भारी बारिश का अलर्ट जारी किया है। भारतीय मौसम विभाग के अनुसार, बंगाल के खाड़ी में एक बार फिर कम दबाव का क्षेत्र बना है, जिसका असर कई राज्यों में दिखाई दे रहा है।

इन राज्यों में अगले पांच दिनों तक होगी भारी बारिश
पहाड़ी राज्यों की बात करें तो उत्तराखंड में 24 अगस्त, जम्मू और कश्मीर में 24 अगस्त और हिमाचल प्रदेश में 24, 25 अगस्त को मध्यम से तेज बारिश होने की संभावना है। मौसम विभाग के पूर्वानुमान के मुताबिक, अरुणाचल प्रदेश में 26 और 27 अगस्त को बहुत भारी बारिश होगी। इसके अलावा, असम, मेघालय, नगालैंड, मणिपुर, मिजोरम और त्रिपुरा में अगले पांच दिनों तक भारी बारिश के आसार हैं।

मध्य प्रदेश के इन जिलों में भारी बारिश का अलर्ट
मौसम विभाग (IMD) के अनुसार, मध्य प्रदेश के कुछ जिलों में अगले 24 घंटों में बारिश का दौर जारी रहेगा। मौसम विभाग ने उज्जैन, इंदौर और राजगढ़ के लिए रेड अलर्ट जारी किया है। अगले 3-4 दिनों तक इंदौर में हल्की और तेज बारिश की संभावना है। वहीं, ग्वालियर में बूंदाबांदी के आसार हैं।

यूपी के कई जिलों में बारिश के आसार
यूपी के कई जिलों मंगलवार रात से शुरू हुई बारिश रुक-रुक कर अभी जारी है। मौसम विभाग की मानें तो यूपी के कुछ इलाकों में आज भी बारिश के आसार बने रहेंगे। राजधानी लखनऊ और आसपास के जिलों में बादल छाए रहने के साथ-साथ हल्की बारिश हो सकती है। पूर्वांचल और पश्चिम के कुछ जिलों में भी बारिश के आसार बनते दिख रहे हैं।

राजस्थान में भारी बारिश की चेतावनी
राजस्थान में भी बारिश का सिलसिला थमने का नाम नहीं ले रहा है और कई जिलों में बाढ़ जैसे हालात हो गए हैं। मौसम विभाग (IMD) ने कोटा समेत कई जिलों में आज तेज बारिश को लेकर अलर्ट जारी किया है। IMD ने कोटा के अलावा उदयपुर, बाड़मेर, जैसलमेर, बारां, सिरोही, पाली, जालोर और आस-पास के जिलों में भारी बारिश को लेकर चेतावनी दी है। इसके अलावा राजसमंद, नागौर और जोधपुर में बारिश की संभावना है।

दिल्ली में बादल छाए रहेंगे, हल्की बारिश की संभावना
मौसम विज्ञान विभाग (IMD) के अनुसार, बुधवार को दिल्ली के आसमान में आमतौर पर बादल छाए रहेंगे और अधिकतम व न्यूनतम तापमान 34 और 27 डिग्री सेल्सियस के आसपास रहने की संभावना है। कुछ स्थानों पर हल्की बारिश की संभावना भी है।

झारखंड में बारिश के साथ वज्रपात की भी चेतावनी
झारखंड के कई इलाकों में आज यानी 24 अगस्त को भारी बारिश हो सकती है और मौसम विभाग ने बारिश के अलावा वज्रपात को लेकर चेतावनी जारी की है। अगले 24 घंटे में कहीं पर हल्की से तेज बारिश हो सकती है। मौसम विभाग ने रांची के अलावा खूंटी जिले में अगले कुछ घंटों में बादल गरजने और वज्रपात के साथ बारिश होने की संभावना जताई है।

बिहार के इन जिलों में हल्‍की बारिश की संभावना
मौसम विभाग ने बिहार के कैमूर और रोहतास जिले में बारिश को लेकर येलो अलर्ट जारी किया है। मौसम विभाग के अनुसार यहां हल्की बारिश होने की संभावना है। इसके साथ ही आईएमडी ने वज्रपात को लेकर भी चेतावनी दी है।

ओडिशा के इन जिलों में भारी बारिश की चेतावनी
मौसम विभाग के मुताबिक बुधवार को ओडिशा के बालासोर, भद्रक, जाजपुर, केंद्रपाड़ा, कटक, जगतसिंहपुर, क्योंझर और मयूरभंज जिलों में एक या दो स्थानों पर भारी से बहुत भारी बारिश होने का अनुमान जताया है।

हिमाचल प्रदेश में आंधी और भारी वर्षा का अलर्ट
हिमाचल प्रदेश में बुधवार से फिर गति पकड़ेगा मानसून। लाहुल-स्पीति, किन्नौर व ऊना को छोड़ बाकी नौ जिलों में आंधी, बिजली गिरने और भारी वर्षा की चेतावनी जारी की गई है। इसके कारण सार्वजनिक सेवाएं, बिजली, पानी और यातायात के बाधित होने की आशंका जताई गई है।

जम्मू-कश्मीर में हल्की से मध्यम वर्षा के आसार
जम्मू कश्मीर में उमस से बेहाल लोगों के लिए मौसम विज्ञान केंद्र से मिली जानकारी राहत भरी है। अगले दो दिन तक कई स्थानों पर हल्की से मध्यम वर्षा के आसार हैं। वर्षा के बाद उमस से हल्की राहत मिलेगी।

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चिरबाटिया में फटा बादल, ऋषिकेश गंगोत्री हाईवे बंद...

 टिहरी (छत्तीसगढ़ दर्पण)। उत्तराखंड में टिहरी जिले के चिरबाटिया के ऊपर बादल फटने की सूचना मिली है। जिससे मूलगढ़-थार्ती मार्ग थार्ती के पास बंद हो गया है। बताया जा रहा है कि मूलगढ़ क्षेत्र के ऊपर बादल फटा है। वहीं नरेन्द्रनगर के समीप मलबा और बोल्डर आने से ऋषिकेश गंगोत्री हाईवे फिर से यातायात के लिए बंद हो गया है। बादल फटने से जनहानि नहीं हुई है, लेकिन खेतों को भारी नुकसान पहुंचा है। जिला आपदा प्रबंधन अधिकारी बृजेश भट्ट ने बादल फटने की पुष्टि की है।

बुधवार सुबह 7 बजे चिरबाटिया के ऊपर बादल फटने की सूचना मिली है। जिससे मूलगढ़-थार्ती मार्ग थार्ती के पास बंद हो गया है। बताया जा रहा है कि मूलगढ़ क्षेत्र के ऊपर बादल फटा है, जिससे  कृषि भूमि को बहुत नुकसान पहुंचा है। वहीं नरेन्द्रनगर के समीप मलबा और बोल्डर आने से ऋषिकेश गंगोत्री हाईवे फिर से यातायात के लिए बंद हो गया है। चार दिन बाद बीती रात को ही हाईवे यातायात के लिए खुल पाया था।

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उच्चतम न्यायालय ने शिवसेना, एकनाथ शिंदे द्वारा दायर याचिकाओं को संविधान पीठ को भेजा

 नई दिल्ली (छत्तीसगढ़ दर्पण)। उच्चतम न्यायालय ने मंगलवार को शिवसेना और महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे की उन याचिकाओं को पांच सदस्यीय संविधान पीठ को भेज दिया जिनमें दलबदल, विलय और अयोग्यता से जुड़े कई संवैधानिक सवाल उठाए गए हैं। प्रधान न्यायाधीश एन. वी. रमण की अध्यक्षता वाली पीठ ने बृहस्पतिवार को संविधान पीठ के समक्ष याचिकाओं को सूचीबद्ध करने का आदेश दिया और निर्वाचन आयोग को शिंदे गुट की उस याचिका पर कोई आदेश पारित नहीं करने का निर्देश दिया जिसमें शिंदे गुट ने कहा था कि उसे असली शिवसेना माना जाए और पार्टी का चुनाव चिन्ह दिया जाए।

न्यायमूर्ति कृष्ण मुरारी और न्यायमूर्ति हिमा कोहली की पीठ ने कहा, मामले को बृहस्पतिवार को संविधान पीठ के समक्ष सूचीबद्ध करें और पीठ शुरुआत में निर्वाचन आयोग की कार्यवाही से संबंधित चुनाव चिन्ह के संबंध में फैसला करेगी। पीठ महाराष्ट्र में हाल के राजनीतिक संकट से संबंधित लंबित मामलों की सुनवाई कर रही थी, जिसके कारण राज्य में शिवसेना के नेतृत्व वाली महा विकास आघाड़ी (एमवीए) सरकार गिर गई थी।

 
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कांग्रेस ने भारत जोड़ो यात्रा के लोगो, टैगलाइन और वेबसाइट का विमोचन किया

 नई दिल्ली (छत्तीसगढ़ दर्पण)। कांग्रेस ने सात सितंबर से प्रस्तावित अपनी भारत जोड़ो यात्रा से संबंधित लोगो, टैगलाइन, वेबसाइट और पुस्तिका का विमोचन किया और कहा कि देश में आर्थिक विषमताओं, सामाजिक ध्रुवीकरण एवं राजनीतिक विभाजन के मद्देनजर यह यात्रा देश के लिए आवश्यक है। पार्टी ने यह भी कहा कि इस यात्रा के जरिये बड़े पैमाने पर जनसंपर्क अभियान चलाया जाएगा।

पार्टी के वरिष्ठ नेता दिग्विजय सिंह और महासचिव जयराम रमेश ने इस यात्रा के लोगो, पुस्तिका और वेबसाइट का विमोचन किया। इस यात्रा के लिए टैगलाइन मिले कदम, जुड़े वतन होगी। दिग्विजय सिंह ने संवाददाताओं से कहा, इस देश में नफरत का माहौल बना हुआ है, व्यवस्था भारतीय संविधान के विपरीत काम कर रही है, महंगाई-बेरोजगारी बढ़ती जा रही है, आर्थिक-सामाजिक दूरियां बढ़ती जा रही हैं, धार्मिक उन्माद फैलाया जा रहा है, नफरत फैलाई जा रही है, एक-दूसरे की आस्था पर प्रश्नचिन्ह लगाया जा रहा है; ऐसे माहौल में भारत जोड़ो यात्रा देश के लिए आवश्यक है।

उन्होंने कहा, यह यात्रा देशहित में है। हम इस यात्रा को दलगत नहीं बनाना चाहते हैं। सिंह ने बताया, 100 पदयात्री होंगे जो शुरू से आखिर तक चलेंगे। वो भारत यात्री होंगे। जिन प्रदेशों से यह यात्रा नहीं गुजर रही है उसके 100-100 लोग इसमें शामिल होंगे, ये लोग अतिथि यात्री होंगे। जिन प्रदेशों से यात्रा गुजरेगी उनसे 100-100 यात्री शामिल होंगे। ये प्रदेश यात्री होंगे। एक समय इसमें 300 पदयात्री शामिल रहेंगे।

उन्होंने एक सवाल के जवाब में कहा, राहुल गांधी देश के बड़े नेता हैं और यात्रा में भारत यात्री होंगे। कांग्रेस नेता ने कहा, देश में इतने बड़े पैमाने पर न कोई पदयात्रा हुई है न कोई जनसंपर्क अभियान हुआ है। हमें इस बात पर गर्व है कि जिस कांग्रेस ने जन आंदोलन से देश को आजाद कराया, वह अब सामाजिक समरसता को दोबारा वापस लाने और जनता को मुखर करने के लिए यात्रा निकालने जा रही है।

जयराम रमेश ने कहा, हमारे देश में आर्थिक चुनौतियां हैं, विषमताएं बढ़ती जा रही हैं, एक तरीके से राजनीतिक विभाजन हो रहा है। इसलिए भारत को जोड़ना है। कांग्रेस की यह यात्रा तमिलनाडु के कन्याकुमारी से सात सितंबर को आरंभ होगी और इसके तहत 12 राज्यों तथा दो केंद्रशासित प्रदेशों से होते हुए 3500 किलोमीटर की दूरी तय होगी। यात्रा के पूरा होने में 150 दिनों का समय लगेगा।

कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष राहुल गांधी ने पार्टी की प्रस्तावित इस भारत जोड़ो यात्रा के संदर्भ में सोमवार को सिविल सोसायटी के कई प्रमुख लोगों के साथ बैठक की और कहा कि यह यात्रा उनके लिए तपस्या की तरह है तथा भारत को एकजुट करने की लंबी लड़ाई के लिए वह तैयार हैं। बैठक के बाद सिविल सोसायटी के प्रतिनिधियों ने घोषणा की कि वे देश को जोड़ने के इस अभियान से जुड़ेंगे और आने वाले दिनों में इसके समर्थन में अपील भी जारी करेंगे।

 
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टिकटॉक स्टार और भाजपा नेत्री सोनाली फोगाट का निधन

 पणजी (छत्तीसगढ़ दर्पण)। टिकटॉक स्टार और भाजपा नेत्री  सोनाली फोगाट की गोवा में हार्ट अटैक से मौत हो गई है। उनके भाई वतन ढाका ने मौत की खबर की पुष्टि की है। उनकी एक बेटी है। वहीं सोनाली फोगाट की मौत की सूचना पर उनका परिवार भूथन से गोवा के लिए रवाना हो गया है।

2016 में सोनाली के पति संजय फोगाट भी फार्म हाउस में मृत मिले थे। फतेहाबाद के भूत्थन खुर्द में ढाका परिवार की बेटी सोनाली 22 से 25 तक अपने पूर्व निर्धारित गोवा टूर पर थी। वे अपने टिकटॉक वीडियो से चर्चा में रहती थीं।

सोनाली ने अपने करियर की शुरुआत साल 2006 में एंकरिंग से की थी। वह हिसार दूरदर्शन के लिए एंकरिंग करती थीं। दो साल बाद 2008 में उन्होंने भाजपा की सदस्यता ले ली। 2019 में भाजपा की टिकट पर आदमपुर से विधानसभा का चुनाव लड़ा था। सोनाली पंजाबी और हरियाणवी फिल्में, म्यूजिक वीडियोज कर चुकी थी। उन्होंने साल 2019 में फिल्म छोरियां छोरों से कम नहीं होती में काम किया था। यह उनकी पहली फिल्म थी। बिग बॉस के दौरान उन्होंने खुलासा किया था कि उनके पति के निधन के बाद बहुत से लोगों ने उनका मानसिक उत्पीड़न करने की कोशिश की थी। उस समय वे काफी अकेली पड़ गई थीं।

सोनाली किसान आंदोलन के दौरान अपने बयानों को लेकर काफी चर्चा में रही थीं। उन्होंने किसान आंदोलन पर कहा कि कृषि कानून किसानों के फायदे के लिए हैं। किसानों को बरगलाया गया है। केंद्र सरकार को चाहिए कि खुले दिल से इन पर चर्चा करे ताकि किसान इन कानूनों का महत्व समझ सकें। पिछले साल एक अधिकारी को चप्पल मारते हुए उनका वीडियो वायरल हुआ था, जिससे वह चर्चा में आईं। वहीं एक गांव में संबोधन के दौरान भी विवादित टिप्पणी के कारण वह चर्चा में रही थीं।

पिछले दिनों वे आदमपुर के पूर्व विधायक कुलदीप बिश्नोई के भाजपा में शामिल होने पर काफी नाराज दिखी थीं। उन्होंने कहा था मैं हूं हरियाणा की जाट, नाम है सोनाली फोगाट, कर दूंगी सबकी खड़ी खाट और आगे-आगे देखिए सोनाली फोगाट के ठाठ।

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विवादित टिप्पणी के चलते भाजपा विधायक टी राजा गिरफ्तार

 हैदराबाद (छत्तीसगढ़ दर्पण)। तेलंगाना के भाजपा विधायक टी राजा को गिरफ्तार कर लिया गया है। उन पर पैगंबर मोहम्मद पर कथित टिप्पणी करने का आरोप है। सोशल मीडिया पर उनके द्वारा की गई टिप्पणी के बाद हैदराबाद में देर रात कई जगह विरोध प्रदर्शन हुआ। इसके बाद टी राजा के खिलाफ पुलिस ने कई धाराओं में मामला दर्ज किया था।  

डीसीपी पी साई चैतन्य ने बताया, बड़ी संख्या में लोगों ने बीती रात साउथ जोन डीसीपी कार्यालय में विरोध प्रदर्शन किया था। लोगों का कहना था कि भाजपा विधायक ने एक समुदाय की धार्मिक भावनाओं को आहत किया है। इसके बाद उनके खिलाफ आईपीसी की कई धाराओं में मामला दर्ज किया गया था।

भाजपा विधायक टी राजा सिंह ने हाल ही में सोशल मीडिया पर एक वीडियो अपलोड किया था। इस वीडियो को लेकर उन्होंने पैगंबर मोहम्मद को लेकर कथित तौर पर टिप्पणी की थी। उनका यह पोस्ट वायरल हो गया और देखते ही देखते देर रात में दबीरपुरा, भवानी नगर, मिचौक, रेनबाजार में लोग पुलिस स्टेशनों में पहुंच गए ओर प्रदर्शन करने लगे।

 

यह पूरा विवाद छह मिनट तैंतीस सेकंड के वीडियो से जुड़ा है, जिसे भाजपा विधायक टी राजा ने खुद शूट करवाया था। इसमें उन्होंने विवादों में रहने वाले कॉमेडियन मुनव्वर फारुकी को निशाना बनाते हुए टिप्पणियां कीं। उन्होंने कहा, ''एक कॉमेडियन है जो थर्ड क्लास कॉमेडी करता है और हिंदुओं, भाजपा के बड़े अधिकारियों को टारगेट करता है। भगवान रामचंद्र और सीता मैया के बारे में अपशब्द कहता है...।''

 

आरोप है कि इस वीडियो में उन्होंने अपमानजनक टिप्पणियां भी कीं। बाद में वे वीडियो में कह रहे हैं, ''जो जिस भाषा में सुनेगा, उसे टी राजा सिंह उसी भाषा में जवाब देगा। मेरा ऐसा कोई उद्देश्य नहीं था, लेकिन इसकी वजह है कि एक व्यक्ति ने मेरे राम और मेरी सीता माता के बारे में अपशब्द कहे और हमारे भगवानों पर कॉमेडी की। इसलिए आज मजबूरन मुझे भी ये कॉमेडी करनी पड़ रही है। ...विचार करें।''

गिरफ्तारी से पहले भाजपा विधायक टी राजा ने अपने बयान पर सफाई भी दी है। उन्होंने कहा है कि हर एक्शन का रिएक्शन होता है। मेरे खिलाफ केस दर्ज क्यों किया गया। क्या हमारे राम, राम नहीं हैं। माता-सीता हमारी मां नहीं है। अगर है तो एकतरफा कार्रवाई क्यों?

 



इससे पहले टी राजा सिंह ने कॉमेडियन मुनव्वर फारुकी को भी कथित तौर पर धमकी दी थी। उन्होंने उनके शो को भी रद्द करने की मांग की थी। शुक्रवार को जब टी राजा मुनव्वर फारूकी के कार्यक्रम स्थल पर पहुंचने की कोशिश कर रहे थे तो पुलिस ने उन्हें एहतियातन हिरासत में ले लिया गया था।

 

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नौसेना में शामिल होगा स्वेदेशी विमानवाहक पोत 'विक्रांत', पीएम मोदी 2 सितंबर को सौंपेंगे

 कोच्चि (छत्तीसगढ़ दर्पण)। बहुत जल्द भारतीय नौसेना में स्वेदेशी विमानवाहक पोत 'विक्रांत' शामिल होने वाला है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी 2 सितंबर को इसे नौसेना को सौपेंगे। प्रधानमंत्री कोचीन शिपयार्ड लिमिटेड (सीएसएल) के अंदर एक विशेष व्यवस्थित जगह पर भारतीय नौसेना में आधिकारिक तौर पर पोत को शामिल करेंगे, जिसने 20000 करोड़ रुपये में युद्धपोत का निर्माण किया है। पिछले महीने समुद्री परीक्षण के चौथे और अंतिम चरण को सफलतापूर्वक पूरा करने के बाद भारतीय नौसेना ने 28 जुलाई को सीएसएल से पोत की डिलीवरी ली थी। आधिकारिक सूत्रों ने यह जानकारी दी।

विमान वाहक पोत के लिए लड़ाकू विमानों को लाया गया है। यह मिग-29के लड़ाकू विमान, कामोव-31 हेलीकॉप्टर और एमएच-60आर बहुउद्देश्यीय हेलीकॉप्टर का संचालन करने के लिए तैयार है। 'विक्रांत' की आपूर्ति के साथ भारत उन चुनिंदा देशों के समूह में शामिल हो गया है, जिनके पास स्वदेशी रूप से विमानवाहक पोत के डिजाइन और निर्माण की क्षमता है। भारतीय नौसेना के इन-हाउस डायरेक्टरेट ऑफ नेवल डिजाइन (DND) द्वारा डिजाइन किया गए और सीएसएल द्वारा निर्मित इस पोत का नाम उसके शानदार पूर्ववर्ती भारत के पहले एयरक्राफ्ट कैरियर के नाम पर रखा गया है, जिसने 1971 के भारत-पाक युद्ध में अहम भूमिका निभाई थी।

इसमें 2300 से अधिक कंपार्टमेंट हैं, जिन्हें लगभग 1700 लोगों के दल के लिए डिजाइन किया गया है। इसमें महिला अधिकारियों को समायोजित करने के लिए विशेष केबिन भी शामिल हैं। विक्रांत की शीर्ष गति लगभग 28 समुद्री मील है। आईएसी 262 मीटर लंबा, 62 मीटर चौड़ा और 59 मीटर ऊंचा है। इसका निर्माण 2009 में शुरू हुआ था। आईएसी का फ्लाइट डेक दो फुटबॉल मैदानों के बराबर है और इस बड़े जहाज के गलियारों से पर पैदल चला जाए तो आठ किलोमीटर की दूरी तय होगी। आईएसी के आठ बिजली जनरेटर कोच्चि शहर को रोशन करने के लिए पर्याप्त हैं और युद्धपोत में सभी सुविधाओं के साथ एक अत्याधुनिक अस्पताल परिसर भी है।

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पीएम मोदी का पंजाब-हरियाणा दौरा 24 को, इन कार्यक्रमों में होंगे शामिल...

 नई दिल्ली (छत्तीसगढ़ दर्पण)। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी 24 अगस्त को हरियाणा और पंजाब का दौरा करेंगे। दो दिनों के दौरान प्रधानमंत्री दो महत्वपूर्ण स्वास्थ्य सुविधाओं का उद्घाटन/लोकार्पण करेंगे। प्रधानमंत्री लगभग 11 बजे दिन में हरियाणा के फरीदाबाद में अमृता अस्पताल का उद्घाटन करेंगे। उसके बाद प्रधानमंत्री मोहाली जायेंगे और वहां मुल्लानपुर, न्यू चंडीगढ़, साहिबज़ादा अजीत सिंह नगर जिला (मोहाली) में लगभग 02:15 बजे ‘होमी भाभा कैंसर अस्पताल एवं अनुसंधान केंद्र’ का लोकार्पण करेंगे।

हरियाणा में प्रधानमंत्री मोदी द्वारा फरीदाबाद में अमृता अस्पताल के उद्घाटन के साथ ही राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र में आधुनिक चिकित्सा अवसंरचना उपलब्ध हो जायेगी। इस अस्पताल का प्रबंधन माता अमृतानन्दमयी मठ द्वारा किया जायेगा। यह सुपर स्पेशियलिटी अस्पताल 2600 बिस्तरों का है। अस्पताल की निर्माण लागत अनुमानतः 6000 करोड़ रुपये है और यहां फरीदाबाद तथा पूरे राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र के लोगों को उत्कृष्ट स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध होंगी।

 
 



प्रधानमंत्री पंजाब और पड़ोसी राज्यों तथा केंद्र शासित प्रदेशों के निवासियों को विश्वस्तरीय कैंसर सुविधा व उपचार उपलब्ध कराने वाले मुल्लानपुर, न्यू चंडीगढ़, साहिबज़ादा अजीत सिंह नगर जिला (मोहाली) स्थित ‘होमी भाभा कैंसर अस्पताल एवं अनुसंधान केंद्र’ का लोकार्पण करेंगे। इस अस्पताल को 660 करोड़ रुपये की लागत से टाटा मेमोरियल सेंटर ने निर्मित किया है, जो भारत सरकार के परमाणु ऊर्जा विभाग के तहत सहायता-प्राप्त संस्थान है।

 
 



यह कैंसर अस्पताल तृतीयक स्तर का अस्पताल है, जिसकी 300 बिस्तरों की क्षमता है। अस्पताल कैंसर के सभी प्रकारों के उपचार के लिये हर आधुनिक सुविधाओं से लैस है। यहां सर्जरी, रेडियोथेरेपी और मेडिकल ऑन्कोलॉजी– कीमोथेरेपी, इम्यूनोथेरेपी और बोन मैरो ट्रांसप्लांट की सुविधा उपलब्ध होगी।

 
 



यह अस्पताल पूरे क्षेत्र में कैंसर सुविधा और उपचार के लिये “केंद्र” के रूप में और संगरूर में 100 बिस्तरों वाला अस्पताल इसकी “शाखा” के रूप में कार्य करेगा।

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राज्य सरकार के साथ मिलकर नक्सल समस्या को समाप्त करने केंद्र कटिबद्ध : अमित शाह

 भोपाल (छत्तीसगढ़ दर्पण)। केन्द्रीय गृह एवं सहकारिता मंत्री अमित शाह ने 22 अगस्त को भोपाल में मध्‍य क्षेत्रीय परिषद की 23वीं बैठक की अध्यक्षता की। बैठक में मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान और उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी शामिल हुए जबकि उत्‍तर प्रदेश के मुख्‍यमंत्री योगी आदित्‍यनाथ और छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री भूपेश बघेल वर्चुअल माध्‍यम से बैठक में शामिल हुए। बैठक में सदस्य राज्यों के वरिष्ठ मं‍त्री, केंद्रीय गृह सचिव, अंतर्राज्य परिषद सचिवालय की सचिव, सदस्य राज्यों के मुख्य सचिव और राज्य सरकारों तथा केंद्रीय मंत्रालयों एवं विभागों के वरिष्ठ अधिकारी भी उपस्थित थे।

अपने सम्बोधन में केन्द्रीय गृह मंत्री ने कहा कि मध्‍य परिषद में शा‍मिल मध्‍य प्रदेश, उत्‍तर प्रदेश, उत्‍तराखण्‍ड़ और छत्‍तीसगढ़ राज्‍य अपनी भौगोलिक स्थिति, जीडीपी में योगदान और देश के विकास के लिए महत्‍वपूर्ण है। पहले इन चारों राज्‍यों को बीमारू राज्‍य माना जाता था, लेकिन अब ये सभी राज्‍य इससे बाहर निकलकर विकास के मार्ग पर अग्रसर हैं। उन्‍होंने कहा कि मध्‍य क्षेत्रीय परिषद राज्‍य देश में अनाज उत्‍पादन का प्रमुख केन्‍द्र हैं और परिषद में शामिल चारों राज्‍यों ने प्रधानमंत्री नरेन्‍द्र मोदी के टीम इंडिया के कॉंसेप्‍ट को जमीन पर उतारा हैं।

अमित शाह ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने हमेशा सहकारी संघवाद की भावना को मजबूत करने का काम किया है। नरेन्‍द्र मोदी ने प्रधानमंत्री बनने के बाद पिछले 8 साल में पूरे देश में टीम इंडिया की अवधारणा को सामने रख इसे चरितार्थ किया है। नरेन्‍द्र मोदी के प्रधानमंत्री बनने के बाद क्षेत्रीय परिषद की बैठकों की संख्‍या में हुई बढोत्‍तरी के आंकडे देते हुए शाह ने बताया कि 1957 से 2013 की तुलना में 2014 से अब तक क्षेत्रीय परिषद की बैठकों की फ़्रीक्वेंसी में तीन गुना वृद्धि हुई है। उन्‍होने कहा कि कोविड के बावजूद बैठको की संख्‍या में बढोत्‍तरी प्रधानमंत्री के टीम इंडिया के कॉसेप्‍ट को उद्घोषित करती हैं। अमित शाह ने यह भी कहा कि 2019 के बाद क्षेत्रीय परिषद की बैठकों में मुद्दों को हल करने में 27 प्रतिशत की बढोत्‍तरी हुई है जो एक बहुत बडी उपलब्धि है।

केन्‍द्रीय गृह मंत्री ने कहा कि हालांकि क्षेत्रीय परिषद की बैठकों की भूमिका सलाहकारी होती है, लेकिन गृह मंत्री के तौर पर तीन साल के अनुभव के आधार पर मैं कह सकता हूं कि परिषद और इसकी स्‍थायी समि‍ति की बैठकों को महत्‍व देकर हमने अनेक मुद्दों को हल करने में महत्‍वपूर्ण भूमिका निभायी है। मध्‍य क्षेत्रीय परिषद की पिछली बैठक में 30 मुद्दो पर चर्चा हुई थी, जिसमें से 26 मुद्दों को हल कर लिया गया है, जबकि 17 जनवरी, 2022 को हुई स्‍थायी समिति की 14वीं बैठक में 54 में से 36 मुद्दो को पहले ही हल कर लिया गया। आज की बैठक में कुल 18 मुद्दों पर चर्चा हुई जिनमें से 15 का समाधान निकाल लिया गया, उन्‍होने कहा कियह एक बहुत बड़ी उपलब्धि है। शाह ने कहा कि परिषद की बैठकों की गति बढने के साथ ही राज्‍यों के बीच गुड प्रैक्टिसेस का आदान-प्रदान हो रहा है। इससे अन्‍य राज्‍यों को प्रेरणा तो मिलती ही है साथ ही केन्‍द्र व राज्‍यों के बीच बेहतर और स्‍वस्‍थ संबंध बनते हैं, राज्‍यों के बीच अनेक मुद्दों का संवाद के जरिए हल होता है और राज्‍यों के बीच परस्पर सहयोग की भावना भी मजबूत होती है।

केन्‍द्रीय गृह मंत्री ने कहा कि देश में प्रधानमंत्री नरेन्‍द्र मोदी के नेतृत्‍व में सरकार बनने के बाद मध्‍य क्षेत्रीय परिषद में शामिल नक्‍सल प्रभावित क्षेत्रों में नक्‍सलवाद की समस्‍या से सख्‍ती से निपटने के साथ-साथ इन क्षेत्रों मे विकास के लिए अनेक महत्‍वपूर्ण कदम उठाये गए है। उन्‍होंने कहा कि इसके अच्‍छे परिणाम निकले है जब 2009 में वामपंथी उग्रवादी हिंसा (Left Wing Extremism) चरम पर था तब वामपंथी उग्रवादी हिंसक घटनाओं की संख्‍या 2258 थी जो 2021 में घटकर 509 हो गई। उन्‍होने कहा कि 2019 से वामपंथी उग्रवाद की घटनाओं में बहुत तेजी से कमी आई है। 2009 में वामपंथी उग्रवादी हिंसा में 1005 लोगों की मृत्‍यु हुई थी जबकि 2021 में 147 लोगों की जान गई। शाह ने कहा कि इस दौरान पुलिस थानों पर वामपंथी उग्रवादी हिंसा में भी कमी आई है, 2009 में ऐसी 96 घटनाएं हुई थी जोकि 2021 में कम होकर 46 हो गई। उन्‍होने कहा कि केन्‍द्र सरकार वामपंथी उग्रवाद प्रभावित क्षेत्रों में सुरक्षा बलो को और मजबूत करने और गैप्‍स कम कर रही है इसी के अंतर्गत पिछले तीन साल में 40 नए सुरक्षा कैम्‍प खोले गए हैं तथा 15 और खोले जाने है। गृह मंत्री ने कहा कि हालांकि यह एक बहुत बडी उपलब्धि है लेकिन भारत सरकार राज्‍यो के साथ मिलकर वामपंथी उग्रवाद की समस्‍या को शत प्रतिशत समाप्‍त करने के लिए कटिबद्ध है।

 

 

अमित शाह ने कहा कि सरकार द्वारा वामपंथी उग्रवाद प्रभावित क्षेत्रों में पिछले 3 सालों में पोस्टल बैंकिंग सुविधा के साथ करीब पॉंच हजार पोस्‍ट ऑफिस और 1200 से अधिक बैंक शाखायें खोले जा रहे हैं। साथ ही दूरसंचार सेवाओं को गति देने के लिए पहले चरण में 2300 से अधिक मोबाईल टॉवर और दूसरे चरण में 2500 मोबाईल टॉवर लगाये जा रहे हैं। गृह मंत्री ने यह भी कहा कि वामपंथी उग्रवाद प्रभावित क्षेत्रों में राज्‍य सरकारों की भी कई विकास योजनांए है और राज्‍यों को इन्‍हे प्राथमिकता देते हुए इन योजनाओं का शत प्रतिशत परिणाम का लक्ष्‍य रखना चाहिए। उन्‍होने कहा कि वामपंथी उग्रवाद प्रभावित क्षेत्रों में जितना अधिक विकास होगा वामपंथी उग्रवादियों में भर्ती उतनी ही कम होगी और उनके धन इकठ्ठा करने के स्‍त्रोत भी समाप्‍त हो जायेंगे। केन्‍द्रीय गृह मंत्री ने वामपंथी उग्रवाद प्रभावित राज्‍यों से अनुरोध करते हुए इस समस्‍या से निपटने के लिए और अधिक ध्‍यान केन्द्रित करने को कहा ताकि इस समस्‍या को जड़ से समाप्‍त किया जा सके। साथ ही उन्होंने कहा कि हर राज्य में फ़ोरेंसिक साइंस लॉ कॉलेज खोलने चाहिएं और छोटे क़स्बों और ग्रामीण क्षेत्रों में स्थानीय भाषाओं में विभिन्न माध्यमों से साइबर सुरक्षा संबंधी जागरूकता अभियान चलाए जाने चाहिए।

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लुकआउट सर्कुलर के बाद भड़के केजरीवाल, कहा : सुबह उठकर CBI-ED का खेल शुरू कर देते हैं...

 नई दिल्ली (छत्तीसगढ़ दर्पण)। आबकारी नीति घोटाला मामले में दिल्ली में उपमुख्यमंत्री मनीष सिसोदिया के खिलाफ सीबीआई की कार्रवाई और लुकआउट सर्कुलर जारी होने के बाद मुख्यमंत्री अरविन्द केजरीवाल ने केंद्र को आड़े हाथ लिया है। उन्होंने ट्वीट करते हुए कहा कि सभी राज्य सरकारों के साथ मिलकर बेरोजगारी और महंगाई से लड़ना की बजाय केंद्र रोज सुबह उठकर CBI ED का खेल शुरू कर देते हैं। ऐसे देश कैसे तरक्की करेगा?

 

दिल्ली में आबकारी नीति पर सियासत गरमाई हुई है। मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने केंद्र सरकार पर जमकर हमला बोलते हुए कहा कि ऐसे समय जब आम इंसान महंगाई से जूझ रहा है, करोड़ों की संख्या में युवा बेरोजगार हैं, केंद्र सरकार को सभी राज्य सरकारों के साथ मिलकर बेरोजगारी और महंगाई से लड़ना चाहिए। उसकी बजाय ये पूरे देश से लड़ रहे हैं। रोज सुबह उठकर CBI ED का खेल शुरू कर देते हैं। ऐसे देश कैसे तरक्की करेगा?

ज्ञातव्य है कि केंद्र ने दिल्ली आबकारी नीति घोटाले के मामले में उपमुख्यमंत्री मनीष सिसोदिया के देश छोड़ने पर रोक लगा दी गई है। सीबीआई ने मनीष सिसोदिया के खिलाफ लुक आउट सर्कुलर नोटिस जारी किया है। सीबीआई ने दिल्ली आबकारी नीति घोटाले में नामजद दिल्ली के उपमुख्यमंत्री मनीष सिसोदिया समेत सभी आरोपियों के खिलाफ लुक आउट सर्कुलर (एलओसी) जारी किया। इन सभी के देश छोड़ने पर रोक लगा दी गई है। वहीं उपमुख्यमंत्री मनीष सिसोदिया ने नोटिस पर ट्वीट करते हुए कहा कि आपकी सारी रेड फैल हो गई, कुछ नहीं मिला, एक पैसे की हेरा फेरी नहीं मिली, अब आपने लुक आउट नोटिस जारी किया है कि मनीष सिसोदिया मिल नहीं रहा। ये क्या नौटंकी है मोदी जी?, मैं खुलेआम दिल्ली में घूम रहा हूं, बताइए कहां आना है? आपको मैं मिल नहीं रहा?
 
दिल्ली के उप मुख्यमंत्री मनीष सिसोदिया ने कहा कि यह दुर्भाग्यपूर्ण है कि पीएम सोचते रहते हैं कि आज किसके खिलाफ सीबीआई का 'लुक आउट सर्कुलर' जारी किया जाए। आज देश को ऐसे नेता की तलाश है जो महंगाई, बेरोजगारी का समाधान दे सके। जनता उन्हें 2024 में 'लुक आउट नोटिस' देगी।

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विदेश मंत्री डॉ. एस. जयशंकर की लैटिन अमरीकी देशों की यात्रा शुरू

 नई दिल्ली (छत्तीसगढ़ दर्पण)। विदेश मंत्री डॉक्टर एस. जयशंकर ने लैटिन अमरीकी देशों की यात्रा की शुरूआत आज ब्राजील में साओ पाउलो में भारतीय समुदाय के साथ मुलाकात से की। उन्होंने भारत की स्वतंत्रता के 75 वर्ष पूरे होने के उपलक्ष्य में उनके साथ देश की प्रगति और आकांक्षायें साझा कीं।

डॉक्टर एस. जयशंकर ने कहा कि भारत और ब्राजील के संबंध सद्भावना और बढ़ते सहयोग पर आधारित हैं। उन्होंने दोनों देशों के बीच सेतु के रूप में काम करने के लिए भारतवंशियों के प्रति आभार व्यक्त किया।

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जाति व्यवस्था को पूरी तरह से खत्म करने की नीति जरूरी : मीरा कुमार

 नई दिल्ली (छत्तीसगढ़ दर्पण)। राजस्थान में कथित रूप से पानी का मटका छूने को लेकर एक शिक्षक की पिटाई के बाद एक दलित छात्र की मौत को लेकर जारी आक्रोश के बीच कांग्रेस की वरिष्ठ नेता मीरा कुमार ने रविवार को जाति प्रथा को एक बीमारी करार दिया। उन्होंने जाति प्रथा को पूरी तरह से खत्म करने और पूर्वाग्रह के खिलाफ ‘कतई बर्दाश्त नहीं करने’ की नीति अपनाने पर जोर दिया।

पूर्व केंद्रीय मंत्री ने यह भी कहा कि जाति आधारित अत्याचार की घटनाओं को लेकर इस बात में नहीं उलझना चाहिए कि यह किसके शासन में हुई या कौन-सा राजनीतिक दल इसके लिए जिम्मेदार है, क्योंकि इससे मुख्य मुद्दे से ध्यान भटकता है कि जाति व्यवस्था समाप्त की जानी चाहिए। पूर्व लोकसभा अध्यक्ष ने कहा कि पिछले कुछ वर्षों में जाति प्रथा न तो कमजोर हुई है और न ही समाप्त हुई है।

मीरा कुमार की यह टिप्पणी 20 जुलाई को राजस्थान के जालौर जिले के एक स्कूल में कथित रूप से पानी का मटके छूने को लेकर एक शिक्षक द्वारा दलित छात्र इंद्र कुमार (9) की पिटाई किए जाने के कुछ दिनों बाद आई है। अगस्त की शुरुआत में अहमदाबाद के एक अस्पताल में इलाज के दौरान छात्र की मौत हो गई थी। आरोपी शिक्षक छैल सिंह को गिरफ्तार कर लिया गया है।

राजस्थान में सत्तारूढ़ कांग्रेस दलित छात्र की मौत को लेकर आलोचनाओं का सामना कर रही है। यह पूछे जाने पर कि क्या दलितों पर अत्याचार रोकने के मामले में कांग्रेस सरकार की तरफ से कोई कमी है, मीरा कुमार ने कहा, मुझसे हर कोई इस बारे में पूछता है। ऐसा नहीं है कि मैं किसी का बचाव कर रही हूं या किसी पर आरोप लगा रही हूं। मैं सिर्फ इतना कहना चाहती हूं कि हां, राजनीतिक वर्ग कुछ हद तक जिम्मेदार है, लेकिन यह मुद्दा सामाजिक है और राजनीति समाज का प्रतिबिंब है।

उन्होंने कहा, यह कहना कि शासन विशेष या पार्टी विशेष इसके लिए जिम्मेदार है और यह इस राज्य में हुआ है, ये आंकड़े हैं, अन्य राज्यों में आंकड़े अलग हैं, क्योंकि वहां अलग पार्टी की हुकूमत है, हमें वास्तव में इस सब में नहीं पड़ना चाहिए, क्योंकि इससे मुख्य मुद्दे से ध्यान भटकता है।

 

 

 

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कल्‍याण सिंह ने सुशासन की जो पुख्ता नींव डाली, वह समग्र विकास का आधार बनी: योगी आदित्‍यनाथ

 लखनऊ (छत्तीसगढ़ दर्पण)। उत्तर प्रदेश के मुख्‍यमंत्री योगी आदित्‍यनाथ ने पूर्व मुख्यमंत्री दिवंगत कल्याण सिंह को रविवार को श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए कहा कि उन्होंने सुशासन की जो पुख्ता नींव रखी थी, वह आज उत्तर प्रदेश के समग्र विकास का आधार बन गई है। मुख्यमंत्री आदित्यनाथ ने पूर्व मुख्यमंत्री सिंह की पहली पुण्यतिथि पर यहां कल्‍याण सिंह सुपर स्पेशलिटी कैंसर इंस्टीट्यूट सीजी सिटी में उनकी प्रतिमा का अनावरण और ऑपरेशन थियेटर ब्लॉक का लोकार्पण करने के बाद आयोजित समारोह को संबोधित करते हुए कहा, सुशासन की बात आती है तो आजादी के बाद की पहली ऐसी सरकार जो हम सबकी स्मृतियों में है और जिसने जो कहा, सो करके दिखाया, वह श्रद्धेय बाबूजी कल्याण सिंह की ही सरकार है। उनकी सरकार ने 1991 में प्रदेश में समाज के प्रत्येक तबके के हितों की रक्षा करने के साथ अपनी सांस्कृतिक और धार्मिक धरोहर को अक्षुण्ण बनाये रखने के लिए कार्य किया।

मुख्यमंत्री ने कल्याण सिंह की सरकार के दौर का जिक्र करते हुए कहा, यह वह कालखंड था, जब उत्तर प्रदेश बदलाव के दौर से गुजर रहा था। पूर्ववर्ती सरकार की नीतियों के कारण प्रदेश में जगह-जगह दंगे हो रहे थे और प्रदेश में आतंकवाद की सुगबुगाहट हो रही थी, उस समय कल्‍याण सिंह ने प्रदेश की बागडोर संभाली थी।

 

योगी ने कहा कि उनका (कल्याण सिंह) कार्यकाल सीमित था, लेकिन उतने समय में ही उन्‍होंने सुशासन की जो पुख्ता नींव रखी थी, आज वह प्रदेश के समग्र विकास का आधार बन गई है। उन्‍होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में आज उत्तर प्रदेश देश की सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था बनने की ओर अग्रसर है और लोगों को यह मानना है कि सुशासन की नींव को आधार देने में 1991 में बाबूजी के नेतृत्व की सरकार की जो कार्यपद्धति थी, वह कहीं न कहीं निर्णायक साबित हुई है।

 

मुख्यमंत्री ने कहा, यह हमारी सरकार का सौभाग्य है कि कैंसर संस्थान का नामकरण बाबूजी के नाम पर किया गया और यह प्रदेश का पहला कैंसर संस्थान है। इसमें इस समय 734 बिस्तर हैं और इन्हें बढ़ाकर 1,200 बिस्तर का किया जा सकता है। उन्‍होंने कहा कि अत्याधुनिक सुविधायुक्त उत्तर प्रदेश का यह संस्थान बाबूजी के नाम के अनुरूप प्रदेश का कल्याण करेगा।

उन्होंने कहा कि यहां कैंसर के उपचार की सुविधा प्रारंभ हो चुकी है और टाटा कैंसर इंस्टीट्यूट से बातचीत को आगे बढ़ाया गया है, ताकि उसी की तर्ज पर इस कैंसर संस्थान को विकसित किया जा सके। योगी ने कहा कि बुलंदशहर मेडिकल कॉलेज का नाम बाबूजी के नाम पर रखने की कार्रवाई प्रारंभ की गई है और वहां भी एक भव्य प्रतिमा स्थापित की जाएगी।

 

इस समारोह में उप मुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य एवं ब्रजेश पाठक तथा भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) की प्रदेश इकाई के अध्यक्ष एवं जल शक्ति मंत्री स्‍वतंत्र देव सिंह, स्‍वास्‍थ्‍य राज्‍य मंत्री मयंकेश्वर शरण सिंह, केंद्रीय मंत्री कौशल किशोर एवं बी एल वर्मा समेत कई प्रमुख नेताओं ने भी कल्‍याण सिंह को श्रद्धांजलि अर्पित की।

उल्लेखनीय है कि 1991 और 1997 में उत्तर प्रदेश के दो बार मुख्यमंत्री बने और राजस्थान के राज्यपाल रह चुके कल्‍याण सिंह का 21 अगस्त, 2021 को निधन हो गया था। कल्‍याण सिंह के पुत्र और सांसद राजवीर सिंह ने जय श्री राम के नारों के उद्घोष के साथ कहा कि बाबूजी की आज प्रथम पुण्यतिथि है और मुख्यमंत्री ने बाबूजी की प्रतिमा का अनावरण कर प्रदेश को बड़ा तोहफा दिया है।

 

भाजपा नेता ने कहा, यह मेरे लिए सौभाग्य की बात है कि मैं कल्‍याण सिंह का बेटा हूं, जिन्होंने इस देश, प्रदेश के लिए संघर्ष किया और राम जन्मभूमि की जितनी जिम्मेदारियां हैं, अपने ऊपर ओढ़ लीं, मैं ऐसे पिता का बेटा हूं। उन्‍होंने कहा, बाबूजी ने कहा था कि राम मंदिर के लिए सौ-सौ सरकारें कुर्बान करने को तैयार हूं, लेकिन (राम भक्तों पर) गोली नहीं चलवाऊंगा, नहीं चलवाऊंगा।

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लोगों का न्यायपालिका पर से भरोसा उठा तो लोकतंत्र को खतरा : रमणा

 नई दिल्ली (छत्तीसगढ़ दर्पण)। प्रधान न्यायाधीश एनवी रमणा ने कहा कि अगर लोगों का न्यायापालिका पर से विश्वास उठ गया तो लोकतंत्र का अस्तित्व ही दांव पर लग जाएगा। इसलिए यह सुनिश्चित करना जरूरी है कि लोगों का न्यायपालिका पर भरोसा बना रहे, उनका भरोसा टूटे नहीं। जस्टिस रमणा अगले हफ्ते प्रधान न्यायाधीश के पद से सेवानिवृत होने वाले हैं। उन्होंने कहा कि अगर लोगों को न्यायापालिका से भरोसा टूट जाता है और न्यायपालिका ध्वस्त हो जाती है तो लोकतंत्र का बना रहना भी मुश्किल हो जाएगा।

जस्टिस रमणा विजयवाड़ा कोर्ट परिसर का उद्घाटन करने के बाद सभा को संबोधित कर रहे थे। इस मौके पर आंध्र प्रदेश के मुख्यमंत्री वाईएस जगन मोहन रेड्डी, आंध्र प्रदेश हाई कोर्ट के मुख्य न्यायाधीश प्रशांत कुमार मिश्र और हाई कोर्ट एवं अन्य अदालतों के जज उपस्थित थे। उन्होंने कहा कि सीजेआइ के रूप में अपने कार्यकाल के दौरान उन्होंने जजों की नियुक्ति पर ध्यान दिया। उनके कार्यकाल में हाई कोर्ट में 250 से अधिक न्यायाधीशों की नियुक्ति हुई। इस दौरान सुप्रीम कोर्ट में 12 और विभिन्न हाई कोर्ट में 15 मुख्य न्यायाधीश नियुक्त किए गए।

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बिम्सटेक के महासचिव अगले सप्ताह भारत आएंगे

 नई दिल्ली (छत्तीसगढ़ दर्पण)। सात देशों के समूह बिम्सटेक के महासचिव तेनजिन लेकफेल बिम्सटेक के सहकारी एजेंडे को आगे ले जाने के रास्ते तलाशने के लिए सोमवार से भारत की चार दिवसीय यात्रा करेंगे। भारत क्षेत्रीय सहयोग के लिए बिम्सटेक को एक जीवंत मंच बनाने के समन्वित प्रयास कर रहा है, क्योंकि दक्षिण एशियाई क्षेत्रीय सहयोग संघ (दक्षेस) के तहत उठाए गए कदम विभिन्न कारणों से आगे नहीं बढ़ रहे हैं।

भारत के अलावा बिम्सटेक (बंगाल की खाड़ी बहु-क्षेत्रीय तकनीकी और आर्थिक सहयोग पहल) में श्रीलंका, बांग्लादेश, म्यांमा, थाइलैंड, नेपाल और भूटान शामिल हैं। श्रीलंका में 30 मार्च को हुए पांचवें बिम्सटेक शिखर सम्मेलन में सदस्य देशों के नेताओं ने समूह को क्षेत्रीय सहयोग के लिए जीवंत मंच बनाने के वास्ते एक चार्टर और संपर्क की रूपरेखा अपनाई थी। इस चार्टर का मकसद बिम्सटेक को व्यापक क्षेत्रीय संगठन में बदलना है।

विदेश मंत्रालय ने एक बयान में कहा, तेनजिन लेकफेल भारत के वरिष्ठ अधिकारियों के साथ चर्चा करेंगे कि बिम्सटेक संगठन और सदस्यों देशों के बीच सहयोग को उसके नेताओं के आदेश के अनुसार आगे कैसे ले जाया जाए। मंत्रालय ने कहा, भारत बिम्सटेक मंच पर सुरक्षा सहयोग स्तंभ का नेतृत्व करता है, जिसमें आपदा प्रबंधन, समुद्री सहयोग और ऊर्जा सहयोग भी शामिल है। ये सभी क्षेत्र में एसडीजी (सतत विकास लक्ष्य) हासिल करने के लिए अहम हैं।

 
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रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने इंडियन नेशनल आर्मी के योद्धा मेजर ईश्वर लाल सिंह को श्रद्धांजलि अर्पित की

 नई दिल्ली (छत्तीसगढ़ दर्पण)। रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने नई दिल्ली में आयोजित स्मृति सभा में इंडियन नेशनल आर्मी के योद्धा मेजर ईश्वर लाल सिंह को श्रद्धांजलि अर्पित की। रक्षामंत्री ने उनके अस्थि कलश पर फूल चढ़ाये। श्री राजनाथ सिंह ने लगभग तीन वर्ष पहले मेजर ईश्वरलाल सिंह के साथ सिंगापुर में हुई मुलाकात का स्मरण किया। रक्षा मंत्री ने कहा कि इंडियन नेशलन आर्मी के सैनिकों और उनका नेतृत्व करने वाले नेताजी सुभाष चंद्र बोस के बलिदान को देश हमेशा याद रखेगा।

श्री सिंह ने कहा कि नेताजी मूल्यों और आदर्शों के प्रतिमान थे और उन्होंने स्वतंत्रता के मूल्य पर कभी समझौता नहीं किया। रक्षा मंत्री ने महात्मा गांधी के प्रति नेताजी की अगाध श्रद्धा का भी उल्लेख किया। सिंगापुर निवासी मेजर ईश्वर लाल सिंह ने नेताजी सुभाष चंद्र बोस के नेतृत्व में इंडियन नेशनल आर्मी में अपनी सेवाएं दी थीं। 92 वर्षीय मेजर सिंह का पांच अगस्त को निधन हो गया था। 

 

 

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सशस्‍त्र बल न्‍यायाधिकरण अदालतों में बढ रहे मुकदमों के निपटारे की प्रक्रिया तेज करेगा: राजनाथ सिंह

 नई दिल्ली (छत्तीसगढ़ दर्पण)। रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने कहा है कि सशस्‍त्र बल न्‍यायाधिकरण अदालतों में निरंतर बढ रहे मुकदमों के निपटारे की प्रक्रिया तेज करेगा। आज नई दिल्‍ली में आत्‍मनिरीक्षण: सशस्‍त्र बल न्‍यायाधिकरण  पर राष्‍ट्रीय सेमिनार में श्री सिंह ने कहा कि मुकदमों के निपटारे में काफी समय लगता है। इस सेमिनार का आयोजन सशस्‍त्र बल न्‍यायाधिकरण बार एसोसिएशन की प्रधान शाखा ने किया है।

श्री सिंह ने इस बात की सराहना की कि सशस्‍त्र बल न्‍यायाधिकरण आजादी का अम़ृत महोत्‍सव के दौरान महत्‍वपूर्ण मुद्दों पर आत्‍मनिरीक्षण कर रहा है। उन्‍होंने कहा कि क्षेत्र विशेष के लिए न्‍यायाधिकरण बनाने की कल्‍पना की जा रही है और ये विशिष्‍ट न्‍यायाधिकरण मुकदमों का निपटारा तेजी से करेंगे।

 
 
 

श्री सिंह ने कहा कि न्‍यायपालिका लोकतंत्र का सशक्‍त स्‍तंभ है लेकिन इस न्‍यायपालिका की आधारशिला पर कम चर्चा की जाती है। उन्‍होंने कहा कि न्‍यायपालिका की आधारशिला वकील समुदाय है जिस पर जीवन के सभी क्षेत्रों के लोग विश्‍वास करते हैं। इस अवसर पर कानून मंत्री किरेन रिजिजू भी उपस्थित थे।

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राष्ट्रपति-प्रधानमंत्री ने देशवासियों को दी कृष्ण जन्माष्टमी की बधाई

 नई दिल्ली (छत्तीसगढ़ दर्पण)। कृष्ण जन्माष्टमी के अवसर पर देश के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भी सभी देशवासियों को शुभकामनाएं दी। उन्होंने ट्वीट कर कहा कि, 'सभी देशवासियों को जन्माष्टमी के पावन-पुनीत अवसर पर हार्दिक शुभकामनाएं। भक्ति और उल्लास का यह उत्सव हर किसी के जीवन में सुख, समृद्धि और सौभाग्य लेकर आए। जय श्रीकृष्ण!'

सभी देशवासियों को जन्माष्टमी के पावन-पुनीत अवसर पर हार्दिक शुभकामनाएं। भक्ति और उल्लास का यह उत्सव हर किसी के जीवन में सुख, समृद्धि और सौभाग्य लेकर आए। जय श्रीकृष्ण!

देश की राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु ने भी कृष्ण जन्माष्टमी के अवसर पर देश वासियों को बधाई दी। उन्होंने ट्वीट कर कहा, 'जन्‍माष्‍टमी के शुभ अवसर पर सभी देशवासियों को हार्दिक शुभकामनाएं। भगवान कृष्‍ण की जीवन लीला से लोक-कल्‍याण हेतु निष्काम कर्म करने की शिक्षा मिलती है। मेरी कामना है कि यह पावन पर्व हम सभी को मन, वचन और कर्म से सबके हित को प्राथमिकता देने की प्रेरणा प्रदान करे।'

जन्‍माष्‍टमी के शुभ अवसर पर सभी देशवासियों को हार्दिक शुभकामनाएं। भगवान कृष्‍ण की जीवन लीला से लोक-कल्‍याण हेतु निष्काम कर्म करने की शिक्षा मिलती है। मेरी कामना है कि यह पावन पर्व हम सभी को मन, वचन और कर्म से सबके हित को प्राथमिकता देने की प्रेरणा प्रदान करे।

उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने भी कृष्ण जन्माष्टमी के अवसर पर देशवासियों को बधाई दी। उन्होंने ट्वीट कर कहा, 'श्रीकृष्ण जन्माष्टमी' की सभी प्रदेश वासियों एवं श्रद्धालुओं को हार्दिक बधाई व शुभकामनाएं।

धर्म स्थापना, लोक-संरक्षण, शांति व सामूहिकता के प्रति अखिल विश्व-चेतना का पथ-प्रदर्शित करने वाले, यशोदानंदन, भुवन मोहन कन्हैया चराचर जगत का कल्याण करें, यही कामना है।

श्रीकृष्ण जन्माष्टमी' की सभी प्रदेश वासियों एवं श्रद्धालुओं को हार्दिक बधाई व शुभकामनाएं। धर्म स्थापना, लोक-संरक्षण, शांति व सामूहिकता के प्रति अखिल विश्व-चेतना का पथ-प्रदर्शित करने वाले, यशोदानंदन, भुवन मोहन कन्हैया चराचर जगत का कल्याण करें, यही कामना है।

केंद्रीय मंत्री अनुराग ठाकुर ने भी कृष्ण जन्माष्टमी के पर्व पर देशवासियों को बधाई दी। उन्होंने ट्वीट कर लिखा,
देवकीसुतं गोविन्दम् वासुदेव जगत्पते।
देहि मे तनयं कृष्ण त्वामहं शरणं गत:।।
कृष्ण जन्माष्टमी की हार्दिक शुभकामनाएं। नंदगोपाल की कृपादृष्टि आप सभी पर बनी रहे।

रात दो बजे तक अष्टमी उसके बाद नवमी तिथि
बता दें कि 19 अगस्त की रात्रि दो बजे तक अष्टमी एवं उसके बाद नवमी तिथि लग जाएगी। इसीलिए जन्माष्टमी के भव्य आयोजन की तैयारी शुक्रवार को की गई है।

गुरुवार को बाजारों में राधा-कृष्ण की झांकी और पंडाल सजाने के काम आने वाले सजावटी सामानों एवं खिलौनों की खूब बिक्री हुई। वहीं, कई स्थानों पर मूर्तिकारों ने राधा-कृष्ण की मूर्तियों को आकर्षक रूप दे दिया है। मूर्तियों को सिर्फ पंडालों में स्थापित किया जाना बाकी है।
देश भर में जन्माष्टमी की धूम

भगवान श्रीकृष्ण का जन्मोत्सव आज पूरे देश में धूमधाम से मनाया जा रहा है। मथुरा और वृंदावन के मंदिरों की छटा देखते ही बन रही है। मंदिरों में सुबह से ही श्रद्धालुओं का तांता लगा हुआ है। राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु और प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने देशवासियों को जन्माष्टमी की बधाई दी है। उत्तर प्रदेश के सीएम योगी आदित्यनाथ आज मथुरा में श्रीकृष्ण जन्मोत्सव के समारोह में शामिल होंगे।

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